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वकील और लेखपाल फिर हुए उग्र, नारेबाजी के साथ किया प्रदर्शन, चार दिसंबर को चले थे ईंट-गुम्मे
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संवाद न्यूज एजेंसी तिलोई (रायबरेली)। अमेठी जिले की तिलोई तहसील में मंगलवार को एक बार फिर वकीलों और लेखपालों के बीच विवाद हो गया। दोनों तरफ से नारेबाजी के साथ प्रदर्शन हुआ। अधिवक्ता तहसीलदार का स्थानांतरण किए जाने और लेखपालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे थे।
पुलिस ने किसी तरह मामला शांत कराया। चार दिसंबर को तिलोई तहसील के लेखपालों और अधिवक्ताओं के बीच विवाद हो गया था। मारपीट के साथ ईंट-गुम्मे चले थे। लेखपाल पक्ष की तरफ से अधिवक्ताओं के खिलाफ केस दर्ज किया गया था। अधिवक्ता पक्ष का आरोप था कि तहरीर देने के बाद भी लेखपालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज नहीं की गई थी। इसी के बाद से वकील खफा चल रहे थे।
मंगलवार को तहसीलदार तिलोई पवन कुमार शर्मा तहसील दिवस में आयोजित समाधान दिवस में लोगों की समस्याओं को सुन रहे थे। इतने में वकीलों का जत्था नारेबाजी करने लगा। देखते ही देखते तहसील कर्मचारी भी संगठित होकर इसका विरोध करने लगे।
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लेकिन काफी मात्रा में पुलिस लगी होने के कारण किसी प्रकार की अप्रिय घटना नहीं हुई। तिलोई अधिवक्ता संघ के मंहामंत्री धर्मेंद्र कुमार उर्फ रामू ने बताया समझौते के अनुसार तहसीलदार का स्थानांतरण और दोषी लेखपाल पर कार्रवाई नहीं की गई। हम लोग नारेबाजी कर रहे थे।
इसी बीच तिलोई लेखपाल संघ के अध्यक्ष अनूप सिह ने हम लोगों को जूते दिखाए। उधर, अध्यक्ष अनूप सिंह का कहना है कि यह आरोप गलत है। थानेदार विश्वनाथ यादव ने बताया कि वकीलों और लेखपालों के बीच हंगामा और प्रदर्शन हुआ था। मौके पर पहुंचकर सभी को शांत कराया गया।
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पुलिस ने किसी तरह मामला शांत कराया। चार दिसंबर को तिलोई तहसील के लेखपालों और अधिवक्ताओं के बीच विवाद हो गया था। मारपीट के साथ ईंट-गुम्मे चले थे। लेखपाल पक्ष की तरफ से अधिवक्ताओं के खिलाफ केस दर्ज किया गया था। अधिवक्ता पक्ष का आरोप था कि तहरीर देने के बाद भी लेखपालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज नहीं की गई थी। इसी के बाद से वकील खफा चल रहे थे।
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मंगलवार को तहसीलदार तिलोई पवन कुमार शर्मा तहसील दिवस में आयोजित समाधान दिवस में लोगों की समस्याओं को सुन रहे थे। इतने में वकीलों का जत्था नारेबाजी करने लगा। देखते ही देखते तहसील कर्मचारी भी संगठित होकर इसका विरोध करने लगे।
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लेकिन काफी मात्रा में पुलिस लगी होने के कारण किसी प्रकार की अप्रिय घटना नहीं हुई। तिलोई अधिवक्ता संघ के मंहामंत्री धर्मेंद्र कुमार उर्फ रामू ने बताया समझौते के अनुसार तहसीलदार का स्थानांतरण और दोषी लेखपाल पर कार्रवाई नहीं की गई। हम लोग नारेबाजी कर रहे थे।
इसी बीच तिलोई लेखपाल संघ के अध्यक्ष अनूप सिह ने हम लोगों को जूते दिखाए। उधर, अध्यक्ष अनूप सिंह का कहना है कि यह आरोप गलत है। थानेदार विश्वनाथ यादव ने बताया कि वकीलों और लेखपालों के बीच हंगामा और प्रदर्शन हुआ था। मौके पर पहुंचकर सभी को शांत कराया गया।