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Muzaffarnagar News: एसीएमओ डॉ. बीके सिंह और डॉ. राजीव निगम बने सीएमओ
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मुजफ्फरनगर। जनपद में तैनात दो अपर मुख्य चिकित्साधिकारियों को पदोन्नत कर सीएमओ बना दिया गया गया है। एसीएमओ के पद पर तैनात डॉ. बिजेंद्र कुुमार को इटावा और डॉ. राजीव निगम को सीएमओ बनाकर बनाकर भेजा गया है।
उधर, एसीएमओ से पदोन्नति देकर सीएमओ इटावा बनाए गए डॉ. बीके सिंह ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाते हुए वरिष्ठता के आधार पर तैनाती की मांग की थी। उन्होंने हाईकोर्ट में तर्क दिया था कि प्रदेश में उनसे वरिष्ठता क्रम में कनिष्ठ चिकित्सक को भी सीएमओ का पदभार दिया गया है। जबकि वह एसीएमओ के पद पर कार्यरत हैं। जिस पर हाईकोर्ट की ओर से स्वास्थ्य महानिदेशक को चार सप्ताह के भीतर मामले के निस्तारण का आदेश दिया था।
एसीएमओ डॉ. बीके सिंह को पालिका में 20 नवंबर 2021 को नगर स्वास्थ्य अधिकारी के पद पर तैनाती दी गई थी। एक दिन कार्य करने के बाद वह अवकाश पर चले गए थे। उधर, शहर में गंदगी के ढेर लगने की शिकायत पर एडीएम प्रशासन नरेंद्र बहादुर सिंह ने नगर स्वास्थ्य अधिकारी से स्पष्टीकरण मांगा था। स्पष्टीकरण नहीं देने पर वेतन आहरण पर रोक लगा दी थी। जिसके बाद एडीएम प्रशासन पर उन्होंने अपमानित करने का आरोप लगाते हुए उनके विरुद्ध कोर्ट में वाद दायर कर दिया था।
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उधर, एसीएमओ से पदोन्नति देकर सीएमओ इटावा बनाए गए डॉ. बीके सिंह ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाते हुए वरिष्ठता के आधार पर तैनाती की मांग की थी। उन्होंने हाईकोर्ट में तर्क दिया था कि प्रदेश में उनसे वरिष्ठता क्रम में कनिष्ठ चिकित्सक को भी सीएमओ का पदभार दिया गया है। जबकि वह एसीएमओ के पद पर कार्यरत हैं। जिस पर हाईकोर्ट की ओर से स्वास्थ्य महानिदेशक को चार सप्ताह के भीतर मामले के निस्तारण का आदेश दिया था।
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एसीएमओ डॉ. बीके सिंह को पालिका में 20 नवंबर 2021 को नगर स्वास्थ्य अधिकारी के पद पर तैनाती दी गई थी। एक दिन कार्य करने के बाद वह अवकाश पर चले गए थे। उधर, शहर में गंदगी के ढेर लगने की शिकायत पर एडीएम प्रशासन नरेंद्र बहादुर सिंह ने नगर स्वास्थ्य अधिकारी से स्पष्टीकरण मांगा था। स्पष्टीकरण नहीं देने पर वेतन आहरण पर रोक लगा दी थी। जिसके बाद एडीएम प्रशासन पर उन्होंने अपमानित करने का आरोप लगाते हुए उनके विरुद्ध कोर्ट में वाद दायर कर दिया था।
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