फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Pilibhit News ›   Crores of tax collectors, not registered reports

करोड़ों समेट ले गए जालसाज, नहीं दर्ज हुई रिपोर्ट

Fri, 21 Jul 2017 11:20 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो   पीलीभीत।
अमर उजाला ब्यूरो   पीलीभीत। Updated Fri, 21 Jul 2017 11:20 PM IST
विज्ञापन
Crores of tax collectors, not registered reports
money
गंभीर मामले पर थाना पुलिस जताती रही अनभिज्ञता       
विज्ञापन

निवेश के नाम पर करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले जालसाजों पर कानूनी शिकंजा कसने के बजाए पुलिस महकमा लापरवाह बना हुआ है। एसपी से शिकायत किए जाने के बाद भी दूसरे दिन रिपोर्ट नहीं लिखी गई। खास बात यह रही कि थाना पुलिस पूरे मामले को लेकर अनभिज्ञता जताती रही। वहीं अफसरों के पास भी इसका कोई जवाब नहीं मिला।       

बृहस्पतिवार को पुलिस लाइन पहुंचे दर्जनों युवकों ने एसपी से बताया था कि वह नौगवां चौराहा पर कार्यालय बनाकर 2008 से संचालित हो रही एक फाइनेंस कंपनी में बतौर एजेंट काम करते थे। कंपनी को तीन युवक चलाते थे। उन्होंने एजेंट होने के कारण निवेशकों के चार करोड़ से अधिक रुपये कंपनी में जमा कराए। जिनको तय शर्त वापस करने के बजाए कंपनी के संचालक कार्यालय बंद कर गए। इसके बाद से लगातार टालमटोल की जा रही है। आरोपियों के नेपाल भागने की फिराक में होने की आशंका जाहिर करते हुए एजेंटों ने समय रहते कानूनी कार्रवाई करने की मांग की थी। इस पर अफसरों ने भी सख्त कार्रवाई के बयान तो दिए, लेकिन इसका असर आगामी 24 घंटे में दिखाई नहीं दिया। शुक्रवार को मामले में पुलिस बेहद लापरवाह रही। थाना स्तर पर पुलिसकर्मी घटना से ही अनभिज्ञता जता गए, तो अफसरों के पास भी कार्रवाई को लेकर कोई जवाब नहीं था। एक बार फिर ठगी के बड़े मामले में पुलिस की लचर कार्यशैली उजागर हुई। एसपी कलानिधि नैथानी ने बताया कि शिकायत पर थाना स्तर से क्या कार्रवाई की गई? इसके बारे में कोतवाली पुलिस से जानकारी कराई जा रही है।  
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed