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मृत मिले तेंदुएं का पीलीभीत टाइगर रिजर्व से ताल्लुक नहीं: डीडी
Updated Wed, 01 Aug 2018 12:40 AM IST
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मृत मिले तेंदुए का पीलीभीत टाइगर रिजर्व से ताल्लुक नहीं: डीडी
क्रासर....
टाइगर रिजर्व का कोई अधिकारी नहीं गया मौका मुआयना करने
क्रासर...
हजारा थानाध्यक्ष पहुंचे, खीरी वनकर्मियों की मदद की
अमर उजाला ब्यूरो
पीलीभीत। उत्तर खीरी वन प्रभाग की संपूर्णानगर रेंज अंतर्गत आने वाले जिस बैलहा बीट क्षेत्र में मंगलवार तेंदुएं का शव सुतिया नाला में मिला है वह क्षेत्र नेपाल सीमा के पिलर नंबर 41 व 42 के बीच आता है। उसके आसपास बसे गांव जिले के थाना हजारा क्षेत्र में आते हैं। इसके चलते सूचना मिलने पर जब खीरी के वन अधिकारी मौके पर रवाना हुए तो हजारा इंस्पेक्टर चंद्र प्रकाश शुक्ला व कंबोजनगर चौकी इंचार्ज एहसान अली भी मौके पर पहुंचे थे।
इंस्पेक्टर ने बताया कि उन्हें किसी ने फोन कर बताया कि बाघ का शव बाजारघाट गांव की तरफ नदी में पड़ा है। बाजारघाट गांव थाना हजारा क्षेत्र में आता है, लिहाजा वह मौके पर पुलिसकर्मियों के साथ पहुंच गए। बाद में खीरी वन विभाग की टीम पीछे से मौके पर पहुंच गई। सुतिया नाला में तेंदुए का क्षतविक्षत शव पड़ा था। उससे काफी बदबू आ रही थी। उन्होंने बताया कि देखने के बाद वनकर्मियों ने उसे एक सप्ताह पुराना होने का अनुमान लगाया। वनकर्मियों ने ही अपने उच्चाधिकारियों को इसकी सूचना दी। उन्होंने बताया कि वन दरोगा विमलेश कुमार उसकी उम्र करीब तीन-चार बता रहे थे। उन्होंने उसके सभी अंगों के भी सलामत होने की बात बताई थी। शव को लेकर खीरी टीम जब वहां से चली गई तब वह वहां से अपनी टीम के साथ वापस थाने लौट आए। इंस्पेक्टर ने बताया कि मामला उत्तर खीरी वन प्रभाग का है, लिहाजा पीलीभीत वन विभाग के क्षेत्र से उसका कोई मतलब नहीं है। आसपास के गांव थाना क्षेत्र में पड़ते हैं लिहाजा घठना की सूचना उच्चाधिकारियों को दे दी गई है।
इधर टाइगर रिजर्व के डिप्टी डायरेक्टर आदर्श कुमार ने बताया कि खीरी वन प्रभाग क्षेत्र में एक तेंदुए के शव मिलने की खबर तो मिली है, लेकिन उसका ताल्लुक पीलीभीत टाइगर रिजर्व से नहीं है। लिहाजा यहां से कोई टीम भी वहां नहीं भेजी गई है और न ही वह स्वयं वहां गए। उन्होंने मृत मिले तेंदुए के टाइगर रिजर्व क्षेत्र के होने की आशंका से भी इनकार किया है।
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मृत मिले तेंदुए का पीलीभीत टाइगर रिजर्व से ताल्लुक नहीं: डीडी
क्रासर....
टाइगर रिजर्व का कोई अधिकारी नहीं गया मौका मुआयना करने
क्रासर...
हजारा थानाध्यक्ष पहुंचे, खीरी वनकर्मियों की मदद की
अमर उजाला ब्यूरो
पीलीभीत। उत्तर खीरी वन प्रभाग की संपूर्णानगर रेंज अंतर्गत आने वाले जिस बैलहा बीट क्षेत्र में मंगलवार तेंदुएं का शव सुतिया नाला में मिला है वह क्षेत्र नेपाल सीमा के पिलर नंबर 41 व 42 के बीच आता है। उसके आसपास बसे गांव जिले के थाना हजारा क्षेत्र में आते हैं। इसके चलते सूचना मिलने पर जब खीरी के वन अधिकारी मौके पर रवाना हुए तो हजारा इंस्पेक्टर चंद्र प्रकाश शुक्ला व कंबोजनगर चौकी इंचार्ज एहसान अली भी मौके पर पहुंचे थे।
इंस्पेक्टर ने बताया कि उन्हें किसी ने फोन कर बताया कि बाघ का शव बाजारघाट गांव की तरफ नदी में पड़ा है। बाजारघाट गांव थाना हजारा क्षेत्र में आता है, लिहाजा वह मौके पर पुलिसकर्मियों के साथ पहुंच गए। बाद में खीरी वन विभाग की टीम पीछे से मौके पर पहुंच गई। सुतिया नाला में तेंदुए का क्षतविक्षत शव पड़ा था। उससे काफी बदबू आ रही थी। उन्होंने बताया कि देखने के बाद वनकर्मियों ने उसे एक सप्ताह पुराना होने का अनुमान लगाया। वनकर्मियों ने ही अपने उच्चाधिकारियों को इसकी सूचना दी। उन्होंने बताया कि वन दरोगा विमलेश कुमार उसकी उम्र करीब तीन-चार बता रहे थे। उन्होंने उसके सभी अंगों के भी सलामत होने की बात बताई थी। शव को लेकर खीरी टीम जब वहां से चली गई तब वह वहां से अपनी टीम के साथ वापस थाने लौट आए। इंस्पेक्टर ने बताया कि मामला उत्तर खीरी वन प्रभाग का है, लिहाजा पीलीभीत वन विभाग के क्षेत्र से उसका कोई मतलब नहीं है। आसपास के गांव थाना क्षेत्र में पड़ते हैं लिहाजा घठना की सूचना उच्चाधिकारियों को दे दी गई है।
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इधर टाइगर रिजर्व के डिप्टी डायरेक्टर आदर्श कुमार ने बताया कि खीरी वन प्रभाग क्षेत्र में एक तेंदुए के शव मिलने की खबर तो मिली है, लेकिन उसका ताल्लुक पीलीभीत टाइगर रिजर्व से नहीं है। लिहाजा यहां से कोई टीम भी वहां नहीं भेजी गई है और न ही वह स्वयं वहां गए। उन्होंने मृत मिले तेंदुए के टाइगर रिजर्व क्षेत्र के होने की आशंका से भी इनकार किया है।
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