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सत्ता का संग्राम: बिलासपुर में कौन होगा अगला विधायक? जनता ने कृषि-विकास और महिला सुरक्षा के मुद्दों गिनाए

Wed, 02 Sep 2026 07:25 PM IST
अनुज कुमार अमर उजाला नेटवर्क, रामपुर
अमर उजाला नेटवर्क, रामपुर Published by: अनुज कुमार Updated Wed, 02 Sep 2026 07:25 PM IST
सार

Satta Ka Sangram: अमर उजाला की टीम 2027 के यूपी विधानसभा चुनाव से पहले बिलासपुर विधानसभा पहुंची। 'सत्ता का संग्राम' अभियान के तहत टीम ने मतदाताओं का रुख जाना। उन्होंने किसानों, महिलाओं, ग्रामीणों और युवाओं से स्थानीय मुद्दों पर सवाल किए। आगामी चुनाव की खास बातों पर भी चर्चा की गई। इस दौरान किसानों ने 2027 में अपने विधायक और राज्य मंत्री के चुनाव को लेकर अपना मन भी बताया। देखें जनता की रिपोर्ट...

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Satta Ka Sangram Scrutinizing real issues in Bilaspur Assembly constituency ahead of upcoming up election
बिलासपुर विधानसभा में सत्ता का संग्राम - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। इसी क्रम में अमर उजाला की टीम 'सत्ता का संग्राम' अभियान के तहत रामपुर जिले की बिलासपुर विधानसभा क्षेत्र पहुंची। टीम ने जनता का मूड और चुनावी प्राथमिकताएं जानने के लिए किसान, महिला, ग्रामीणों और युवाओं से बातचीत की। लोगों ने कृषि, विकास, स्वास्थ्य, महिला सुरक्षा, स्थानीय मुद्दों पर खुलकर बातचीत की। उन्होंने मौजूदा विधायक और सरकार के कामकाज के साथ आगामी चुनाव से अपनी उम्मीदें भी साझा कीं। यहां की जनता ने अपना फैसला भी बताया कि इस बार यहां से कौन विधायक होगा। 

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बिलासपुर की जनता बिजली, सड़कें जैसे आम मुद्दों पर भी खुलकर बोली
अमर उजाला की टीम ने रामपुर की बिलासपुर विधानसभा क्षेत्र का दौरा किया गया। यहां स्थानीय लोगों से विकास और प्रमुख मुद्दों पर बातचीत की। निवासियों ने क्षेत्र में हुए बदलावों और आगे की आवश्यकताओं पर अपने विचार साझा किए। स्थानीय लोगों ने कृषि राज्य मंत्री बलदेव सिंह ओलक के विकास कार्यों की सराहना की। नरेंद्र सिंह ने बताया कि पहले सड़कों की समस्या थी, लेकिन अब अच्छा जुड़ाव है। सुनील गुप्ता ने बस अड्डे के निर्माण और मुशरफगंज में आदर्श गौशाला के मार्ग में सुधार का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि बिलासपुर में बिजली, सड़कें और पुल जैसे बुनियादी ढांचे में कोई कमी नहीं है। हामिद अली ने शिक्षा, सुरक्षा, सड़क और चिकित्सा क्षेत्रों में सुधार को स्वीकार किया। विवेक अग्रवाल ने विधायक की सक्रियता और कानून व्यवस्था में सुधार की बात कही। बलविंदर सिंह ने जाम की समस्या के समाधान के लिए बाईपास को एक बड़ा तोहफा बताया। भाखड़ नदी पर स्वचालित गेट वाला बांध बनने से किसानों को पानी और बाढ़ की समस्या से राहत मिली है। मंत्री बलदेव सिंह ओलक को बिलासपुर का 'विकास पुरुष' बताया गया। वह नियमित रूप से जनसुनवाई के लिए शिविर लगाते हैं। सरकारी अस्पतालों में दवाइयों की उपलब्धता बेहतर हुई है। ग्रामीण इलाकों में भी नई सड़कें बनी हैं। कानून व्यवस्था में सुधार से व्यापारी खुद को सुरक्षित महसूस करते हैं।
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बिलासपुर में किसानों के क्या हैं मुद्दे?
क्षेत्र के किसानों ने खाद की उपलब्धता और जल प्रबंधन पर संतोष व्यक्त किया है। हालांकि, छोटे किसानों को दस्तावेज संबंधी समस्याओं के कारण खाद प्राप्त करने में दिक्कतें आ रही हैं। किसानों का कहना है कि सरकार द्वारा लागू किए गए नियम सही हैं और अधिकांश को खाद मिल रही है। निरंजन सिंह नामक किसान ने बताया कि खाद की बुकिंग होने पर वह मिल जाती है। पढ़े-लिखे और जागरूक किसानों को कागजी कार्रवाई में कोई परेशानी नहीं होती। उन्हें समय पर खाद मिल रही है। हालांकि, छोटे किसानों को फार्म रजिस्ट्री पूरी न होने या रकवा सही से न जुड़ पाने के कारण पूरी खाद नहीं मिल पाती। खाद पर कोई सब्सिडी नहीं मिलती, बल्कि यह 250 से 300 रुपये के नियंत्रित दर पर उपलब्ध है। किसानों ने पानी की उपलब्धता को भी संतोषजनक बताया, क्योंकि नहरें और नालियां सही बनी हुई हैं। एक अन्य किसान साहब सिंह ने भी खाद और बिजली की पर्याप्त आपूर्ति पर खुशी जताई।



