{"_id":"66def1d1599943d5b604be82","slug":"the-protest-continues-on-the-fourth-day-the-villagers-will-do-shramdaan-from-today-pilibhit-news-c-121-1-pbt1008-122219-2024-09-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pilibhit News: चौथे दिन भी धरना जारी, आज से श्रमदान करेंगे ग्रामीण","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Pilibhit News: चौथे दिन भी धरना जारी, आज से श्रमदान करेंगे ग्रामीण
विज्ञापन
पूरनपुर क्षेत्र के गांव खिरकिया बरगदिया में धरने पर बैठे ग्रामीण।स्रोत:ग्रामीण
पूरनपुर। शारदा नदी की बाढ़, कटान से हुए नुकसान का सर्वे न होने, मुआवजा न मिलने के विरोध में गांव खिरकिया बरगदिया में चल रहा बेमियादी धरना सोमवार को चौथे दिन भी जारी रहा। सोमवार को बाढ़ खंड की टीम ने पहुंचकर नदी किनारे कटान को रोकने के लिए सर्वे शुरू किया। गांव के लोग सामूहिक श्रमदान कर मंंगलवार से बांसों की बंबूक्रेट बनाकर नदी किनारे लगाने का काम शुरू करेंगे।
सोमवार को धरने पर श्याम सुंदर, चोकर, नंदलाल, राजकुमार, सीताराम, दीनानाथ, बृजलाल, ज्वाहर लाल, महेंद्र, जसवंत सहित 11 लोग बैठे। उनके समर्थन में गांव के कई अन्य लोग भी धरना प्रदर्शन में शामिल हुए। धरना स्थल पर हुई सभा में मांगों के पूरा होने के बाद ही आंदोलन खत्म करने की चेतावनी दी गई।
सोमवार को बाढ़ खंड के जेई डीके सिंह, सौरभ पांडेय, विनयनाथ ने पहुंचकर नदी किनारे हो रहे कटान को देखा। यह भी देखा कि नदी किन स्थानों से कटान कर रही है। विवेक सिंह चौहान ने बताया कि सोमवार को धरना स्थल पर हुई सभा में कटान को रोकने के लिए सामूहिक श्रमदान कर बांसों का बंबूक्रेट बनाकर उसमें मिट्टी भरे कट्टों को भरकर नदी किनारे लगाने का निर्णय किया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सोमवार को धरने पर श्याम सुंदर, चोकर, नंदलाल, राजकुमार, सीताराम, दीनानाथ, बृजलाल, ज्वाहर लाल, महेंद्र, जसवंत सहित 11 लोग बैठे। उनके समर्थन में गांव के कई अन्य लोग भी धरना प्रदर्शन में शामिल हुए। धरना स्थल पर हुई सभा में मांगों के पूरा होने के बाद ही आंदोलन खत्म करने की चेतावनी दी गई।
विज्ञापन
सोमवार को बाढ़ खंड के जेई डीके सिंह, सौरभ पांडेय, विनयनाथ ने पहुंचकर नदी किनारे हो रहे कटान को देखा। यह भी देखा कि नदी किन स्थानों से कटान कर रही है। विवेक सिंह चौहान ने बताया कि सोमवार को धरना स्थल पर हुई सभा में कटान को रोकने के लिए सामूहिक श्रमदान कर बांसों का बंबूक्रेट बनाकर उसमें मिट्टी भरे कट्टों को भरकर नदी किनारे लगाने का निर्णय किया गया है।
विज्ञापन