फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Raebareli News ›   11 lakh devotees took a dip of Faith

11 लाख श्रद्धालुओं ने लगाई आस्था की डुबकी

Wed, 25 Nov 2015 11:09 PM IST
रायबरेली/ अमर उजाला ब्यूरो
रायबरेली/ अमर उजाला ब्यूरो Updated Wed, 25 Nov 2015 11:09 PM IST
विज्ञापन
महिलाओं, पुरुषों, बुजुर्गों के साथ बच्चों का गंगा स्नान के दौरान उत्साह देखते ही बन रहा था। गंगाघाटों पर 11 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने डुबकी लगाई। स्नान के बाद कोई पूजा-पाठ तो कोई दान पुण्य में लीन हो गया।
विज्ञापन


सुबह का सूरज निकलते-निकलते लाखों श्रद्धालुओं ने आस्था की डुबकी लगाकर परिवार की सुख-समृद्धि की कामना और गंगा मइया के साथ सूर्य की आराधना की।

भक्तों के उत्साह का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि जाम या भीड़ किसी स्नानार्थी की बाधा नहीं बन पाई। हर किसी के मन में सिर्फ एक ही धुन थी सिर्फ गंगा स्नान कर पूजा करना।
विज्ञापन


डलमऊ, ऊंचाहार, गदागंज और सरेनी के गंगाघाटों पर 11 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने डुबकी लगाई। भोर के से शुरू गंगा स्नान शाम तक चलता रहा।

इस दौरान पुरोहित और पंडों को वस्त्र, अन्न आदि दान देकर सुख-समृद्धि का आशीर्वाद मांगा। मंगलवार रात से ही श्रद्धालुओं का बैलगाड़ी, ट्रैक्टर, जीप, बस, बाइक और साइकिलों से गंगा घाटों तक पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया।
विज्ञापन
विज्ञापन


कुछ लोग पैदल और लेट-लेटकर गंगा मइया के घाटों तक पहुंचे। शाही मुहूर्त शुरू होते ही गंगा मइया के जयकारों से घाट गूंजने लगे। महिलाएं, युवतियां, बड़े, बूढ़े और बच्चें सभी ने बढ़चढ़कर गंगा स्नान किया।

डलमऊ में किलाघाट, सड़क घाट, रानी शिवालाघाट, पक्का घाट, पथवारीघाट, संकट मोचनघाट, शुक्ल घाट, महाबीरन घाट, बड़ा मठ घाट, तराई घाट आदि में भक्तों ने गंगा स्नान कर पूजा-अर्चना की।

एसडीएम राम अक्षयबर का कहना है कि करीब साढ़े चार लाख श्रद्धालुओं ने यहां पर स्नान किया। इस दौरान तहसील प्रशासन के साथ ही पुलिस अफसर मुस्तैद रहे।

ऊंचाहार तहसील के गोकना घाट, गोला घाट, बादशाह घाट, तीर का पुरवा घाट में करीब साढ़े तीन लाख लोगों ने स्नान किया। एसडीएम एसपी शुक्ला पुलिस बल के साथ घाटों पर व्यवस्था की निगरानी करते रहे।

सरेनी प्रतिनिधि के अनुसार क्षेत्र के गेंगासो घाट, रालपुर घाट, शिवपुरी घाट पर श्रद्धालुओं का मजमा लगा रहा। यहां पर करीब तीन लाख लोगों ने स्नान किया।

इस दौरान लालगंज एसडीएम दिलीप कुमार त्रिगुणायक, एसओ राकेश सिंह आदि मौजूद रहे। जिले के अलावा फतेहपुर, प्रतापगढ़, सुल्तानपुर, इलाहाबाद के लोग भी स्नान के लिए पहुंचे।


डीएम के निर्देश के बाद नगर पंचायत की ओर से उदासीनता बरती गई। इसका खामियाजा श्रद्धालुओं को भुगतना पड़ा। किला घाट के समतलीकरण नहीं होने पर डीएम ने बैरीकेडिंग के निर्देश दिए थे।

वहीं नगर पंचायत की ओर से मामूली डंडे आदि लगाकर खानापूरी कर दी गई। इससे रामविलास निवासी सतांव, दीना पासी निवासी सिंहपुर समेत कई लोग गिरकर चुटहिल हो गए।

दोपहिया और साइकिल सवार श्रद्धालुओं को मुराई बाग चौराहे पर ही रोक दिया गया। इस दौरान लोगों को चांदपुर लूक और शमशान घाट पर अव्यवस्थाओं के बीच स्नान करना पड़ा।

वहीं ट्रैक्टर चालक को सराय दिलावर, खलीलपुर, भीमगंज, रामलीला मैदान में रोकने का आदेश देने के बाद पुलिस कर्मी वसूली करके बेधड़क आने-जाने दिया।

तीर्थ पुरोहित गंगा सभा अध्यक्ष बब्बू पंडा ने आक्रोश जताया। कहा कि श्रद्धालुओं का बेवजह उत्पीड़न किया गया। कार्तिक पूर्णिमा पर लगे मेले में बुधवार को एक बैल के भड़क जाने से दुकानदारों और आए लोगों में भगदड़ मच गई।

इससे दुकानदार गंभीर रूप से घायल हो गया। कार्तिक पूर्णिमा पर दूर-दराज गांवों से बैलगाड़ी से स्नान करने आए थे। कुछ ग्रामीणों ने मेला स्थल के पास अपनी बैलगाड़ी खड़ी करके बैल वहीं पर बांध दिए थे।


मेले में लोगों की भीड़ लगी थी। इसी दौरान वहां पर बंधा एक बैल भड़क गया। इससे वहां भगदड़ मच गई। बैल ने मेला में अमरूद की दुकान लगाए चांदपुर लूक निवासी महेश कुमार को पैरों से कुचल दिया, जिससे वह घायल हो गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed