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कोयला टोल प्लाजा पर भाकियू का अनिश्चितकालीन धरना सातवें दिन भी जारी
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भोट (रामपुर)। कृषि कानूनों के विरोध में भारतीय किसान यूनियन कार्यकर्ताओं ने कोयला टोल प्लाजा पर सातवें दिन धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान भाकियू कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी व प्रदर्शन भी किया।
तीनों कृषि कानून वापस कराने की मांग को लेकर टोल प्लाजा चल रहा किसानों का आंदोलन बुधवार को राकेश टिकैत के आने के बाद और भी तेज हो गया है। गुरुवार को टोल प्लाजा पर धरने पर बैठे कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए बिलासपुर तहसील अध्यक्ष इरफान हसन ने कहा कि केन्द्र सरकार व प्रदेश सरकार किसानों का उत्पीड़न कर रही है। गन्ने के बकाया का भुगतान चीनी मिलों ने अभी तक नहीं किया गया। कई स्थानों पर सरकारी गेहूं क्रय केंद्र नहीं खोले गए। खाद, बीज महंगा हो गया है और सरकार कह रही है कि हमें किसानों की चिंता है, जबकि सरकार किसानों के उत्पीड़न पर आमादा है। छह माह से भी अधिक समय से अपनी मांगों को लेकर दिल्ली की सीमा पर आंदोलन कर रहे हैं और देश के प्रधानमंत्री किसानों से बात करने को राजी ही नहीं है। इसलिए जब तक केन्द्र सरकार तीनों कृषि कानूनों को वापस नहीं लेगी किसानों को आंदोलन जारी रहेगा। इस दौरान मोहम्मद तालिब, गुरुसेवक सिंह, आकाशदीप सिंह, गुरदीप सिंह, प्रभुजोत सिंह, अब्दुल मुस्तफा, नवी अहमद, शफीक आदि मौजूद रहे।
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तीनों कृषि कानून वापस कराने की मांग को लेकर टोल प्लाजा चल रहा किसानों का आंदोलन बुधवार को राकेश टिकैत के आने के बाद और भी तेज हो गया है। गुरुवार को टोल प्लाजा पर धरने पर बैठे कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए बिलासपुर तहसील अध्यक्ष इरफान हसन ने कहा कि केन्द्र सरकार व प्रदेश सरकार किसानों का उत्पीड़न कर रही है। गन्ने के बकाया का भुगतान चीनी मिलों ने अभी तक नहीं किया गया। कई स्थानों पर सरकारी गेहूं क्रय केंद्र नहीं खोले गए। खाद, बीज महंगा हो गया है और सरकार कह रही है कि हमें किसानों की चिंता है, जबकि सरकार किसानों के उत्पीड़न पर आमादा है। छह माह से भी अधिक समय से अपनी मांगों को लेकर दिल्ली की सीमा पर आंदोलन कर रहे हैं और देश के प्रधानमंत्री किसानों से बात करने को राजी ही नहीं है। इसलिए जब तक केन्द्र सरकार तीनों कृषि कानूनों को वापस नहीं लेगी किसानों को आंदोलन जारी रहेगा। इस दौरान मोहम्मद तालिब, गुरुसेवक सिंह, आकाशदीप सिंह, गुरदीप सिंह, प्रभुजोत सिंह, अब्दुल मुस्तफा, नवी अहमद, शफीक आदि मौजूद रहे।
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