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पट्टी कोतवाल के खिलाफ खुला मोर्चा
Pratapgarh
Updated Tue, 20 Nov 2012 12:00 PM IST
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पट्टी। कस्बे के ऐतिहासिक मेले पुलिस की वसूली का विवाद गहरा गया है। रामलीला समिति ने बैठक के कोतवाल के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए ऐलान किया कि अगर तत्काल उनका तबादला नहीं किया गया तो मंगलवार को आयोजित होने वाला भरत मिलाप का आयोजन नहीं होगा। पदाधिकारियों ने इस आशय का फैक्स मुख्य मंत्री समेत उच्चाधिकारियों को भेजा है।
नगर मुख्यालय पर लगने वाले ऐतिहासिक दशहरा मेले में डंास, काला जादू, हवाई झूला, मौत का कुंआ समेत कई स्टाल लगाए गए है। स्टाल चलाने वालों ने रामलीला समिति से शिकायत की कि पुलिस स्टाल चालू रखने के लिए रुपये की मांग कर रही है। खुलेआम धमकी दी जा रही है कि रुपये नहीं दिए गए तो कोई स्टाल नहीं चलने दिया जाएगा। इसके बाद स्टाल बंद कर दिए गए। पदाधिकारियों ने पट्टी प्रेमचंद को मामले से अवगत कराया। उनके आश्वासन के बाद रामलीला समिति ने शाम चार बजे स्टाल शुरू कराए। इसके बाद समिति पदाधिकारियों व कोतवाल के बीच पाला खिंच गया। इधर इंचार्ज कोतवाल प्रभातेज ने कहा कि मेले में डांस के नाम पर अश्लीलता परोसी जा रही थी। अराजकता रोकने पर अनर्गल आरोप मढ़े जा रहे हैं।
देर रात पुलिस ने फिर से स्टालों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया। इस पर रामलीला समिति और कोतवाल प्रभातेज आमने सामने हो गए। तनातनी बढ़ने पर देर रात रामलीला समिति के पदाधिकारियों की बैठक में कोतवाल के खिलाफ जंग का ऐलान किया गया। पदाधिकारियों ने कहा कि प्रभारी कोतवाल के रहने की स्थिति में वे लोग भरत मिलाप संपन्न नहीं कराएंगे। इस बाबत कमेटी के लोगाें ने सीएम सहित अधिकारियों को भी फैक्स भेजा। बैठक में समिति के अध्यक्ष केशव प्रसाद चौरसिया, प्रबंधक कमलाकांत पांडेय, महामंत्री कृष्ण कुमार शुक्ला, उपाध्यक्ष जुग्गीलाल जायसवाल, रामप्रकाश जायसवाल, रामचंद्र जायसवाल आदि थे।
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नगर मुख्यालय पर लगने वाले ऐतिहासिक दशहरा मेले में डंास, काला जादू, हवाई झूला, मौत का कुंआ समेत कई स्टाल लगाए गए है। स्टाल चलाने वालों ने रामलीला समिति से शिकायत की कि पुलिस स्टाल चालू रखने के लिए रुपये की मांग कर रही है। खुलेआम धमकी दी जा रही है कि रुपये नहीं दिए गए तो कोई स्टाल नहीं चलने दिया जाएगा। इसके बाद स्टाल बंद कर दिए गए। पदाधिकारियों ने पट्टी प्रेमचंद को मामले से अवगत कराया। उनके आश्वासन के बाद रामलीला समिति ने शाम चार बजे स्टाल शुरू कराए। इसके बाद समिति पदाधिकारियों व कोतवाल के बीच पाला खिंच गया। इधर इंचार्ज कोतवाल प्रभातेज ने कहा कि मेले में डांस के नाम पर अश्लीलता परोसी जा रही थी। अराजकता रोकने पर अनर्गल आरोप मढ़े जा रहे हैं।
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देर रात पुलिस ने फिर से स्टालों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया। इस पर रामलीला समिति और कोतवाल प्रभातेज आमने सामने हो गए। तनातनी बढ़ने पर देर रात रामलीला समिति के पदाधिकारियों की बैठक में कोतवाल के खिलाफ जंग का ऐलान किया गया। पदाधिकारियों ने कहा कि प्रभारी कोतवाल के रहने की स्थिति में वे लोग भरत मिलाप संपन्न नहीं कराएंगे। इस बाबत कमेटी के लोगाें ने सीएम सहित अधिकारियों को भी फैक्स भेजा। बैठक में समिति के अध्यक्ष केशव प्रसाद चौरसिया, प्रबंधक कमलाकांत पांडेय, महामंत्री कृष्ण कुमार शुक्ला, उपाध्यक्ष जुग्गीलाल जायसवाल, रामप्रकाश जायसवाल, रामचंद्र जायसवाल आदि थे।
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