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नगर में शांति व्यवस्था के लिए महिलाओं ने रखा रोजा
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खतौली (मुजफ्फरनगर)। नगर में शांति कायम रहे इसके लिए नगर की महिलाओं ने रोजा रखा। शाम को रोजा इफ्तार के साथ शांति के लिए दुआ की।
नागरिकता संशोधन कानून के विरोध जगह-जगह हुए उपद्रव के बाद अशांति का माहौल बन गया था। जुमा पर एक बार फिर आशंकाओं से लोग घिरे रहे। पुलिस और प्रशासन भी दिन भर टेंशन में रहे। माहौल को देखते हुए अमन शांति की एक ओर मस्जिदों में दुआएं कराई गईं। मस्जिदों के इमाम ने महिलाओं को रोजा रखने तथा दुआ के लिए अपील की थी। जिसको लेकर शुक्रवार को नगर में महिलाओं ने रोजा रखा। उलमाओं के कहने पर महिलाओं ने इबादत कर तसबीह पढ़ी तथा अल्लाह से शांति के लिए दुआ की। रोजा रखने के बाद शाम को रोजा इफ्तार किया।
मोहल्ला मिठ्ठूलाल की रहने वाले वाली अरशी प्रवीन ने बताया कि शुक्रवार को उसने रोजा रखा। नमाज पढ़ी, घर के अंदर इबादत कर तसबीह पढ़ी। नागरिकता संशोधन कानून को लेकर कहीं भी हिंसक घटनाएं न हों और शांति बनी रहे इसके लिए अल्लाह से दुआ की। शाम को रोजा इफ्तार किया। इनके अलावा नगर की रहने वाली अन्य महिलाओं शबनम, रजिया, नईमा, नसरीन, रुबी ने भी रोजा रखकर नगर एवं देश में शांति के लिए दुआ की।
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नागरिकता संशोधन कानून के विरोध जगह-जगह हुए उपद्रव के बाद अशांति का माहौल बन गया था। जुमा पर एक बार फिर आशंकाओं से लोग घिरे रहे। पुलिस और प्रशासन भी दिन भर टेंशन में रहे। माहौल को देखते हुए अमन शांति की एक ओर मस्जिदों में दुआएं कराई गईं। मस्जिदों के इमाम ने महिलाओं को रोजा रखने तथा दुआ के लिए अपील की थी। जिसको लेकर शुक्रवार को नगर में महिलाओं ने रोजा रखा। उलमाओं के कहने पर महिलाओं ने इबादत कर तसबीह पढ़ी तथा अल्लाह से शांति के लिए दुआ की। रोजा रखने के बाद शाम को रोजा इफ्तार किया।
मोहल्ला मिठ्ठूलाल की रहने वाले वाली अरशी प्रवीन ने बताया कि शुक्रवार को उसने रोजा रखा। नमाज पढ़ी, घर के अंदर इबादत कर तसबीह पढ़ी। नागरिकता संशोधन कानून को लेकर कहीं भी हिंसक घटनाएं न हों और शांति बनी रहे इसके लिए अल्लाह से दुआ की। शाम को रोजा इफ्तार किया। इनके अलावा नगर की रहने वाली अन्य महिलाओं शबनम, रजिया, नईमा, नसरीन, रुबी ने भी रोजा रखकर नगर एवं देश में शांति के लिए दुआ की।
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