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नहरों के पानी ने मचाई तबाही, 300 बीघा से ज्यादा फसल जलमग्ध

Sun, 09 Jan 2022 12:18 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Sun, 09 Jan 2022 12:18 AM IST
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16-रायबरेली में शनिवार को कंडोरा गांव के पास कटी माइनर को बांधती जेसीबी।।संवाद - फोटो : RAIBARAILY
रायबरेली। जिले में एक ओर तीन दिन से हो रही बारिश से लोगों का घरों से निकला दूभर है, वहीं सिंचाई विभाग की लापरवाही से नहरें उफना रही हैं। मांग न होने के बावजूद माइनरें और रजबहे उफनाकर चल रहे हैं। बीते शुक्रवार को ऊंचाहार, जगतपुर, खीरों और हरचंदपुर ब्लॉक क्षेत्र में कहीं पर कटान तो कहीं पर नहर उफनाने के चलते 300 बीघा से ज्यादा फसल जलमग्न हो गई। खेतों में पहले से बारिश का पानी भरा था, ऊपर से नहरों के पानी से खेत लबालब भर गए। इससे फसल सड़ने की आशंका बनी हुई है।
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ऊंचाहार प्रतिनिधि के मुताबिक ब्लॉक क्षेत्र में डलमऊ पंप कैनाल से कंदरावां रजबहा निकला है। बारिश के बावजूद इस समय नहर में पानी चल रहा है। पूरे निरही मजरे कंदरावां गांव के एक हफ्ते में तीसरी बार कटान हो गई। इसकी सूचना ग्रामीणों ने सिंचाई विभाग को दी, लेकिन नहर नहीं बांधी गई। इससे नहर का पानी किसानों के खेत में भरने लगा। शनिवार की दोपहर तक किसानों की गेहूं, सरसों, आलू व सब्जी की फसलें लबालब हो गई। सिंचाई विभाग की लापरवाही से नाराज होकर गांव के राजेश कुमार ने फोन से इसकी सूचना डीएम वैभव श्रीवास्तव को दी। सूचना के बाद डीएम ने एसडीएम को मौके पर पहुंचने का निर्देश दिया। ग्रामीणों की नाराजगी को देखते हुए एसडीएम धीरज श्रीवास्तव कोतवाल शिवशंकर के साथ गांव पहुंचे। किसानों बताया कि इस हफ्ते में तीन बार नहर कट चुकी है। विभाग के अधिकारियों को सूचना दी गई, लेकिन नहर का पानी नहीं बंद किया गया। इससे गांव के राजू यादव, मथुरा मौर्य, जगत मौर्य, शीतलादीन, बालकेश, रामप्रताप पाल, राजेंद्र कुमार, राजकली, मेवालाल, धीरेंद्र कुमार, हरेंद्र कुमार की लगभग 100 बीघा गेहूं, सरसों व आलू की फसल जलमग्न हो गई। किसानों ने बताया कि एसडीएम ने सिंचाई विभाग को फोन कर इतिश्री की और वापस चले गए, नहर नहीं बांधी गई थी।
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एसडीएम धीरज श्रीवास्तव ने बताया कि सिंचाई विभाग को कटी नहर को दुरुस्त कराने का निर्देश दिया गया है। इसी तरह गंगेहरा गुलालगंज गांव के पास गंग नहर की पटरी कट गई। इससे करीब 100 बीघे फसल जलमग्न हो गई। छतौना मरियानी, पिपरी, गोपालपुर, उधवन गांव के किसान ओम प्रकाश ओझा, अखिलेश, बाबूलाल, प्रेम शंकर, छिटई, मुन्ना मिश्रा, कालीचरन आदि केखेत पानी से लबालबा भरे हुए है। जगतपुर प्रतिनिधि के मुताबिक ब्लॉक क्षेत्र के चांद मऊ गांव के पास भीख माइनर कटने से किसानों की सरसों व गेहूं की लगभग 10 बीघे फसल जलमग्न हो गई। किसान राकेश कुमार, राजेश कुमार, अजय पाल, सिंह व मुन्ना ने बताया कि खेत में बारिश का पानी भरा है। ऊपर से नहर कटने से खेत लबालब हो गए हैं। यदि मौसम इसी तरह रहा तो फसल सड़ जाएगी। सहायक अभियंता शिवशंकर यादव ने बताया कि जानकारी मिली है, माइनर को बंद करवा दिया गया है।
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खीरों प्रतिनिधि के मुताबिक ब्लॉक से निकलने वाली शारदा सहायक पुरवा ब्रांच मुख्य नहर से लगभग एक दर्जन माइनर व उसकी शाखाएं हैं। सभी की सिल्ट सफाई कराने के एक सप्ताह बाद इनमें पानी छोड़ा गया। पानी अधिक छोड़े जाने के कारण मुख्य ब्रांच में गडरियन खेड़ा गांव के पास पानी पटरियों में पहुंच गया। इससे मुख्य नहर की पटरी कटने की संभावना बढ़ गई। गड़रियन खेड़ा के चंद्रपाल, सुरेश कुमार, देवगांव के लालबहादुर सिंह, रामभवन, पिंटू यादव ने बताया कि यदि नहर में कटान हो गई तो बहुत नुकसान होगा। इसी ब्रांच से निकली देवगांव, खीरों, मिर्जापुर, किसुन खेड़ा, लोदीपुर, अतरहर माइनरें उफनाने से करीब 50 बीघे से ज्यादा फसल जलमग्न हो गई। शारदा सहायक पुरवा ब्रांच उन्नाव के अवर अभियंता सौरभ यादव ने बताया कि बरसात हो जाने के कारण नहरों में आ रहे पानी से सिंचाई कार्य बंद हो गया है, इससे पानी बढ़ गया है। माइनरों में पटरियां कट रही हैं। उन्हें हेड से बंद करके पटरियां ठीक करायी जा रही हैं। मुख्य ब्रांच को हेड से बंद करा दिया गया हैं।
हरचंदपुर प्रतिनिधि के मुताबिक ब्लॉक क्षेत्र के कंडौरा गांव के निकट हरचंदपुर माइनर कटने से खेतों और लोगों के घरों के आसपास पानी भर गया। इससे लोगों को निकलने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि मो. इजहार ने जेसीबी मंगवाकर कटान को बंद कराया। कंडोरा गांव के नहकाऊ, रोशन, मैकू, राजाराम, रामसुमिरन, राममिलन के घरों के सामने पानी भर गया है।

सभी रजबहों व माइनरों में रोका गया पानी
बरसात के चलते सिंचाई की मांग कम हो गई है। दो दिन पहले ही सभी माइनरों और रजबहों के पानी को बंद करा दिया गया है। जहां भी कटान हुई है, उसे बंधवाकर माइनरों को ठीक कराया जाएगा।
- हेमंत कुमार वर्मा, अधीक्षण अभियंता सिंचाई विभाग
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