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10 से 18 यूनिट वाले 10 हजार राशन कार्डों के जांच के आदेश
Updated Fri, 09 Mar 2018 12:32 AM IST
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10 हजार राशन कार्डों की जांच के आदेश
रायबरेली। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत पात्र गृहस्थी व अंत्योदय में गड़बड़ी का मामला प्रकाश में आया है। प्रमुख सचिव की समीक्षा में जिले में 10 हजार से अधिक ऐसे कार्डधारक पकड़ में आए हैं, जिनके परिवार में 10 से 18 सदस्य तक शामिल हैं।
फर्जी यूनिट दर्ज कराकर हर माह लाखों के राशन का वारा-न्यारा होने की आशंका पर जांच के आदेश दिए गए हैं। प्रमुख सचिव ने सात दिन में मामले की रिपोर्ट तलब की है।
जिले में पात्र गृहस्थी व अंत्योदय कार्ड के लाभार्थियों में बडे़ पैमाने पर गड़बड़झाला किया गया। फर्जीवाड़ा पकड़ में आने के बाद पूर्व में कई डीएसओ पर कार्रवाई भी हो चुकी है।
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जांच में अब तक 50 हजार से अधिक अपात्रों के नाम भी सूची से उड़ा दिए गए हैं। हालांकि शासन स्तर पर हुई समीक्षा में पाया गया कि जिले में 10,831 ऐसे कार्डधारक हैं जिनके कार्डों में 10 से अधिक यूनिटें दर्ज हैं।
जिले में 167 ऐसे कार्डधारक हैं जिनके कार्डों में 16-16 से अधिक यूनिटें दर्ज कराकर राशन हर माह लिया जा रहा है।
फर्जीवाडे़ की आशंका होने पर प्रमुख सचिव ने इन राशन कार्डों व उनकी यूनिटों की जांच के आदेश दिए हैं।
उन्होंने सात दिन में रिपोर्ट भी मांगी है। मामले में डीएसओ ने सभी आपूर्ति निरीक्षकों को ग्राम पंचायतवार सूची देकर तत्काल जांच पूरी कर रिपोर्ट देने के आदेश दिए हैं। बिना आधार के मिलने वाली यूनिटों को सूची से बाहर करने के आदेश दिए गए हैं।
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रायबरेली। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत पात्र गृहस्थी व अंत्योदय में गड़बड़ी का मामला प्रकाश में आया है। प्रमुख सचिव की समीक्षा में जिले में 10 हजार से अधिक ऐसे कार्डधारक पकड़ में आए हैं, जिनके परिवार में 10 से 18 सदस्य तक शामिल हैं।
फर्जी यूनिट दर्ज कराकर हर माह लाखों के राशन का वारा-न्यारा होने की आशंका पर जांच के आदेश दिए गए हैं। प्रमुख सचिव ने सात दिन में मामले की रिपोर्ट तलब की है।
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जिले में पात्र गृहस्थी व अंत्योदय कार्ड के लाभार्थियों में बडे़ पैमाने पर गड़बड़झाला किया गया। फर्जीवाड़ा पकड़ में आने के बाद पूर्व में कई डीएसओ पर कार्रवाई भी हो चुकी है।
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जांच में अब तक 50 हजार से अधिक अपात्रों के नाम भी सूची से उड़ा दिए गए हैं। हालांकि शासन स्तर पर हुई समीक्षा में पाया गया कि जिले में 10,831 ऐसे कार्डधारक हैं जिनके कार्डों में 10 से अधिक यूनिटें दर्ज हैं।
जिले में 167 ऐसे कार्डधारक हैं जिनके कार्डों में 16-16 से अधिक यूनिटें दर्ज कराकर राशन हर माह लिया जा रहा है।
फर्जीवाडे़ की आशंका होने पर प्रमुख सचिव ने इन राशन कार्डों व उनकी यूनिटों की जांच के आदेश दिए हैं।
उन्होंने सात दिन में रिपोर्ट भी मांगी है। मामले में डीएसओ ने सभी आपूर्ति निरीक्षकों को ग्राम पंचायतवार सूची देकर तत्काल जांच पूरी कर रिपोर्ट देने के आदेश दिए हैं। बिना आधार के मिलने वाली यूनिटों को सूची से बाहर करने के आदेश दिए गए हैं।