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बसपा से जल्द बाहर होंगी मायावती : सिद्दीकी
अमर उजाला ब्यूरो/ मुजफ्फरनगर
Updated Fri, 04 Aug 2017 12:33 AM IST
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पत्रकारों से वार्ता करते नसीमुद्दीन सिद्दीकी।
- फोटो : अमर उजाला
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पूर्वमंत्री नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने कहा कि बसपा एक डूबता जहाज है। अच्छा रहा डूबने से पहले ही मैं जहाज से उतर गया। मायावती के राज्यसभा से त्यागपत्र के बाद सतीश मिश्रा अब राज्यसभा में पार्टी नेता हो गए हैं। वह दिन दूर नहीं जब मायावती और उनके भाई आनंद भी पार्टी से बाहर होंगे। सतीश मिश्रा का पार्टी पर पूरी तरह कब्जा हो जाएगा।
मेरठ रोड स्थित थानाभवन के पूर्व विधायक राव वारिस के आवास पर पत्रकारों से बातचीत में नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने कहा कि आने वाले समय में बसपा पूरी तरह खत्म हो जाएगी। पैसे की हवस और गलत लोगों की सलाह से पार्टी का यह हाल हुआ है। बसपा सुप्रीमो मायावती ने राज्यसभा से यह कहकर त्यागपत्र दे दिया कि उन्हें बीजेपी ने बोलने नहीं दिया। वेमुला, कन्हैया आदि दलित प्रकरणों में इसलिए त्यागपत्र नहीं दिया, क्योंकि उस समय राज्यसभा का काफी समय बाकी था।
अब केवल छह माह बाकी बचे थे, तो मायावती ने नौटंकी कर दी। जब बसपा की अध्यक्ष और चार बार मुख्यमंत्री रहीं नेता को नहीं बोलने दिया, तो अन्य राज्यसभा सदस्यों को कैसे बोलने देंगे। उनका त्यागपत्र क्यों नहीं दिलाया। अब राज्यसभा में बसपा के नेता सतीश मिश्रा हो गए हैं। कुछ दिनों में देख लेना मायावती और उनके भाई आनंद बसपा से बाहर हो जाएंगे। सतीश मिश्रा का बसपा पर कब्जा हो जाएगा। लोग पूछते हैं बहनजी का पैसा कहां गया।
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मुझे सिफारिश करके मेरे विभाग में एक चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी लगवाया गया था। आज वह हजारों करोड़ का मालिक कैसे हो गया। नसीमुद्दीन ने कहा कि हमने राष्ट्रीय बहुजन मोर्चा बनाया है। 20 अगस्त को मोर्चे की प्रदेश कार्यकारिणी घोषित कर दी जाएगी। छह अगस्त को दिल्ली के कॉस्टीट्यूशन क्लब में कांशीराम के भाई दरबारा सिंह सहित डेढ़ दर्जन दलों के नेता एकत्र होंगे। उन्होंने यह भी कहा कि भविष्य में बसपा से कोई गठबंधन नहीं होगा। बसपा के टिकट के पैसे एकत्र करने के सवाल पर कहा कि मैं इतना कमाऊपूत होता, तो मुझे पार्टी से बाहर क्यों निकाला जाता। पत्रकार वार्ता के दौरान पूर्व विधायक मौलाना जमील, पूर्व विधायक राव वारिस, नदीम चौहान आदि रहे।
अपनी सुरक्षा के लिए सीएम से मिला था
मुजफ्फरनगर। नसीमुद्दीन ने कहा कि सीएम योगी आदित्यनाथ से वह अपनी सुरक्षा को लेकर मिले थे। इस पर बीजेपी में जाने की चर्चा शुरू कर दी गई। कुछ मामलों में सदन में विपक्ष की एकता की बात होती है और अखिलेश से बातचीत होती है, तो उनके साथ जाने की अफवाह शुरू हो जाती है। इन बातों में कोई सच्चाई नहीं है।
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मेरठ रोड स्थित थानाभवन के पूर्व विधायक राव वारिस के आवास पर पत्रकारों से बातचीत में नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने कहा कि आने वाले समय में बसपा पूरी तरह खत्म हो जाएगी। पैसे की हवस और गलत लोगों की सलाह से पार्टी का यह हाल हुआ है। बसपा सुप्रीमो मायावती ने राज्यसभा से यह कहकर त्यागपत्र दे दिया कि उन्हें बीजेपी ने बोलने नहीं दिया। वेमुला, कन्हैया आदि दलित प्रकरणों में इसलिए त्यागपत्र नहीं दिया, क्योंकि उस समय राज्यसभा का काफी समय बाकी था।
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अब केवल छह माह बाकी बचे थे, तो मायावती ने नौटंकी कर दी। जब बसपा की अध्यक्ष और चार बार मुख्यमंत्री रहीं नेता को नहीं बोलने दिया, तो अन्य राज्यसभा सदस्यों को कैसे बोलने देंगे। उनका त्यागपत्र क्यों नहीं दिलाया। अब राज्यसभा में बसपा के नेता सतीश मिश्रा हो गए हैं। कुछ दिनों में देख लेना मायावती और उनके भाई आनंद बसपा से बाहर हो जाएंगे। सतीश मिश्रा का बसपा पर कब्जा हो जाएगा। लोग पूछते हैं बहनजी का पैसा कहां गया।
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मुझे सिफारिश करके मेरे विभाग में एक चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी लगवाया गया था। आज वह हजारों करोड़ का मालिक कैसे हो गया। नसीमुद्दीन ने कहा कि हमने राष्ट्रीय बहुजन मोर्चा बनाया है। 20 अगस्त को मोर्चे की प्रदेश कार्यकारिणी घोषित कर दी जाएगी। छह अगस्त को दिल्ली के कॉस्टीट्यूशन क्लब में कांशीराम के भाई दरबारा सिंह सहित डेढ़ दर्जन दलों के नेता एकत्र होंगे। उन्होंने यह भी कहा कि भविष्य में बसपा से कोई गठबंधन नहीं होगा। बसपा के टिकट के पैसे एकत्र करने के सवाल पर कहा कि मैं इतना कमाऊपूत होता, तो मुझे पार्टी से बाहर क्यों निकाला जाता। पत्रकार वार्ता के दौरान पूर्व विधायक मौलाना जमील, पूर्व विधायक राव वारिस, नदीम चौहान आदि रहे।
अपनी सुरक्षा के लिए सीएम से मिला था
मुजफ्फरनगर। नसीमुद्दीन ने कहा कि सीएम योगी आदित्यनाथ से वह अपनी सुरक्षा को लेकर मिले थे। इस पर बीजेपी में जाने की चर्चा शुरू कर दी गई। कुछ मामलों में सदन में विपक्ष की एकता की बात होती है और अखिलेश से बातचीत होती है, तो उनके साथ जाने की अफवाह शुरू हो जाती है। इन बातों में कोई सच्चाई नहीं है।