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Rampur News: कोसी-रामगंगा की धार में बह गई सरकारी दावों की पुलिया, 15 पशुओं की मौत
Tue, 29 Sep 2026 01:53 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रामपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, रामपुर
Updated Tue, 29 Sep 2026 01:53 AM IST
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पटवाई (रामपुर)। तीन दिन से लगातार बारिश से कोसी व रामगंगा नदी के उफान के बाद सरकारी तैयारियों की पोल खुल गई है। कोसी और रामगंगा नदियों के तेज बहाव में सोमवार को गांव भैया नगला में प्रशासन के दावों की पुलिया बह गई है। हादसे के दौरान पुलिया से गुजर रहे 15 पशु भी पानी की तेज धार में बह गए, जिससे उनकी मौत हो गई।
हादसे ने बाढ़ नियंत्रण और आपदा प्रबंधन के सरकारी इंतजामों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय ग्रामीणों में प्रशासन की लापरवाही को लेकर भारी आक्रोश है। सूचना पर पुलिस, प्रशासन व पशु चिकित्सकों की टीम पहुंची। नौ पशुओं के शव निकालकर पोस्टमार्टम कराया गया है।
क्षेत्र के भैया नगला गांव में पूर्व में आई बाढ़ से पुलिया बह गई थी, जहां प्रशासन की ओर से राहत के लिए नाव चलाई। इन दिनों लगातार हो रही तीन दिन बारिश से रामगंगा और कोसी नदी का जलस्तर बढ़ गया है। दोनों नदियों का पानी जौलपुर भैयानगला की ओर जाने वाले मार्ग पर बनी टूटी पुलिया पर पानी का बहाव तेज हो गया है। पुलिया से पहले दलपुरा गांव के लोग अपने पशुओं को पुलिया पार खलिहानों पर चारा खिलाने के लिए ले जा रहे थे। जब पशु एक साथ टूटी पुलिया पर पहुंचे तो पुलिया पूरी तरह बैठ गई और कुछ पशु टूटी हुई पुलिया में फंसकर मर गए और कुछ पशु का बहने के बाद कुछ सुराग नहीं लगा। वहां मौजूद लोगों और प्रशासन की टीम ने नाव से बहे हुए पशुओं की काफी तलाश की, लेकिन किसी का कोई पता नहीं लगा। प्रशासन की टीम और गांव के लोगों ने चार बैल, दो गाय, दो भैंस व एक कटड़ा कुल नौ पशुओं के शव मौके से निकाल लिए हैं। अन्य की तलाश की जा रही है। पशुओं के मालिकों के मुताबिक उनके 15 पशु मारे गए हैं, जिसमें नौ बरामद हुए हैं। करीब दस लाख से अधिक का नुकसान बताया है।
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सूचना के बाद मौके पर सदर तहसीलदार श्रद्धा गुप्ता, पटवाई पुलिस और चिकित्सकों ने मौके पर पहुंच कर जानवरों के मालिकों से जानकारी ली है। पटवाई थाना उप निरीक्षक दिनेश यादव ने बताया कि सूचना के बाद मौके पर पहुंचे थे। मरे हुए नौ जानवरों को बरामद किया गया है और अन्य की बहने की सूचना है। मौके पर चिकित्सकों और प्रशासन की टीम जांच कर रही है।
वर्जन
मौके पर तेज बहाव होने के कारण संभवत: पशु बह गए हैं, सूचना मिलने पर तत्काल ही मौके पर तहसीलदार (सदर) श्रद्धा गुप्ता की अगुवाई में टीम गई थी, मौके पर नौ पशुओं के शव मिल गए हैं, जबकि गांव के पशुओं की संख्या अधिक बता रहे हैं, इस कारण अभी पशुओं की तलाश की जा रही है। -रत्निका श्रीवास्तव, एसडीएम (सदर) रामपुर
क्या बोले जानवर मालिक-
अपनी तीन भैंसों को टूटी हुई भैया नगला पुलिया पार जंगलों में चारा चराने ले जा रहे थे। पानी के तेज बहाव में तीनों भैंस बह कर मर गई। - बाबू दलपुरा
अपने दो बैलों को पुलिया पार अपने जंगलों में चराने ले जा रहे थे। भैया नगला पर टूटी हुई पुलिया पर तेज बहाव में दोनों बैल बह गए और उनकी मौत हो गई। - साहबजादे दलपुरा
अपनी दो भैंसें पुलिया पार अपने जंगल में चराने ले जा रहे थे। टूटी हुई पुलिया पर चल रहे पानी के तेज-बहाव में दोनों भैंस बह गई और मौत हो गई। -नासिर दलपुरा
अपनी दो भैंस, एक गाय और एक पटिया को पुलिया पार जंगलों में चराने ले जा रहे थे। चारों पानी के तेज बहाव में आकर बह गए, जिस कारण चारों की मौत हो गई। -जाने आलम दलपुरा
अपनी एक गाय, एक बैल और दो भैंसों को पुलिया पार जंगलों में चराने ले जा रहे थे। टूटी हुई पुलिया पर चल रहे पानी के तेज बहाव में चारों बह गए, जिस कारण उनकी मौत हो गई। - उमर अली दलपुरा
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हादसे ने बाढ़ नियंत्रण और आपदा प्रबंधन के सरकारी इंतजामों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय ग्रामीणों में प्रशासन की लापरवाही को लेकर भारी आक्रोश है। सूचना पर पुलिस, प्रशासन व पशु चिकित्सकों की टीम पहुंची। नौ पशुओं के शव निकालकर पोस्टमार्टम कराया गया है।
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क्षेत्र के भैया नगला गांव में पूर्व में आई बाढ़ से पुलिया बह गई थी, जहां प्रशासन की ओर से राहत के लिए नाव चलाई। इन दिनों लगातार हो रही तीन दिन बारिश से रामगंगा और कोसी नदी का जलस्तर बढ़ गया है। दोनों नदियों का पानी जौलपुर भैयानगला की ओर जाने वाले मार्ग पर बनी टूटी पुलिया पर पानी का बहाव तेज हो गया है। पुलिया से पहले दलपुरा गांव के लोग अपने पशुओं को पुलिया पार खलिहानों पर चारा खिलाने के लिए ले जा रहे थे। जब पशु एक साथ टूटी पुलिया पर पहुंचे तो पुलिया पूरी तरह बैठ गई और कुछ पशु टूटी हुई पुलिया में फंसकर मर गए और कुछ पशु का बहने के बाद कुछ सुराग नहीं लगा। वहां मौजूद लोगों और प्रशासन की टीम ने नाव से बहे हुए पशुओं की काफी तलाश की, लेकिन किसी का कोई पता नहीं लगा। प्रशासन की टीम और गांव के लोगों ने चार बैल, दो गाय, दो भैंस व एक कटड़ा कुल नौ पशुओं के शव मौके से निकाल लिए हैं। अन्य की तलाश की जा रही है। पशुओं के मालिकों के मुताबिक उनके 15 पशु मारे गए हैं, जिसमें नौ बरामद हुए हैं। करीब दस लाख से अधिक का नुकसान बताया है।
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सूचना के बाद मौके पर सदर तहसीलदार श्रद्धा गुप्ता, पटवाई पुलिस और चिकित्सकों ने मौके पर पहुंच कर जानवरों के मालिकों से जानकारी ली है। पटवाई थाना उप निरीक्षक दिनेश यादव ने बताया कि सूचना के बाद मौके पर पहुंचे थे। मरे हुए नौ जानवरों को बरामद किया गया है और अन्य की बहने की सूचना है। मौके पर चिकित्सकों और प्रशासन की टीम जांच कर रही है।
वर्जन
मौके पर तेज बहाव होने के कारण संभवत: पशु बह गए हैं, सूचना मिलने पर तत्काल ही मौके पर तहसीलदार (सदर) श्रद्धा गुप्ता की अगुवाई में टीम गई थी, मौके पर नौ पशुओं के शव मिल गए हैं, जबकि गांव के पशुओं की संख्या अधिक बता रहे हैं, इस कारण अभी पशुओं की तलाश की जा रही है। -रत्निका श्रीवास्तव, एसडीएम (सदर) रामपुर
क्या बोले जानवर मालिक-
अपनी तीन भैंसों को टूटी हुई भैया नगला पुलिया पार जंगलों में चारा चराने ले जा रहे थे। पानी के तेज बहाव में तीनों भैंस बह कर मर गई। - बाबू दलपुरा
अपने दो बैलों को पुलिया पार अपने जंगलों में चराने ले जा रहे थे। भैया नगला पर टूटी हुई पुलिया पर तेज बहाव में दोनों बैल बह गए और उनकी मौत हो गई। - साहबजादे दलपुरा
अपनी दो भैंसें पुलिया पार अपने जंगल में चराने ले जा रहे थे। टूटी हुई पुलिया पर चल रहे पानी के तेज-बहाव में दोनों भैंस बह गई और मौत हो गई। -नासिर दलपुरा
अपनी दो भैंस, एक गाय और एक पटिया को पुलिया पार जंगलों में चराने ले जा रहे थे। चारों पानी के तेज बहाव में आकर बह गए, जिस कारण चारों की मौत हो गई। -जाने आलम दलपुरा
अपनी एक गाय, एक बैल और दो भैंसों को पुलिया पार जंगलों में चराने ले जा रहे थे। टूटी हुई पुलिया पर चल रहे पानी के तेज बहाव में चारों बह गए, जिस कारण उनकी मौत हो गई। - उमर अली दलपुरा