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पुरानी पेंशन बहाली को लेकर हड़ताल पर गए शिक्षक व कर्मचारी
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रामपुर। पुरानी पेंशन बहाली को लेकर शिक्षक व कर्मचारी हड़ताल पर चले गए। प्रदेश सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। कृषि भवन कार्यालय पर धरना दिया। साथ ही संकल्प लिया कि बारह फरवरी तक सभी कर्मचारी एकजुटता के साथ हड़ताल पर रहें, जिससे आंदोलन सफल हो सके।
गुरुवार को पुरानी पेंशन बहाली मंच के बैनर तले शिक्षक व कर्मचारी पुलिस अधीक्षक आवास के सामने कृषि भवन कार्यालय पर एकत्र हुए। इसके बाद सभी एक साथ नारेबाजी करते हुए धरने पर बैठ गए। प्रदेश सरकार हाय हाय के नारों की गूंज से पूरा कृषि भवन गूंज गया। इस मौके पर जिलाध्यक्ष प्रेम सिंह चौहान ने कहा कि हमने सरकार को दो माह का समय दिया था, लेकिन सरकार की ओर से कोई सकारात्मक कदम नहीं उठाया गया। लिहाजा, एक बार फिर कर्मचारी हड़ताल को लेकर मजबूर हुए हैं। कहा कि पूर्व चेतावनियों के बाद भी सरकार सुनने को तैयार नहीं हुई, जिसके बाद यह हड़ताल शुरु हुई। जिला संयोजक पवन कुमार सक्सेना ने कहा कि पुरानी पेंशन बहाली के लिए अब कर्मचारी जाग चुका है। ऐसे में अब आर पार की लड़ाई होगी। सरकार और प्रशासन चाहें कर्मचारियों पर कितना भी दवाब बना लें लेकिन कर्मचारी अपनी मांगें मनवाने के बाद ही मानेंगे। हड़ताल में जिला सह संयोजक चरन सिंह, वीके मौर्य, अरूण कुमार, डॉ. एहसान खां, डॉ. सरफराज अहमद, दिलीप यादव, अजीत श्रीवास्तव, प्रदीप, लता पाल, तरूण उपाध्याय, जगदीश पटेल, रूचि त्यागी, अलका सक्सेना, दिलशाद अली, लेखराज, प्रसन्न कुमार आदि उपस्थित रहे।
गुरुवार को पुरानी पेंशन बहाली मंच के बैनर तले शिक्षक व कर्मचारी पुलिस अधीक्षक आवास के सामने कृषि भवन कार्यालय पर एकत्र हुए। इसके बाद सभी एक साथ नारेबाजी करते हुए धरने पर बैठ गए। प्रदेश सरकार हाय हाय के नारों की गूंज से पूरा कृषि भवन गूंज गया। इस मौके पर जिलाध्यक्ष प्रेम सिंह चौहान ने कहा कि हमने सरकार को दो माह का समय दिया था, लेकिन सरकार की ओर से कोई सकारात्मक कदम नहीं उठाया गया। लिहाजा, एक बार फिर कर्मचारी हड़ताल को लेकर मजबूर हुए हैं। कहा कि पूर्व चेतावनियों के बाद भी सरकार सुनने को तैयार नहीं हुई, जिसके बाद यह हड़ताल शुरु हुई। जिला संयोजक पवन कुमार सक्सेना ने कहा कि पुरानी पेंशन बहाली के लिए अब कर्मचारी जाग चुका है। ऐसे में अब आर पार की लड़ाई होगी। सरकार और प्रशासन चाहें कर्मचारियों पर कितना भी दवाब बना लें लेकिन कर्मचारी अपनी मांगें मनवाने के बाद ही मानेंगे। हड़ताल में जिला सह संयोजक चरन सिंह, वीके मौर्य, अरूण कुमार, डॉ. एहसान खां, डॉ. सरफराज अहमद, दिलीप यादव, अजीत श्रीवास्तव, प्रदीप, लता पाल, तरूण उपाध्याय, जगदीश पटेल, रूचि त्यागी, अलका सक्सेना, दिलशाद अली, लेखराज, प्रसन्न कुमार आदि उपस्थित रहे।
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