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धार्मिक नगरी शुक्रताल में उमड़ा आस्था का सैलाब
अमर उजाला ब्यूरो/ मुजफ्फरनगर
Updated Sun, 04 Jun 2017 12:49 AM IST
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शुक्रताल गंगा मेले में जाते श्रद्धालु।
- फोटो : अमर उजाला
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ज्येष्ठ गंगा दशहरा मेले में स्नान करने को भयंकर गर्मी को दरकिनार कर श्रद्धालुओं का शुक्रताल पहुंचने का क्रम जारी है। गंगा घाट पर स्नान कर कथा सुनकर मेले में खरीदारी की जा रही है। मंदिरों में पूजा-अर्चना कर साधु-संतों से आशीर्वाद लेकर सत्संग और कथा सुनकर धर्म लाभ कमा रहे हैं। देर शाम श्रद्धालुओं ने अपने पितरों के तर्पण के लिए दीप दान भी किए।
भागवत उद्गम स्थल के रूप में विख्यात धर्मनगरी शुक्रताल में आस्था और भाव का रंग साफ दिखाई देने लगा है। जिला पंचायत मुजफ्फरनगर के तत्वावधान में गत वर्षों की भांति इस बार भी शुक्रताल में ज्येष्ठ गंगा मेले का आयोजन किया गया है। जिसमे चार जून को मुख्य गंगा स्नान होगा।
जिसमें धर्मलाभ कमाने लिए दूरदराज से हजारों श्रद्धालु अपने वाहन, मोटरसाइकिल, ट्रैक्टर-ट्रॉली, भैंसा-बुग्गी, घोड़ा-बुग्गी आदि अपने वाहनों से नगर में पहुंच रहे हैं। श्रद्धालु ढोलक आदि की थापों पर धार्मिक भजन, गीत गाते चले आ रहे हैं। मुख्य गंगा घाट पर स्नान कर भगवान सूर्य का जलभिषेक कर अपने परिवार के साथ कथाओं को सुनने में लगे हुए हैं।
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वहीं श्रद्धालु अपने परिजनों के साथ गंगा घाट, हनुमान धाम आदि में सेल्फी लेकर अपने दोस्तों के साथ शेयर कर रहे हैं। हाट बाजार मेले में श्रद्धालु बच्चों के लिए खेल-खिलौने महिलाएं अपने लिए आभूषण आदि की खरीदारी करने में जुटी हुई हैं। मिठाई, पकवान और चाट आदि के शौकीन अपने परिवार के साथ स्वाद चखने में लगे हुए हैं। श्रद्धालु लड्डू, पेड़े और प्रसाद खरीदकर शुकदेव आश्रम में प्राचीन वट वृक्ष की परिक्रमा कर अपने परिवार की खुशहाली की मन्नत का धागा बांधकर मंदिर में भगवान के दर्शन कर प्रसाद चढ़ा रहे हैं।
ब्रह्मलीन शिक्षा ऋषि स्वामी कल्याण देव महाराज की समाधि के दर्शन कर पुष्पांजलि अर्पित कर नमन भी किया। दंडी आश्रम, हनुमान धाम, गणेश धाम, शिव धाम, पीतांबरा धाम, शनिधाम, गोडिया मठ, पार्वती धाम, दुर्गा धाम, महेश्वर धाम, बालाजी धाम, सिद्धपीठ धाम आदि धामों में मंदिरों के दर्शन कर साधु-संतों से आशीर्वाद लेने में लगे हुए हैं।
वहीं, जाट धर्मशाला, रविदास आश्रम, यादव धर्मशला, गुर्जर धर्मशाला, राजपूत धर्मशला, सैनी धर्मशाला, पाल धर्मशाला, त्यागी धर्मशाला, विश्वकर्मा धर्मशाला, पंजाबी धर्मशाला, ब्राहमण धर्मशाला आदि में श्रद्धालुओं ने अपना डेरा जमा लिया है। वहीं प्रबंधकों ने धार्मिक भजनों और सांस्कुतिक कार्यक्रम का आयोजन किया हुआ है, जो देर रात तक चलता रहेगा।
श्रद्धालुओं की जान पर खतरा
गंगा मेले मे स्नान को लेकर श्रद्धालु गहरे पानी में जाने से नहीं कतरा रहे हैं। जिनके लिए प्रशासन की ओर से हर साल पीएसी मेरठ की टीम को पत्र द्वारा सूचना देकर अवगत करा दिया जाता है। इस बार कोई टीम शुक्रताल में नहीं पहुंची है। जिसके कारण श्रद्धालुओं के साथ कोई अनहोनी होने का खतरा बना हुआ है।
