फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Muzaffarnagar News ›   Lahari khurda shocked at the horrific corpses

लुहारी खुर्द में लहूलुहान लाशें देखकर कांप उठे कलेजे

Wed, 20 Dec 2017 11:42 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला/मुजफ्फरनगर
ब्यूरो, अमर उजाला/मुजफ्फरनगर Updated Wed, 20 Dec 2017 11:42 PM IST
विज्ञापन
Lahari khurda shocked at the horrific corpses
muder - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
चरथावल । लुहारी खुर्ड में डबल मर्डर से दहशत पसर गई। लुहारी खुर्द की प्राची और उसके भांजे नवदीप की कातिलों ने जिस क्रूर तरीके से हत्या की, उससे हर किसी का कलेजा हिल गया। दोहरे कत्ल के पीछे क्या वजह रही, ऐसे कई सवाल हरेक के जहन में कौंध रहे हैं।
विज्ञापन


यदि हत्यारों का मकसद छात्रा के साथ बदनीयती का रहा, तो फिर पांच वर्ष के मासूम भांजे की जान क्यों ली। बेरहमी से अंजाम दी गई वारदात में मौसी और भांजे के सिर धड़ से अलग कर दिए गए। उधर, देर रात पोस्टमार्टम के बाद प्राची का गांव में ही अंतिम संस्कार कर दिया गया, जबकि नवदीप के शव को उसके पैतृक गांव जखवाला ले जाया गया है।
विज्ञापन


लुहारी खुर्द के जंगल में लापता मौसी और भांजे की गई हत्या से हर कोई हतप्रभ है। घर से जंगल में चारा लेने गई प्राची साथ में भांजे नवदीप को भी लेकर गई थी। लाशों को देखने के बाद साफ जाहिर हो रहा है कि कातिलों ने क्रूरतम तरीके से वारदात को अंजाम दिया। मौका-ए-वारदात पर मासूम नवदीप का सिर धड़ से अलग पड़ा था, जबकि एक हाथ गायब मिला। मासूम के पेट की आंतें भी बाहर निकली हुईं थी। करीब पांच मीटर की दूरी पर मौसी प्राची का गर्दन कटा शव पड़ा था।
विज्ञापन
विज्ञापन


घटनास्थल पर कई जगह खून फैला था। गन्ने की फसल टूटी हुई मिली। माना जा रहा है कि मृतका ने जान बचाने के लिए हत्यारों के साथ संघर्ष किया होगा, जिसने भी दोनों की लाशें देखी कलेजा कांप उठा। प्राची की मां और बहनें शवों को देखकर गश खाकर गिर पड़ीं। पुलिस अफसर तक भी मौसी और भांजे के शवों की हालत देख सन्न हैं, आखिर क्यों निर्दयतापूर्वक कत्ल किए गए। परिजनों के मुताबिक प्राची अपनी बहन ममतेश को बताकर पहली बार खेत पर चारा लेने गई थी। ग्रामीणों के दिमाग में भी अनगिनत सवाल कौंध रहे हैं। पुलिस कई बिंदुओं को लेकर उलझी हुई है। क्या प्राची को किसी ने धोखे से जंगल में बुलाया था।

यदि किसी ने उसके साथ बदनीयती का प्रयास किया तो मासूम की हत्या क्यों की। डबल मर्डर में धारदार हथियारों का इस्तेमाल किया जाना दर्शाता है कि हत्यारे बेखौफ थे और उनकी संख्या एक से ज्यादा रही होगी।
जांच का यह भी विषय है कि क्या प्राची ने कातिलों का कोई राज जान लिया था। पुलिस के लिए लुहारी खुर्द के दोहरे हत्याकांड का खुलासा करना चुनौती भरा होगा।

बीएकी छात्रा थी प्राची
चरथावल। लुहारी खुर्द के मोहरपाल की बेटी प्राची कसबे के महाराजा अग्रसेन कन्या महाविद्यालय में बीए द्वितीय वर्ष की छात्रा थी। वह मंगलवार को कॉलेज नहीं गई थी। मृतक नवदीप प्राची की बड़ी बहन का बेटा था, जो निकट के गांव सैद नंगला के मांटेसरी स्कूल में कक्षा एक में पढ़ता था। उस स्कूल में मृतका की एक बहन भी टीचर है।

पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपे शव
बुधवार शाम पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने प्राची और नवदीप के शव परिजनों को सौंप दिए। एसपी सिटी ओमवीर सिंह ने बताया कि शव रक्तरंजित मिले। उन्होंने छात्रा के साथ दुष्कर्म की आशंका से इंकार किया। दोहरे हत्याकांड के खुलासे के लिए विभाग ने विशेषज्ञों की टीमें लगाई हैं। डॉग स्क्वॉड, विधि-विज्ञान प्रयोगशाला, एलआईयू, क्राइम ब्रांच आदि की टीमों ने लुहारी खुर्द के जंगल में घटनास्थल की जांच-पड़ताल की। एक्सपर्ट डॉग आसपास के खेतों में ही घूमकर लौट आए।


ग्रामीणों ने दो घंटे बाद उठने दी लाशें
आक्रोशित ग्रामीणों ने दो घंटे तक लाशों को नहीं उठने दिया। पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करते युवक धरने पर बैठ गए। जिला पंचायत सदस्य अजीत सिंह की मौजूदगी में ग्रामीणों ने हंगामा किया। एसडीएम सदर कन्हई सिंह यादव और एसपी सिटी ने गुस्साए ग्रामीणों को समझा कर शांत किया।


मृतका के पिता मोहरपाल से वार्ता कर एसपी सिटी ने हत्यारों की जल्द गिरफ्तारी का आश्वासन दिया। पीड़ित परिवार को मुआवजा दिलाने का एसडीएम ने भरोसा दिया। इसके बाद ही आक्रोशित भीड़ ने दोनों के शव उठने दिए। सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष सतेंद्र सैनी ने डीएम से फोन पर बात कर शासन के नियमों के अनुरूप पीड़ित दलित परिवार को तत्काल धनराशि का चेक देने की मांग की। हंगामे के दौरान कई थानों का पुलिस बल लुहारी खुर्द बुला लिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed