संत और गोसेवा को सबसे बड़ा धर्म मानते थे गुरुदेवेश्वर
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शुकतीर्थ स्थित दंडी आश्रम में ब्रह्मलीन महंत स्वामी गुरुदेवेश्वराश्रम महाराज के चित्र पर पुष्?
- फोटो : MUZAFFARNAGAR
