{"_id":"5c042c47bdec22413e0582f7","slug":"71543777351-raebareli-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"लखनऊ-प्रयागराज राजमार्ग पर सनसनीखेज वारदात से दहशत","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
लखनऊ-प्रयागराज राजमार्ग पर सनसनीखेज वारदात से दहशत
Updated Mon, 03 Dec 2018 12:47 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रायबरेली-हरचंदपुर। थाना क्षेत्र में शनिवार देर रात बाइक से घर जा रहे एक सीमेंट व्यवसायी की गला रेतकर हत्या कर दी गई। हाईवे पर हुई वारदात से क्षेत्र में सनसनी फैल गई।
बताया जा रहा है कि पहले चार-पांच हत्या आरोपियों ने व्यवसायी को रोका और फिर उस पर धारदार हथियार से उस पर कई बार वार किए। उसे जिला अस्पताल भी पहुंचाया गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
पुरानी रंजिश में गांव के ही कुछ लोगों पर हत्या किए जाने की आशंका जताई जा रही है। अभी तक कोई तहरीर नहीं दी गई है। पुलिस घटना की पड़ताल कर रही है।
हरचंदपुर के प्यारेपुर गांव निवासी मुन्नू लाल द्विवेदी (45) पुत्र बच्लूलाल सीमेंट व्यवसायी था। देर रात बाइक से वह अपने घर जा रहा था।
तभी लखनऊ-प्रयागराज राजमार्ग पर मोदी फैक्ट्री के पास चार-पांच लोगों ने उसे रोक लिया। इससे पहले कि मुन्नूलाल कुछ समझ पाता, हमलावरों ने धारदार हथियार से उसका गला रेत दिया, जिससे वह खून से लपपथ होकर जमीन पर गिर पड़ा।
विज्ञापन
उधर, हाईवे से गुजर रहे लोगों की नजर पड़ी तो हमलावर उसे छोड़कर भाग गए। पुलिस ने पहुंचकर उसे जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया।
मुन्नू लाल के बेटे धीरज का आरोप है कि गांव के ही लोगों ने रंजिश में उसके पिता की हत्या कर दी। व्यवसायी की हत्या से क्षेत्र में तनाव है। एसओ सचिन गुप्ता का कहना है कि गले पर चार बार धारदार हथियार से काटे जाने के निशान हैं। प्रकरण की जांच कराई जा रही है।
हत्या को बता रही थी सड़क हादसा
जिले की पुलिस से इंसाफ करना बेईमानी साबित हो रहा है एक सीमेंट व्यवसायी की गला रेतकर हत्या कर दी गई, वहीं मौके पर पुलिस मर्डर को सड़क हादसा बताकर घटना को छिपाने की कोशिश करती रही।
जिला अस्पताल के इमरजेंसी में तैनात ईएमओ डॉ. संतोष सिंह ने जब जानकारी दी गई कि व्यवसायी की गला रेतकर हत्या की गई है तो पुलिस के होश उड़ गए।
चिकित्सक का कहना है कि बड़ी बेरहमी से गला रेतकर व्यापारी की हत्या की गई। जिस तरह मर्डर किया गया, उससे जाहिर है कि आरोपियों ने पहले ही घटना को अंजाम देने की योजना बना ली थी।
उन्हें इस बात की जानकारी थी कि व्यवसायी जिला मुख्यालय गया हुआ है। उधर, परिवारीजन जिला अस्पताल पहुंचे तो बिलख पड़े।
विज्ञापन
बताया जा रहा है कि पहले चार-पांच हत्या आरोपियों ने व्यवसायी को रोका और फिर उस पर धारदार हथियार से उस पर कई बार वार किए। उसे जिला अस्पताल भी पहुंचाया गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
विज्ञापन
पुरानी रंजिश में गांव के ही कुछ लोगों पर हत्या किए जाने की आशंका जताई जा रही है। अभी तक कोई तहरीर नहीं दी गई है। पुलिस घटना की पड़ताल कर रही है।
हरचंदपुर के प्यारेपुर गांव निवासी मुन्नू लाल द्विवेदी (45) पुत्र बच्लूलाल सीमेंट व्यवसायी था। देर रात बाइक से वह अपने घर जा रहा था।
तभी लखनऊ-प्रयागराज राजमार्ग पर मोदी फैक्ट्री के पास चार-पांच लोगों ने उसे रोक लिया। इससे पहले कि मुन्नूलाल कुछ समझ पाता, हमलावरों ने धारदार हथियार से उसका गला रेत दिया, जिससे वह खून से लपपथ होकर जमीन पर गिर पड़ा।
विज्ञापन
उधर, हाईवे से गुजर रहे लोगों की नजर पड़ी तो हमलावर उसे छोड़कर भाग गए। पुलिस ने पहुंचकर उसे जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया।
मुन्नू लाल के बेटे धीरज का आरोप है कि गांव के ही लोगों ने रंजिश में उसके पिता की हत्या कर दी। व्यवसायी की हत्या से क्षेत्र में तनाव है। एसओ सचिन गुप्ता का कहना है कि गले पर चार बार धारदार हथियार से काटे जाने के निशान हैं। प्रकरण की जांच कराई जा रही है।
हत्या को बता रही थी सड़क हादसा
जिले की पुलिस से इंसाफ करना बेईमानी साबित हो रहा है एक सीमेंट व्यवसायी की गला रेतकर हत्या कर दी गई, वहीं मौके पर पुलिस मर्डर को सड़क हादसा बताकर घटना को छिपाने की कोशिश करती रही।
जिला अस्पताल के इमरजेंसी में तैनात ईएमओ डॉ. संतोष सिंह ने जब जानकारी दी गई कि व्यवसायी की गला रेतकर हत्या की गई है तो पुलिस के होश उड़ गए।
चिकित्सक का कहना है कि बड़ी बेरहमी से गला रेतकर व्यापारी की हत्या की गई। जिस तरह मर्डर किया गया, उससे जाहिर है कि आरोपियों ने पहले ही घटना को अंजाम देने की योजना बना ली थी।
उन्हें इस बात की जानकारी थी कि व्यवसायी जिला मुख्यालय गया हुआ है। उधर, परिवारीजन जिला अस्पताल पहुंचे तो बिलख पड़े।