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20 सहायक अध्यापक बर्खास्त
रायबरेली/अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 04 Jul 2015 12:45 AM IST
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बेसिक शिक्षा विभाग में 20 सहायक अध्यापकों को बर्खास्त कर दिया गया है। उन्हें 11 महीने पहले शिक्षामित्र से सहायक अध्यापक बनाया गया था। शासनादेश के विपरीत उन्हें शिक्षामित्र के पद पर जॉइन कराया गया था। शासन स्तर पर मामला पकड़ में आने के बाद बेसिक शिक्षा सचिव के आदेेश पर यह कार्रवाई की गई है। तत्कालीन बीएसए संदीप चौधरी के खिलाफ भी शासन स्तर पर कार्रवाई के लिए प्रक्रिया चल रही है।
विभाग ने स्कूलों में तैनात शिक्षामित्रों को बीटीसी व विशिष्ट बीटीसी का प्रशिक्षण दिलाया था। बेसिक शिक्षा सचिव ने 14 अगस्त 2012 को आदेश जारी करके प्रशिक्षण लेने वाले वर्ष 2007, 2008 और 2010 के शिक्षामित्रों को उनके मूल स्कूलों में जॉइन कराने के आदेश दिए थे। टीईटी अवरुद्घ होने के कारण वर्ष 2011 में तैनात शिक्षामित्रों को प्रशिक्षण के बाद उनके मूल स्कूलों में जॉइन कराने के संबंध में कोई आदेश नहीं दिया था। इसके बाद भी वर्ष 2011 के शिक्षामित्रों को उनके मूल स्कूलों में जॉइन कराने के बाद 11 महीने पहले उनका समायोजन सहायक अध्यापकों के पद पर कर दिया गया। तत्कालीन बीएसए की लापरवाही के कारण यह काम हुआ। शासन स्तर पर यह मामला पकड़ में आया तो जांच शुरू हो गई। बीएसए रामसागर पति त्रिपाठी ने बताया कि बेसिक शिक्षा सचिव ने सहायक अध्यापक बनाए गए सभी 20 शिक्षामित्रों की जॉइनिंग निरस्त करके उनकी सेवाएं समाप्त कर दी हैं। बिना शासन के आदेश के ही उन्हें उनके मूल स्कूलों में प्रशिक्षण के बाद जॉइन करा दिया गया था। समायोजन के समय भी इस बात का ध्यान नहीं दिया गया।
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विभाग ने स्कूलों में तैनात शिक्षामित्रों को बीटीसी व विशिष्ट बीटीसी का प्रशिक्षण दिलाया था। बेसिक शिक्षा सचिव ने 14 अगस्त 2012 को आदेश जारी करके प्रशिक्षण लेने वाले वर्ष 2007, 2008 और 2010 के शिक्षामित्रों को उनके मूल स्कूलों में जॉइन कराने के आदेश दिए थे। टीईटी अवरुद्घ होने के कारण वर्ष 2011 में तैनात शिक्षामित्रों को प्रशिक्षण के बाद उनके मूल स्कूलों में जॉइन कराने के संबंध में कोई आदेश नहीं दिया था। इसके बाद भी वर्ष 2011 के शिक्षामित्रों को उनके मूल स्कूलों में जॉइन कराने के बाद 11 महीने पहले उनका समायोजन सहायक अध्यापकों के पद पर कर दिया गया। तत्कालीन बीएसए की लापरवाही के कारण यह काम हुआ। शासन स्तर पर यह मामला पकड़ में आया तो जांच शुरू हो गई। बीएसए रामसागर पति त्रिपाठी ने बताया कि बेसिक शिक्षा सचिव ने सहायक अध्यापक बनाए गए सभी 20 शिक्षामित्रों की जॉइनिंग निरस्त करके उनकी सेवाएं समाप्त कर दी हैं। बिना शासन के आदेश के ही उन्हें उनके मूल स्कूलों में प्रशिक्षण के बाद जॉइन करा दिया गया था। समायोजन के समय भी इस बात का ध्यान नहीं दिया गया।
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