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सुप्रीम कोर्ट का आदेश बेअसर, करोड़ों के पटाखे फूंक डाले
अमर उजाला ब्यूरो/ रामपुर
Updated Fri, 09 Nov 2018 12:41 AM IST
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रामपुर में सिविल लाइंस पर दीपावली के मौके पर आतिशबाजी छोड़ते लोग। -अमर उजाला
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जिले भर में दीपावली का त्योहार धूमधाम और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। जिले में एक अनुमान के मुताबिक करीब 25 करोड़ रुपये के आसपास की आतिशबाजी की गई। कोर्ट के दो घंटे तक आतिशबाजी के आदेशों का कोई खास असर नजर नहीं आया और आधी रात तक जमकर धूमधड़ाका हुआ। वहीं लोगों ने महालक्ष्मी, गणेश जी और कुबेर जी का पूजन कर सुख-समृद्धि की कामना की।
बुधवार को जिले भर में दीपावली पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। पूरा दिन घर की सफाई और सजावट में गुजरा जिसका असर रात में झालरों से जगमग घर-मंदिर के रूप में नजर आया। सुबह के समय घर व मंदिर में पूजा की गई। इसके बाद रात में घरों में दीप प्रज्ज्वलित कर महालक्ष्मी, गणेश जी और कुबेर देव के साथ भगवान श्रीराम का पूजन किया गया। पूजन करने के बाद घरों पर झालरों के बीच मोमबत्ती और दीपों को सजाया गया।
हर घर की दीवार रोशनी की सजावट से सजी तो घर-आंगन रोशनी से सराबोर हो गए। इसके बाद शुरू हुआ आतिशबाजी का सिलसिला, जो कि करीब आधी रात तक चलता रहा। लोगों ने जमकर आतिशबाजी की ओर सोशल मीडिया पर दीपावली उत्सव मनाए जाने की तस्वीरों व वीडियो को साझा किया और बधाइयां भी दीं।
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घर में छोटों ने बड़ों के पैर छूकर आशीर्वाद लिया। मध्यमवर्गीय परिवार में औसतन पांच सौ से करीब तीन से पांच हजार तक की आतिशबाजी खरीदी गई तो वहीं कई परिवारों में पांच सौ से भी कम रूपये की आतिशबाजी ली गई लेकिन, आतिशबाजी का सगुन हर घर में किया गया। झालरों और दीपों की रोशनी में पूरा जिला जगमग रहा।
बुधवार को जिले भर में दीपावली पर्व हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। पूरा दिन घर की सफाई और सजावट में गुजरा जिसका असर रात में झालरों से जगमग घर-मंदिर के रूप में नजर आया। सुबह के समय घर व मंदिर में पूजा की गई। इसके बाद रात में घरों में दीप प्रज्ज्वलित कर महालक्ष्मी, गणेश जी और कुबेर देव के साथ भगवान श्रीराम का पूजन किया गया। पूजन करने के बाद घरों पर झालरों के बीच मोमबत्ती और दीपों को सजाया गया।
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हर घर की दीवार रोशनी की सजावट से सजी तो घर-आंगन रोशनी से सराबोर हो गए। इसके बाद शुरू हुआ आतिशबाजी का सिलसिला, जो कि करीब आधी रात तक चलता रहा। लोगों ने जमकर आतिशबाजी की ओर सोशल मीडिया पर दीपावली उत्सव मनाए जाने की तस्वीरों व वीडियो को साझा किया और बधाइयां भी दीं।
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घर में छोटों ने बड़ों के पैर छूकर आशीर्वाद लिया। मध्यमवर्गीय परिवार में औसतन पांच सौ से करीब तीन से पांच हजार तक की आतिशबाजी खरीदी गई तो वहीं कई परिवारों में पांच सौ से भी कम रूपये की आतिशबाजी ली गई लेकिन, आतिशबाजी का सगुन हर घर में किया गया। झालरों और दीपों की रोशनी में पूरा जिला जगमग रहा।