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पीलीभीत: जनसमस्याओं पर मंत्री जितिन प्रसाद सख्त, सुधार न होने पर अफसरों को दी कार्रवाई की चेतावनी
Thu, 10 Sep 2026 04:58 PM IST
Mukesh Kumar
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
Published by: Mukesh Kumar
Updated Thu, 10 Sep 2026 04:58 PM IST
सार
केंद्रीय राज्यमंत्री जितिन प्रसाद की अध्यक्षता में बृहस्पतिवार को दिशा समिति की बैठक हुई। इसमें योजनाओं की प्रगति और जनसमस्याओं पर अधिकारियों से जवाब मांगा गया। मंत्री ने कई विभागों की कार्यशैली पर सवाल उठने के बाद कार्रवाई की चेतावनी दी।
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गांधी सभागार में हुई बैठक।
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विस्तार
पीलीभीत में जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की बैठक बृहस्पतिवार को गांधी सभागार में केंद्रीय राज्यमंत्री एवं सांसद जितिन प्रसाद की अध्यक्षता में हुई। बैठक में योजनाओं की प्रगति के साथ-साथ जमीनी स्तर पर सामने आ रही खामियों और जनसमस्याओं को लेकर अधिकारियों से जवाब मांगा गया। जनप्रतिनिधियों ने जल जीवन मिशन, बिजली, खराब सड़कों, बंदरों के आतंक समेत कई मामले उठाए। कई विभागों की कार्यशैली पर सवाल उठने के बाद मंत्री ने अधिकारियों को कार्रवाई की चेतावनी दी। बैठक के बाद मंत्री ने जिले के विभिन्न इलाके से आए लोगों की समस्याएं सुनकर उनके निस्तारण के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए।
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जल जीवन मिशन की समीक्षा के दौरान ग्रामीण इलाकों की स्थिति का मुद्दा प्रमुखता से उठा। पेयजल पाइप लाइन बिछाने के लिए गांवों में सड़कें काट दी गईं, लेकिन कार्य समाप्त होने के बाद क्षतिग्रस्त हिस्सों को व्यवस्थित नहीं किया गया। इससे स्थानीय लोगों को आवागमन में दिक्कत हो रही है। बारिश के बाद खोदे गए हिस्सों में जलभराव और कीचड़ की स्थिति बनने से परेशानी और बढ़ गई है।
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ग्रामीणों की शिकायत है कि सड़क उखाड़ने के बाद उसकी बहाली की जिम्मेदारी को लेकर संबंधित विभाग गंभीर नहीं है। योजना के तहत पाइप पहुंचाने पर जोर दिया जा रहा है, मगर खुदाई से प्रभावित रास्तों की बहाली की निगरानी कमजोर है। इस पर मंत्री ने मौके की हकीकत परखने के निर्देश दिए। जनप्रतिनिधियों द्वारा पानी की टंकियों का उद्घाटन कराने तथा अन्य कार्यक्रम निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुसार संपन्न कराने के निर्देश भी दिए गए।
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