बिलासपुर में महिला सुरक्षा की क्या है स्थिति?, अन्य मुद्दों पर भी खुलकर बोले लोग
अमर उजाला के चुनावी कार्यक्रम 'सत्ता के संग्राम' के तहत बिलासपुर विधानसभा क्षेत्र का दौरा किया गया। यहां महिलाओं और पुरुषों सहित स्थानीय निवासियों से उनके मुद्दों पर बातचीत हुई। लोगों ने क्षेत्र में हुए विकास कार्यों और भविष्य की आवश्यकताओं पर अपने विचार साझा किए। महिला सुरक्षा को लेकर भी बातचीत की। कल्पना और गंगा मेहता ने आवास और सड़कों जैसे विकास कार्यों को सराहा। उन्होंने कहा कि पहले से माहौल बेहतर हुआ है और महिलाएं अधिक सुरक्षित महसूस करती हैं। हालांकि, राशन और गैस की बढ़ती कीमतें उनके लिए एक बड़ी परेशानी हैं। श्यामल मिर्धा ने बताया कि प्राथमिक चिकित्सा केंद्रों में अब पर्याप्त दवाइयां और चिकित्सक उपलब्ध हैं। विधान कीर्तिनिया ने मौजूदा विधायक के कार्यों की प्रशंसा की, जिससे उन्हें 80-90 फीसदी वोट मिलने की उम्मीद है। प्रकाश मजूमदार ने भी चिकित्सा सुविधाओं और सड़क सुरक्षा में सुधार की बात कही। मानपुर ओजा क्षेत्र में सड़कों का चौड़ीकरण और पानी की टंकी जैसे कार्य हुए हैं। कुल मिलाकर, स्थानीय लोगों ने क्षेत्र में हुए विकास पर संतोष व्यक्त किया।



विकास कार्यों की सराहना, बिलासपुर में शिक्षा और चिकित्सा सेवा कैसी है?
बिलासपुर विधानसभा में स्थानीय लोगों से विकास और प्रमुख मुद्दों पर बातचीत हुई। निवासियों ने क्षेत्र में हुए बदलावों और आगे की आवश्यकताओं पर अपने विचार साझा किए। तरसे सिंह और अन्य निवासियों ने मंत्री बलदेव सिंह ओलक के कार्यों की सराहना की। उन्होंने बिलासपुर में पार्क, डैम कॉलोनी पुल और पुलिस प्रशासन को बेहतर बताया। हीरा सिंह ने सड़कों और नालियों के विकास की आवश्यकता जताई। किसानों को बिजली भरपूर मिल रही है, पर खाद की कभी-कभी परेशानी आती है। स्थानीय लोगों ने क्षेत्र में बहुत विकास होने की बात कही। कानून व्यवस्था अच्छी है, कोई लड़ाई-झगड़ा नहीं होता। सुरक्षा व्यवस्था को भी संतोषजनक बताया गया। बलदेव ओलक को 'विकास पुरुष' कहा गया, जो जनसुनवाई के लिए शिविर लगाते हैं। भाखड़ नदी पर स्वचालित गेट वाला बांध बनने से किसानों को पानी और बाढ़ की समस्या से राहत मिली है। यह बांध पानी बढ़ने पर अपने आप ऊपर उठ जाता है और कम होने पर गिर जाता है।



बिलासपुर के युवा शिक्षा, रोजगार और खेल पर खुलकर बोले
'सत्ता का संग्राम' के तहत बिलासपुर विधानसभा क्षेत्र में युवाओं से बातचीत की गई। युवाओं ने अपने विधायक चुनने के लिए प्रमुख मुद्दों और मांगों पर विचार साझा किए। उनकी मुख्य चिंताएं खेल के मैदानों, शिक्षा और चिकित्सा सुविधाओं से जुड़ी हैं। रोबिन कुमार ने बताया कि कॉलेज शुरू न होने से लड़कियों को शिक्षा के लिए बिलासपुर, रुद्रपुर या किच्छा जैसे दूर के शहरों में जाना पड़ता है। मोहम्मद वकील और मोहम्मद आसिफ रजा ने कैमरी में डिग्री कॉलेज, खासकर लड़कियों के लिए, की आवश्यकता पर जोर दिया।
अजय कुमार, किशन और मोहम्मद गुलसाद ने बेहतर सड़कों की मांग की। युवाओं ने रोजगार के मुद्दे पर भी ध्यान देने की बात कही।

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