{"_id":"580bc42e4f1c1bbd59702cee","slug":"ruckus-asalto-personal-en-las-carreteras","type":"story","status":"publish","title_hn":"रोडवेज कर्मियों ने किया चक्का जाम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रोडवेज कर्मियों ने किया चक्का जाम
ब्यूरो/अमर उजाला, मुजफ्फरनगर
Updated Sun, 23 Oct 2016 01:25 AM IST
विज्ञापन
हंगामा
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
मुजफ्फरनगर में तेज बस चलाने से इंकार करने पर सिपाहियों ने रोडवेज बस के चालक को एसएसपी आवास में खींचकर जमकर पिटाते हुए लहूलुहान कर दिया। विरोध करने पर सिपाहियों ने परिचालक के साथ भी मारपीट की।
साथियों पर हमले के विरोध में रोडवेज कर्मचारियों ने बसों का चक्का जाम कर दिया। डिपो पर एकत्र होकर पुलिस के खिलाफ हंगामा कर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। सीओ सिटी ने मौके पर पहुंचकर कर्मचारी नेताओं से वार्ता कर कार्रवाई का आश्वासन देकर उन्हें शांत किया।
मुजफ्फरनगर डिपो की बस संख्या यूपी-14टी-1416 शनिवार को सहारनपुर से मेरठ जा रही थी। सहारनपुर से ही बस में एक सिपाही सवार हुआ था, जिसे मेरठ जाना था। सिपाही लगातार चालक राजू से तेज बस चलाने को कहा रहा था।
विज्ञापन
देवबंद में जाम लगा होने पर तेज बस चलाने को लेकर सिपाही की चालक से कहासुनी हो गई। दोपहर करीब पौन बजे जब बस मुजफ्फरनगर डिपो के पास एसएसपी आवास पर सामने पहुंची तो सिपाही ने एसएसपी आवास से अपने साथी सिपाहियों को बुला लिया।
आरोप है कि इसके बाद सिपाहियों ने चालक राजू को नीचे खींच लिया और उसकी डंडों से पिटाई करनी शुरू कर दी। परिचालक इस्लाम ने विरोध किया तो हमलावर सिपाहियों ने उसके साथ भी मारपीट की। हमले में चालक राजू का सिर फटने से वह लहूलुहान हो गया।
हमलावर उसके साथ मारपीट करते हुए उसे एसएसपी आवास के अंदर ले गए, वहां पर भी उसकी पिटाई करते रहे। हमले से वहां अफरातफरी मच गई। हमले की जानकारी मिलने पर रोडवेज कर्मचारियों में आक्रोश फैल गया।
चालकों ने डिपो और एसएसपी आवास के सामने बसों को आड़ी-तिरछी खड़ी कर जाम लगाकर चक्का जाम कर दिया। तमाम कर्मचारी डिपो पर एकत्र होकर पुलिस के खिलाफ हंगामा कर नारेबाजी कर प्रदर्शन करने लगे।
सूचना मिलने पर सीओ सिटी डॉ तेजवीर सिंह और सिविल लाइन प्रभारी निरीक्षक केपीएस चाहर डिपो पर पहुंचे और रोडवेज कर्मचारी नेताओं राजकुमार यादव, अमरीश त्यागी, ओमेंद्र सिंह, जितेंद्र कुमार, प्रदीप गौतम, सुधीर आदि से वार्ता की।
कर्मचारी नेताओं की पुलिस अधिकारियों से काफी नोकझोंक हुई। सीओ के कहने पर सिविल लाइन पुलिस घायल चालक राजू को एसएसपी आवास से लेकर डिपो पहुंची। चालक ने सीओ को पूरी घटना की जानकारी दी।
जिस पर सीओ ने कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद पुलिस ने अस्पताल ले जाकर उसकी डॉक्टरी कराई, तब जाकर रोडवेज कर्मी शांत हुए और चक्का जाम बसों का संचालन शुरू किया।
विज्ञापन
साथियों पर हमले के विरोध में रोडवेज कर्मचारियों ने बसों का चक्का जाम कर दिया। डिपो पर एकत्र होकर पुलिस के खिलाफ हंगामा कर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। सीओ सिटी ने मौके पर पहुंचकर कर्मचारी नेताओं से वार्ता कर कार्रवाई का आश्वासन देकर उन्हें शांत किया।
विज्ञापन
मुजफ्फरनगर डिपो की बस संख्या यूपी-14टी-1416 शनिवार को सहारनपुर से मेरठ जा रही थी। सहारनपुर से ही बस में एक सिपाही सवार हुआ था, जिसे मेरठ जाना था। सिपाही लगातार चालक राजू से तेज बस चलाने को कहा रहा था।
विज्ञापन
देवबंद में जाम लगा होने पर तेज बस चलाने को लेकर सिपाही की चालक से कहासुनी हो गई। दोपहर करीब पौन बजे जब बस मुजफ्फरनगर डिपो के पास एसएसपी आवास पर सामने पहुंची तो सिपाही ने एसएसपी आवास से अपने साथी सिपाहियों को बुला लिया।
आरोप है कि इसके बाद सिपाहियों ने चालक राजू को नीचे खींच लिया और उसकी डंडों से पिटाई करनी शुरू कर दी। परिचालक इस्लाम ने विरोध किया तो हमलावर सिपाहियों ने उसके साथ भी मारपीट की। हमले में चालक राजू का सिर फटने से वह लहूलुहान हो गया।
हमलावर उसके साथ मारपीट करते हुए उसे एसएसपी आवास के अंदर ले गए, वहां पर भी उसकी पिटाई करते रहे। हमले से वहां अफरातफरी मच गई। हमले की जानकारी मिलने पर रोडवेज कर्मचारियों में आक्रोश फैल गया।
चालकों ने डिपो और एसएसपी आवास के सामने बसों को आड़ी-तिरछी खड़ी कर जाम लगाकर चक्का जाम कर दिया। तमाम कर्मचारी डिपो पर एकत्र होकर पुलिस के खिलाफ हंगामा कर नारेबाजी कर प्रदर्शन करने लगे।
सूचना मिलने पर सीओ सिटी डॉ तेजवीर सिंह और सिविल लाइन प्रभारी निरीक्षक केपीएस चाहर डिपो पर पहुंचे और रोडवेज कर्मचारी नेताओं राजकुमार यादव, अमरीश त्यागी, ओमेंद्र सिंह, जितेंद्र कुमार, प्रदीप गौतम, सुधीर आदि से वार्ता की।
कर्मचारी नेताओं की पुलिस अधिकारियों से काफी नोकझोंक हुई। सीओ के कहने पर सिविल लाइन पुलिस घायल चालक राजू को एसएसपी आवास से लेकर डिपो पहुंची। चालक ने सीओ को पूरी घटना की जानकारी दी।
जिस पर सीओ ने कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद पुलिस ने अस्पताल ले जाकर उसकी डॉक्टरी कराई, तब जाकर रोडवेज कर्मी शांत हुए और चक्का जाम बसों का संचालन शुरू किया।