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कोर्स पूरा कराने में शिक्षकों करनी पड़ रही कड़ी मशक्कत

Sun, 28 Feb 2021 12:26 AM IST
Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Sun, 28 Feb 2021 12:26 AM IST
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Previous Course Forgotten Students of Junior Classes
अभिभावक सुशील कुमार - फोटो : MUZAFFARNAGAR
पिछला कोर्स भूले जूनियर कक्षाओं के छात्र
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मुजफ्फरनगर/चरथावल। जूनियर कक्षाओं का कोर्स पूरा कराने की कवायद में शिक्षकों की भारी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। 11 महीने के कोरोना काल में छात्र सब कुछ भूल चुके हैं। उनका पढ़ाई में मन नहीं लग रहा है। वहीं, अभिभावक चिंतित हैं। उधर, निजी स्कूलों में फीस वसूलने के लिए कोर्स पूरा करने का दबाव है।
शिक्षिकों से संवाद और सुझाव
अतिरिक्त समय देंगे
-शहर की एटूजेड कॉलोनी निवासी मोनिका ग्राम लुहारी में सहायक अध्यापिका हैं। उनका कहना है कि छात्रों को अतिरिक्त समय देकर कोर्स पूरा कराया जाएगा। छात्रों का घर पर पढ़ाई का रूटीन नहीं बन पाया है। इसके चलते वे पिछली पढ़ाई भूल चुके हैं।
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स्कूल आने से बचते हैं
-नंगला राई कंपोजिट स्कूल की सहायक अध्यापिका नेहा शर्मा कहती हैं बच्चों को पुराना रोटेशन लागू होने से पढ़ाई का स्तर सुधरेगा। नियमित कक्षाएं लागू कराई जाएं। अभिभावक रोजाना स्कूलों में भेजते हैं परंतु छात्र बचते हैं।
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आत्मविश्वास डगमगाया
-किरन पब्लिक स्कूल प्रधानाचार्या अनिता त्यागी बताती हैं 11 महीने घर पर बैठे रहने से छात्रों का आत्मविश्वास डगमगा गया है। उन्हें पढ़ाई के लिए तैयार किया जा रहा है।
क्या कहते हैं अभिभावक
स्कूल नहीं जाना चाहते
-चरथावल निवासी सुशील कश्यप कहते हैं कक्षा छह से आठ तक स्कूल 15 फरवरी से खुले हैं। बेटी दिव्या ने स्कूल जाने में दिक्कत की। हालांकि ऑनलाइन कक्षाओं में बच्चों की समझ में कुछ नहीं आया।
ब्लैकबोर्ड पर समझने में आसानी
-कुटेसरा निवासी शमीम त्यागी अपने बच्चे रबा का कोर्स पूरा कराने को लेकर चिंतित हैं। कहते हैं कि स्कूल में ब्लैक बोर्ड पर जो समझ में आता है, ऑनलाइन में नहीं आ सकता है।
ज्यादा पढ़ाई व्यवहारिक नहीं
-नंगला राई के आसिफ और महादेव कॉलोनी की श्वेता शर्मा कहते हैं निजी स्कूलों में फीस वसूलने के लिए एक महीने में पूरे साल का कोर्स पूरा कराने में जुटे हैं। यह व्यावहारिक नहीं है। सरकार को पब्लिक स्कूलों को दबाव नहीं बनाने का आदेश देना चाहिए।

कोर्स पूरा करने में दिक्कत
-अभिभावक सुशील कुमार कहते हैं बेटा देवपाल कोरोना काल में पिछला कोर्स भूल गया है। शैक्षिक सत्र का आखिरा महीना बाकी है। ऐेसे में कोर्स पूरा कराने में दिक्कत आनी स्वाभाविक है।

अभिभावक शमीम त्यागी

अभिभावक शमीम त्यागी- फोटो : MUZAFFARNAGAR

अभिभावक सुशील कश्यप

अभिभावक सुशील कश्यप- फोटो : MUZAFFARNAGAR

शिक्षिका अनीता त्यागी

शिक्षिका अनीता त्यागी - फोटो : MUZAFFARNAGAR

शिक्षिका नेहा शर्मा

शिक्षिका नेहा शर्मा- फोटो : MUZAFFARNAGAR

शिक्षिका मोनिका

शिक्षिका मोनिका- फोटो : MUZAFFARNAGAR

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