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महिला बंदी ने जेल में की आत्महत्या
ब्यूरो/अमर उजाला रामपुर
Updated Sun, 03 Jan 2016 11:11 PM IST
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पति को दूध में जहर देकर मौत के घाट उतारने के आरोप में जेल में बंद महिला बंदी ने शनिवार रात में जेल की बैरक में फांसी लगाकर जान दे दी। उसका शव दुपट्टे के सहारे लटका मिला। साथी बंदी ने जब महिला को फांसी पर लटके देखा तो हड़कंप मच गया। आनन-फानन में शव को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेजा गया।
आत्महत्या के पीछे वजह स्पष्ट नहीं हुई है। अफसरों का कहना है कि महिला मानसिक रूप से बीमार थी। मामले की न्यायिक जांच कराने की संस्तुति की गई है। जिला कारागार की महिला बैरक में बंद भोट थाना क्षेत्र के केशो नगली गांव निवासी राम भरोसे की 22 वर्षीय बेटी गीता ने दुपट्टे के सहारे फांसी लगा ली।
फांसी लगाने की जानकारी उसी बैरक में बंद एक अन्य महिला बंदी ने जेलकर्मियों को दी। इसके बाद जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। गीता ने दुपट्टे को बैरक में लगी लोहे के गार्डर में फंसाकर फांसी लगाई थी। जेल अफसरों ने डाक्टर को तलब किया। शव को फंदे से उतारा गया।
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उसे जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मामले की जानकारी जेल प्रशासन ने रात में ही पुलिस और प्रशासनिक अफसरों को दी। सूचना के बाद सिटी मजिस्ट्रेट मदन गर्बियाल मौके पर पहुंचे और शव का पंचनामा भरवाया।
मामले की जानकारी जेल प्रशासन ने केशोनगली गांव स्थित महिला के परिवार के लोगों को दी। परिवार के लोग रविवार सुबह मौके पर पहुंचे। गीता जेल में एक साल से बंद थी। उसके खिलाफ केमरी थाने में पति को दूध में जहर देकर हत्या करने का आरोप था।
उसकी शादी चार साल पहले केमरी थाना क्षेत्र के जनुनानगर गांव निवासी कुंवरपाल के साथ हुई थी। गीता के ससुर मुकुट चंद ने उसके खिलाफ केमरी थाने में मुकदमा दर्ज कराया था।
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आत्महत्या के पीछे वजह स्पष्ट नहीं हुई है। अफसरों का कहना है कि महिला मानसिक रूप से बीमार थी। मामले की न्यायिक जांच कराने की संस्तुति की गई है। जिला कारागार की महिला बैरक में बंद भोट थाना क्षेत्र के केशो नगली गांव निवासी राम भरोसे की 22 वर्षीय बेटी गीता ने दुपट्टे के सहारे फांसी लगा ली।
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फांसी लगाने की जानकारी उसी बैरक में बंद एक अन्य महिला बंदी ने जेलकर्मियों को दी। इसके बाद जेल प्रशासन में हड़कंप मच गया। गीता ने दुपट्टे को बैरक में लगी लोहे के गार्डर में फंसाकर फांसी लगाई थी। जेल अफसरों ने डाक्टर को तलब किया। शव को फंदे से उतारा गया।
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उसे जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मामले की जानकारी जेल प्रशासन ने रात में ही पुलिस और प्रशासनिक अफसरों को दी। सूचना के बाद सिटी मजिस्ट्रेट मदन गर्बियाल मौके पर पहुंचे और शव का पंचनामा भरवाया।
मामले की जानकारी जेल प्रशासन ने केशोनगली गांव स्थित महिला के परिवार के लोगों को दी। परिवार के लोग रविवार सुबह मौके पर पहुंचे। गीता जेल में एक साल से बंद थी। उसके खिलाफ केमरी थाने में पति को दूध में जहर देकर हत्या करने का आरोप था।
उसकी शादी चार साल पहले केमरी थाना क्षेत्र के जनुनानगर गांव निवासी कुंवरपाल के साथ हुई थी। गीता के ससुर मुकुट चंद ने उसके खिलाफ केमरी थाने में मुकदमा दर्ज कराया था।