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फसलों को बर्बाद कर रही सोलानी नदी, भाकियू तोमर ने खादर क्षेत्र में दिया धरना
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पुरकाजी के खादर क्षेत्र में सोलानी नदी के पुल पर धरना देते भाकियू तोमर के लोग।
- फोटो : MUZAFFARNAGAR
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फसलों को बर्बाद कर रही सोलानी नदी, भाकियू तोमर ने खादर क्षेत्र में दिया धरना
पुरकाजी (मुजफ्फरनगर)। उत्तराखंड की पहाड़ियों से आने वाले पानी से खादर क्षेत्र के किसानों की फसलों को होने वाले नुकसान के मुआवजे व किसानों के बिजली बिल माफ करने आदि की मांग को लेकर मंगलवार को भाकियू तोमर ने खादर क्षेत्र में धरना दिया। इस दौरान कुछ देर के लिए रास्ता जाम भी किया गया। शाम पांच बजे धरनास्थल पर पहुंचे नायाब तहसीलदार व एसडीओ विद्युत को ज्ञापन देकर धरना समाप्त कर दिया गया।
मंगलवार दोपहर करीब 11 बजे भाकियू तोमर के कार्यकर्ता पुरकाजी-लक्सर रोड पर सोलानी नदी के पुल पर पहुंचे और नारेबाजी कर धरने पर बैठ गए। इस दौरान भाकियू तोमर के नेताओं ने कहा कि प्रत्येक वर्ष उत्तराखंड की पहाड़ियों से सोलानी नदी में पानी छोड़ा जाता है। पानी नदी से बाहर निकलकर किसानों के खेतों में भर जाने से फसलें बर्बाद हो जाती हैं। कहा कि गत माह भी उत्तराखंड से सोलानी नदी में पानी छोड़ने से क्षेत्र के दर्जनों गांवों के किसानों की हजारों बीघा खेतों में खड़ी फसल बर्बाद होने से किसानों का करोड़ों रुपयों का नुकसान हो गया है। मगर, किसानों को फसलों का मुआवजा नहीं मिल रहा है। उन्होंने पानी से बर्बाद हुई फसलों का मुआवजा व किसानों के बिजली बिल माफ करने और कोरोना काल में बंद रहे स्कूलों के बच्चों की फीस माफ करने की मांग की गई। इस दौरान भारतीय अति पिछड़ा वर्ग संघर्ष मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष मोहन प्रजापति ने भी धरने पर पहुंच कर अपना समर्थन दिया।
उन्होंने कहा है कि खादर क्षेत्र में उत्तराखंड की सीमा पर बांध नहीं होने के कारण क्षेत्र में बाढ़ आती है, जिसकी वजह से किसानों की फसलें बर्बाद हो जाती है। उन्होंने क्षेत्रीय विधायक पर तंज कसते हुए कहा कि इस ओर कभी ध्यान ना देकर सिर्फ भाषणों में काम किया है। शाम करीब पांच बजे नायाब तहसीलदार इंद्रदेव शर्मा व एसडीओ विद्युत अजय यादव धरनास्थल पर पहुंचे और धरना दे रहे लोगों से वार्ता कर समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया। इसके बाद धरना दे रहे लोगों द्वारा मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन अधिकारियों को देकर धरना समाप्त किया गया। इस दौरान मनीष गुर्जर, अमित चौधरी , बलविंदर सिंह चटठा, जावेद, बाबर फरीदी, प्रधान जोगेंद्र सिंह, दीपक गुर्जर , प्रशांत चौधरी , मनीष मास्टर, कमल गौतम, अतर सिंह प्रजापति , कर्ण प्रजापति, प्रमोद, अमित चौहान, हरविंदर सिंह, गुरदीप सिंह, नितिन, राजबीर, विपिन, आदेश कुमार, कार्तिक प्रधान, ओम सिंह, हिमांशु चौधरी, शमशाद अहमद, सोनू खान, बचन सिंह, गुरपेज सिंह, गुरजीत सिंह, सतनाम सिंह, अरमिन्दर सिंह, मनीष मास्टर, रणजीत सिंह, हीरा सिंह, तरन जीत सिंह, चरण सिंह आदि लोग मौजूद रहे।
