रामपुर। रानीखेत एक्सप्रेस से दिल्ली से रानीखेत जा रहे देवर-भाभी का नगदी व जेवर भरा बैग कोच बदलते समय उतरने के दौरान ट्रेन में ही छूट गया। बैग में साढ़े छह लाख रुपये नगद और एक लाख के जेवर थे। बैग ट्रेन में छूटने पर दोनों परेशान हो गए। उन्होंने आरपीएफ को सूचना दी। आरपीएफ ने बैग तलाश कर दोनों को सौंप दिया।
गुरुवार की रात को दिल्ली के भजनपुरा निवासी दीपा जोशी अपने देवर शेखर चंद्र जोशी के साथ रानीखेत एक्सप्रेस से दिल्ली से रानीखेत जा रही थीं। दोनों अलग-अलग कोच में सवार थे। हापुड़ में कोच बदलने के दौरान हड़बड़ाहट में शेखर चंद्र जोशी प्लेटफार्म पर गिर गए। इस बीच दीपा जोशी भी ट्रेन से नीचे उतर गईं। इस दौरान ट्रेन चल पड़ी गई और दोनों की ट्रेन छूट गई। इसके बाद दोनों ने प्लेटफार्म पर ही शोर मचाना शुरू कर दिया। शोर सुनकर मौके पर पहुंचे आरपीएफ कर्मी को घटना की जानकारी दी गई। जिस पर हापुड़ कंट्रोल रूम से सूचना मिलने पर ट्रेन में सवार आरपीएफ कर्मियों ने कोच में बैग की छानबीन शुरू कर दी। इस दौरान आरपीएफ कर्मियों को बैग मिल गया। दोनों को बैग मिलने की सूचना दे दी गई। ट्रेन आरपीएफ, रामपुर के कर्मियों की तैनाती थी। उन्होंने बैग रामपुर के आरपीएफ थाने में जमा करा दिया। शुक्रवार की सुबह दीपा जोशी व शेखर चंद्र जोशी रामपुर पहुंचे, जहां आरपीएफ कर्मियों ने औपचारिकता पूरी करने के बाद उनको उनका बैग सौंप दिया।