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शुगर मिल की जमीन के मामले में घिरा प्रशासन
Updated Tue, 09 Jan 2018 12:45 AM IST
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शूगर मिल की जमीन के मामले में घिरा प्रशासन
मुजफ्फरनगर। इंडियन पोटाश लिमिटेड शुगर मिल रोहाना द्वारा श्मशान, तालाब और सड़क की 50 बीघा से अधिक सरकारी भूमि पर कब्जा करने के मामले में जिला प्रशासन ने लीपापोती कर दी है।
रामलीला टिल्ला के सुशील शर्मा ने डीएम को शिकायत की थी कि रोहाना शुगर मिल ने तालाब, सड़क और श्मशान की पचास बीघा जमीन कब्जा रखी है। डीएम जीएस प्रियदर्शी ने एसडीएम सदर को जांच सौपी। एसडीएम के आदेश पर तहसीलदार सदर रंजीत सिंह ने जांच की। तहसीलदार की जांच के अनुुसार बहेडी स्थित खसरा नंबर 635 श्मशान की भूमि, खसरा नंबर 667, एनएच 49 मुजफ्फरनगर-देवबंद मार्ग की भूमि पर कब्जा किया हुआ है। एसडीएम सदर ने अपनी रिपोर्ट में यह बताया कि कब्जाई गई जमीन को मुक्त कराकर मेढ़ बंदी कर दी गई है। शिकायत कर्ता सुशील का कहना है कि इसमें लीपापोती की गई है, कोई मेढ़बंदी नहीं की गई। न ही उनको तहसीलदार की जांच आख्या उपलब्ध कराई गई है। इस संबंध उसने डीएम से शिकायत की है।
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मुजफ्फरनगर। इंडियन पोटाश लिमिटेड शुगर मिल रोहाना द्वारा श्मशान, तालाब और सड़क की 50 बीघा से अधिक सरकारी भूमि पर कब्जा करने के मामले में जिला प्रशासन ने लीपापोती कर दी है।
रामलीला टिल्ला के सुशील शर्मा ने डीएम को शिकायत की थी कि रोहाना शुगर मिल ने तालाब, सड़क और श्मशान की पचास बीघा जमीन कब्जा रखी है। डीएम जीएस प्रियदर्शी ने एसडीएम सदर को जांच सौपी। एसडीएम के आदेश पर तहसीलदार सदर रंजीत सिंह ने जांच की। तहसीलदार की जांच के अनुुसार बहेडी स्थित खसरा नंबर 635 श्मशान की भूमि, खसरा नंबर 667, एनएच 49 मुजफ्फरनगर-देवबंद मार्ग की भूमि पर कब्जा किया हुआ है। एसडीएम सदर ने अपनी रिपोर्ट में यह बताया कि कब्जाई गई जमीन को मुक्त कराकर मेढ़ बंदी कर दी गई है। शिकायत कर्ता सुशील का कहना है कि इसमें लीपापोती की गई है, कोई मेढ़बंदी नहीं की गई। न ही उनको तहसीलदार की जांच आख्या उपलब्ध कराई गई है। इस संबंध उसने डीएम से शिकायत की है।
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