रायबरेली। जिला कारागार में बृहस्पतिवार रात बंदी की मौत हो गई। जेल प्रशासन हार्ट अटैक से मौत की बात कह रहा है, लेकिन परिजनों ने इस पर शंका जाहिर करते हुए जेल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए। कहा कि उन्हें बंदी की बीमारी की बात नहीं बताई गई। जिला अस्पताल शव पहुंचने पर मौत का पता चला। परिजनों का दावा है कि शुक्रवार को बंदी को जमानत मिलने वाली थी, लेकिन इससे पहले उसकी मौत हो गई। उन्होंने जांच की मांग की है।
ग्राम दरीबा निवासी उमाशंकर को एक माह पहले राजघाट चौकी पुलिस ने बाइक चोरी के आरोप में गिरफ्तार किया था। न्यायिक कार्रवाई के बाद उसे जिला जेल भेज दिया गया था। परिवार के लोग उसकी जमानत के लिए प्रयासरत थे। मृतक उमाशंकर के सहयोगी नीरज सोनकर ने बताया कि बृहस्पतिवार को ही जमानत हो जाती, लेकिन एक जमानतदार कम था। इस कारण जमानत नहीं हो सकी थी। शुक्रवार को जमानत मिलनी थी, लेकिन इससे पहले ही बृहस्पतिवार रात संदिग्ध हालात में उमाशंकर की मौत हो गई। मामले में जेलर हिमांशु रौतेला का कहना है कि रात में अचानक उमाशंकर की तबीयत बिगड़ गई थी। हार्ट अटैक से उसकी मौत हुई है। शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है।