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रामपुर तिराहा कांड: चंडीगढ़ पुलिस के सेवानिवृत्त डीजीपी की अदालत में गवाही, ये आरोपी हुए पेश, ये था मामला

Tue, 18 Apr 2023 09:21 PM IST
कपिल kapil अमर उजाला ब्यूरो, मुजफ्फरनगर
अमर उजाला ब्यूरो, मुजफ्फरनगर Published by: कपिल kapil Updated Tue, 18 Apr 2023 09:21 PM IST
सार

मुजफ्फरनगर रामपुर तिराहा कांड : चंडीगढ़ पुलिस के सेवानिवृत्त डीजीपी की मंगलवार को अदालत में गवाही हुई। जानिए आखिर पूरा मामला क्या है।

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Muzaffarnagar Rampur Tiraha incident: Retired DGP of Chandigarh Police testifies in court
अदालत

विस्तार

मुजफ्फरनगर के रामपुर तिराहा कांड में सामूहिक दुष्कर्म, छेड़छाड़ और लूट समेत अन्य गंभीर धाराओं के मुकदमे में गवाही जारी रही। सीबीआई ने चंडीगढ़ पुलिस के सेवानिवृत्त डीजीपी प्रदीप श्रीवास्तव की अदालत में गवाही कराई। साथ ही पैरवी निरीक्षक ने मृतक बताए जा रहे चार आरोपियों की मृत्यु आख्या कोर्ट में प्रस्तुत की।

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अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट संख्या-सात के पीठासीन अधिकारी शक्ति सिंह की अदालत में सीबीआई बनाम राधा मोहन द्विवेदी पत्रावली की सुनवाई हुई। शासकीय अधिवक्ता फौजदारी राजीव शर्मा, सहायक शासकीय अधिवक्ता फौजदारी परवेंद्र सिंह और जोगेंद्र गोयल ने बताया कि सीबीआई ने रामपुर तिराहा कांड के समय उत्तर दिल्ली पुलिस उपायुक्त रहे प्रदीप श्रीवास्तव की गवाही कराई।
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सीबीआई के पैरवी अधिकारी देवेंद्र मीणा ने अदालत में आरोपी झम्मन सिंह, राजपाल सिंह, महेश चंद शर्मा और नेपाल सिंह की मृत्यु का सत्यापन कर आख्या अदालत में पेश की। प्रकरण की अगली सुनवाई के लिए 26 अप्रैल की तिथि तय की गई है।
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सीबीआई ने दी आख्या, फैसला सुरक्षित
अपर सत्र न्यायालय कोर्ट संख्या-सात के पीठासीन अधिकारी शक्ति सिंह ने विक्रम सिंह तोमर की पत्रावली की सुनवाई की। सहायक शासकीय अधिवक्ता फौजदारी परविंद्र सिंह ने बताया कि सीबीआई ने आख्या प्रस्तुत की है। अदालत ने फैसला सुरक्षित कर लिया है।

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ये था मामला
एक अक्तूबर, 1994 को अलग राज्य की मांग के लिए देहरादून से बसों में सवार होकर आंदोलनकारी दिल्ली के लिए निकले थे। देर रात रामपुर तिराहा पर पुलिस ने आंदोलनकारियों को रोकने का प्रयास किया। आंदोलनकारी नहीं माने तो पुलिसकर्मियों ने फायरिंग कर दी, जिसमें सात की मौत हो गई थी। सीबीआई ने मामले की जांच की और पुलिस पार्टी और अधिकारियों पर मुकदमे दर्ज कराए थे। गंभीर धाराओं के सेशन ट्रायल मुकदमों की सुनवाई के लिए हाईकोर्ट ने जिले के अपर सत्र न्यायाधीश कोर्ट नंबर सात के पीठासीन अधिकारी शक्ति सिंह को अधिकृत किया है।

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ये आरोपी कोर्ट में पेश हुए
अभियुक्त राधा मोहन द्विवेदी, कृपाल सिंह, सुमेर सिंह, देवेंद्र सिंह, तमकीन अहमद, मिलाप सिंह, सुरेंद्र सिंह, कुंवरपाल सिंह, प्रबल प्रकाश, रणपाल सिंह, वीरेंद्र कुमार, राकेश कुमार सिंह, सतीश चंद शर्मा, कुशलपाल सिंह, वीरेंद्र प्रताप, विजयपाल सिंह, नरेश त्यागी, नेत्रपाल सिंह, राकेश मिश्रा, बृजेश कुमार और संजीव कुमार उपस्थित रहे।

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