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पुरकाजी (मुजफ्फरनगर)। उत्तराखंड की पहाड़ियों से आने वाले पानी से खादर क्षेत्र के किसानों की फसलों को होने वाले नुकसान के मुआवजे व किसानों के बिजली बिल माफ करने आदि की मांग को लेकर मंगलवार को भाकियू तोमर ने खादर क्षेत्र में धरना दिया। इस दौरान कुछ देर के लिए रास्ता जाम भी किया गया। शाम पांच बजे धरनास्थल पर पहुंचे नायाब तहसीलदार व एसडीओ विद्युत को ज्ञापन देकर धरना समाप्त कर दिया गया।
मंगलवार दोपहर करीब 11 बजे भाकियू तोमर के कार्यकर्ता पुरकाजी-लक्सर रोड पर सोलानी नदी के पुल पर पहुंचे और नारेबाजी कर धरने पर बैठ गए। इस दौरान भाकियू तोमर के नेताओं ने कहा कि प्रत्येक वर्ष उत्तराखंड की पहाड़ियों से सोलानी नदी में पानी छोड़ा जाता है। पानी नदी से बाहर निकलकर किसानों के खेतों में भर जाने से फसलें बर्बाद हो जाती हैं। कहा कि गत माह भी उत्तराखंड से सोलानी नदी में पानी छोड़ने से क्षेत्र के दर्जनों गांवों के किसानों की हजारों बीघा खेतों में खड़ी फसल बर्बाद होने से किसानों का करोड़ों रुपयों का नुकसान हो गया है। मगर, किसानों को फसलों का मुआवजा नहीं मिल रहा है। उन्होंने पानी से बर्बाद हुई फसलों का मुआवजा व किसानों के बिजली बिल माफ करने और कोरोना काल में बंद रहे स्कूलों के बच्चों की फीस माफ करने की मांग की गई। इस दौरान भारतीय अति पिछड़ा वर्ग संघर्ष मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष मोहन प्रजापति ने भी धरने पर पहुंच कर अपना समर्थन दिया।
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उन्होंने कहा है कि खादर क्षेत्र में उत्तराखंड की सीमा पर बांध नहीं होने के कारण क्षेत्र में बाढ़ आती है, जिसकी वजह से किसानों की फसलें बर्बाद हो जाती है। उन्होंने क्षेत्रीय विधायक पर तंज कसते हुए कहा कि इस ओर कभी ध्यान ना देकर सिर्फ भाषणों में काम किया है। शाम करीब पांच बजे नायाब तहसीलदार इंद्रदेव शर्मा व एसडीओ विद्युत अजय यादव धरनास्थल पर पहुंचे और धरना दे रहे लोगों से वार्ता कर समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया। इसके बाद धरना दे रहे लोगों द्वारा मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन अधिकारियों को देकर धरना समाप्त किया गया। इस दौरान मनीष गुर्जर, अमित चौधरी , बलविंदर सिंह चटठा, जावेद, बाबर फरीदी, प्रधान जोगेंद्र सिंह, दीपक गुर्जर , प्रशांत चौधरी , मनीष मास्टर, कमल गौतम, अतर सिंह प्रजापति , कर्ण प्रजापति, प्रमोद, अमित चौहान, हरविंदर सिंह, गुरदीप सिंह, नितिन, राजबीर, विपिन, आदेश कुमार, कार्तिक प्रधान, ओम सिंह, हिमांशु चौधरी, शमशाद अहमद, सोनू खान, बचन सिंह, गुरपेज सिंह, गुरजीत सिंह, सतनाम सिंह, अरमिन्दर सिंह, मनीष मास्टर, रणजीत सिंह, हीरा सिंह, तरन जीत सिंह, चरण सिंह आदि लोग मौजूद रहे।
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