{"_id":"59ede8f04f1c1b98678b7064","slug":"11508763888-pilibhit-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"खेत से लौट रहे किसान को तेंदुए ने किया घायल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खेत से लौट रहे किसान को तेंदुए ने किया घायल
पीलीभीत
Updated Mon, 23 Oct 2017 11:34 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
खेत की सिंचाई कर लौट रहे अमरिया क्षेत्र के गांव मझलिया निवासी किसान लोचन प्रसाद पर तेंदुए ने हमला कर दिया। तेंदुए ने उसे दबोचकर ले जाना चाहा लेकिन उससे जूझते हुए बचकर भागने में किसान कामयाब हो गया, लेकिन हमले में वह बुरी तरह से घायल हो गया। घायल किसान को अमरिया सीएचसी में प्राथमिक उपचार के बाद बरेली रेफर किया गया है।
मझलिया निवासी 36 वर्षीय लोचन प्रसाद का गांव से कुछ दूरी पर खेत है। रविवार शाम वह खेत पर सिंचाई करने के लिए गया था। रात करीब 11 बजे घर लौटते समय खेत से कुछ आगे कब्रिस्तान के निकट पहुंचने पर तेंदुए ने उस पर हमला कर दिया। तेंदुए ने पहले उसके पैरों पर हमला किया बाद में मुंह पर हमला करके दबोचकर ले जाने की कोशिश की। हमले से बचने के लिए लोचन प्रसाद तेंदुए से जूझते हुए भागकर पास के खेत में पड़ी दुलीराम की झोपड़ी में घुस गया। दुलीराम भी जाग गया, उसने और लोचन प्रसाद के शोर मचाने पर गांव वाले मौके पर पहुंच गए। इस पर तेंदुआ भाग गया। घायल लोचन प्रसाद को पहले घर ले जाया गया। इसके बाद लोचन प्रसाद के भाई बाबूराम ने रात को ही बाइक से ले जाकर अमरिया सीएचसी में भर्ती कराया। चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसे बरेली रेफर कर दिया। घायल लोचन प्रसाद ने बताया कि तेंदुए ने अचानक हमला किया और उसको पहले तो भागने का मौका ही नहीं मिला। अगर वह उससे जूझता नहीं तो बचकर भागना मुश्किल हो जाता। सोमवार को सुबह घटना की सूचना मिलने पर सामाजिक वानिकी के डीएफओ आदर्श कुमार ने टीम को मौके पर भेजकर जांच कराई। हालांकि डीएफओ ने बताया कि क्षेत्र में बाघ और तेंदुए अक्सर देखे जा रहे हैं। किस जानवर ने हमला किया है, अभी यह स्पष्ट नहीं हो पा रहा है, फिर भी जांच की जा रही है जल्द स्थिति स्पष्ट हो जाएगी।
विज्ञापन
मझलिया निवासी 36 वर्षीय लोचन प्रसाद का गांव से कुछ दूरी पर खेत है। रविवार शाम वह खेत पर सिंचाई करने के लिए गया था। रात करीब 11 बजे घर लौटते समय खेत से कुछ आगे कब्रिस्तान के निकट पहुंचने पर तेंदुए ने उस पर हमला कर दिया। तेंदुए ने पहले उसके पैरों पर हमला किया बाद में मुंह पर हमला करके दबोचकर ले जाने की कोशिश की। हमले से बचने के लिए लोचन प्रसाद तेंदुए से जूझते हुए भागकर पास के खेत में पड़ी दुलीराम की झोपड़ी में घुस गया। दुलीराम भी जाग गया, उसने और लोचन प्रसाद के शोर मचाने पर गांव वाले मौके पर पहुंच गए। इस पर तेंदुआ भाग गया। घायल लोचन प्रसाद को पहले घर ले जाया गया। इसके बाद लोचन प्रसाद के भाई बाबूराम ने रात को ही बाइक से ले जाकर अमरिया सीएचसी में भर्ती कराया। चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसे बरेली रेफर कर दिया। घायल लोचन प्रसाद ने बताया कि तेंदुए ने अचानक हमला किया और उसको पहले तो भागने का मौका ही नहीं मिला। अगर वह उससे जूझता नहीं तो बचकर भागना मुश्किल हो जाता। सोमवार को सुबह घटना की सूचना मिलने पर सामाजिक वानिकी के डीएफओ आदर्श कुमार ने टीम को मौके पर भेजकर जांच कराई। हालांकि डीएफओ ने बताया कि क्षेत्र में बाघ और तेंदुए अक्सर देखे जा रहे हैं। किस जानवर ने हमला किया है, अभी यह स्पष्ट नहीं हो पा रहा है, फिर भी जांच की जा रही है जल्द स्थिति स्पष्ट हो जाएगी।
विज्ञापन