मनचलों पर नकेल कसेगा विशेष दस्ता
मेले में रोमियो के लिए प्रशासन ने सादी वर्दी में महिला और पुरुष पुलिसकर्मियों को तैनात किया है। जिसमें वह भीड़ वाले स्थानों पर मजनुओं और गुंडा तत्वों पर कड़ी नजर रखेगा। मेले में गलत हरकत करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी
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भागवत उद्गम स्थल के रूप में विख्यात धर्मनगरी शुक्रताल में आस्था और भाव का रंग साफ दिखाई देने लगा है। जिला पंचायत मुजफ्फरनगर के तत्वावधान में गत वर्षों की भांति इस बार भी शुक्रताल में ज्येष्ठ गंगा मेले का आयोजन किया गया है। जिसमे चार जून को मुख्य गंगा स्नान होगा।
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जिसमें धर्मलाभ कमाने लिए दूरदराज से हजारों श्रद्धालु अपने वाहन, मोटरसाइकिल, ट्रैक्टर-ट्रॉली, भैंसा-बुग्गी, घोड़ा-बुग्गी आदि अपने वाहनों से नगर में पहुंच रहे हैं। श्रद्धालु ढोलक आदि की थापों पर धार्मिक भजन, गीत गाते चले आ रहे हैं। मुख्य गंगा घाट पर स्नान कर भगवान सूर्य का जलभिषेक कर अपने परिवार के साथ कथाओं को सुनने में लगे हुए हैं।
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वहीं श्रद्धालु अपने परिजनों के साथ गंगा घाट, हनुमान धाम आदि में सेल्फी लेकर अपने दोस्तों के साथ शेयर कर रहे हैं। हाट बाजार मेले में श्रद्धालु बच्चों के लिए खेल-खिलौने महिलाएं अपने लिए आभूषण आदि की खरीदारी करने में जुटी हुई हैं। मिठाई, पकवान और चाट आदि के शौकीन अपने परिवार के साथ स्वाद चखने में लगे हुए हैं। श्रद्धालु लड्डू, पेड़े और प्रसाद खरीदकर शुकदेव आश्रम में प्राचीन वट वृक्ष की परिक्रमा कर अपने परिवार की खुशहाली की मन्नत का धागा बांधकर मंदिर में भगवान के दर्शन कर प्रसाद चढ़ा रहे हैं।
ब्रह्मलीन शिक्षा ऋषि स्वामी कल्याण देव महाराज की समाधि के दर्शन कर पुष्पांजलि अर्पित कर नमन भी किया। दंडी आश्रम, हनुमान धाम, गणेश धाम, शिव धाम, पीतांबरा धाम, शनिधाम, गोडिया मठ, पार्वती धाम, दुर्गा धाम, महेश्वर धाम, बालाजी धाम, सिद्धपीठ धाम आदि धामों में मंदिरों के दर्शन कर साधु-संतों से आशीर्वाद लेने में लगे हुए हैं।
वहीं, जाट धर्मशाला, रविदास आश्रम, यादव धर्मशला, गुर्जर धर्मशाला, राजपूत धर्मशला, सैनी धर्मशाला, पाल धर्मशाला, त्यागी धर्मशाला, विश्वकर्मा धर्मशाला, पंजाबी धर्मशाला, ब्राहमण धर्मशाला आदि में श्रद्धालुओं ने अपना डेरा जमा लिया है। वहीं प्रबंधकों ने धार्मिक भजनों और सांस्कुतिक कार्यक्रम का आयोजन किया हुआ है, जो देर रात तक चलता रहेगा।
श्रद्धालुओं की जान पर खतरा
गंगा मेले मे स्नान को लेकर श्रद्धालु गहरे पानी में जाने से नहीं कतरा रहे हैं। जिनके लिए प्रशासन की ओर से हर साल पीएसी मेरठ की टीम को पत्र द्वारा सूचना देकर अवगत करा दिया जाता है। इस बार कोई टीम शुक्रताल में नहीं पहुंची है। जिसके कारण श्रद्धालुओं के साथ कोई अनहोनी होने का खतरा बना हुआ है।
मनचलों पर नकेल कसेगा विशेष दस्ता
मेले में रोमियो के लिए प्रशासन ने सादी वर्दी में महिला और पुरुष पुलिसकर्मियों को तैनात किया है। जिसमें वह भीड़ वाले स्थानों पर मजनुओं और गुंडा तत्वों पर कड़ी नजर रखेगा। मेले में गलत हरकत करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी