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ग्रामीण क्षेत्रों में भी ई-पॉस मशीन से बंटेगा राशन
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मुजफ्फरनगर। प्रदेश सरकार और जिला प्रशासन की पहल के बाद जिले के सभी गांवों में अब ई-पॉस मशीन के माध्यम से राशन का वितरण होगा। उपभोक्ता के अंगुठे के बाद ही मशीन के माध्यम से राशन बंटेगा। यदि अंगुठे को मशीन स्वीकार नहीं करती है तो आंखों की पुतली का मिलान होगा। जिले के सभी कोटेदारों को मशीनों का वितरण करने के बाद इन्हें एक्टिवेट भी कर दिया गया है।
जिले के ग्रामीण क्षेत्र में राशन की कुल 752 दुकानें हैं। राशन की दुकानों से माल वितरण नहीं किए जाने की शिकायतें लगातार आती रही हैं। प्रदेश सरकार भी लगातार पत्र भेज रही थी कि राशन वितरण ई-पॉस मशीनों के माध्यम से कराया जाए। डीएम अजय शंकर पांडेय राशन वितरण को लेकर अत्यंत संवेदनशील हैं। उन्होंने विभागीय अफसरों और राशन विक्रेताओं को साफ कह दिया है कि प्रत्येक उस व्यक्ति को राशन मिलना चाहिए जिसके लिए यह आया है। डीएसओ सुनील पुष्कर ने बताया कि चार मई तक जिले के समस्त राशन विक्रेताओं को ई-पॉस मशीनों का वितरण किया जा चुका है। पांच मई को सभी दुकानों पर मशीनों को एक्टिवेट कर राशन वितरण शुरू कर दिया गया है। इस नई व्यवस्था के माध्यम से राशन वितरण में होने वाली धोखाधड़ी को रोका जा सकेगा।
शासन ने पकड़ ली थी गड़बड़ी
मुजफ्फरनगर। शहरी क्षेत्र में ई-पॉस मशीनों के माध्यम राशन वितरण की धांधलेबाजी बंद हुई तो कुछ दुकानदारों और विभागीय इंस्पेक्टर ने मिलकर एक ही आधार कार्ड का 19 हजार से अधिक बार प्रयोग कर राशन वितरण कर दिया था। शासन ने मशीनों की जांच में इस धांधलेबाजी का पकड़ लिया। शहरी क्षेत्र की लगभग 100 दुकानें इसके चलते बर्खास्त भी हो चुकी हैं।
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जिले के ग्रामीण क्षेत्र में राशन की कुल 752 दुकानें हैं। राशन की दुकानों से माल वितरण नहीं किए जाने की शिकायतें लगातार आती रही हैं। प्रदेश सरकार भी लगातार पत्र भेज रही थी कि राशन वितरण ई-पॉस मशीनों के माध्यम से कराया जाए। डीएम अजय शंकर पांडेय राशन वितरण को लेकर अत्यंत संवेदनशील हैं। उन्होंने विभागीय अफसरों और राशन विक्रेताओं को साफ कह दिया है कि प्रत्येक उस व्यक्ति को राशन मिलना चाहिए जिसके लिए यह आया है। डीएसओ सुनील पुष्कर ने बताया कि चार मई तक जिले के समस्त राशन विक्रेताओं को ई-पॉस मशीनों का वितरण किया जा चुका है। पांच मई को सभी दुकानों पर मशीनों को एक्टिवेट कर राशन वितरण शुरू कर दिया गया है। इस नई व्यवस्था के माध्यम से राशन वितरण में होने वाली धोखाधड़ी को रोका जा सकेगा।
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शासन ने पकड़ ली थी गड़बड़ी
मुजफ्फरनगर। शहरी क्षेत्र में ई-पॉस मशीनों के माध्यम राशन वितरण की धांधलेबाजी बंद हुई तो कुछ दुकानदारों और विभागीय इंस्पेक्टर ने मिलकर एक ही आधार कार्ड का 19 हजार से अधिक बार प्रयोग कर राशन वितरण कर दिया था। शासन ने मशीनों की जांच में इस धांधलेबाजी का पकड़ लिया। शहरी क्षेत्र की लगभग 100 दुकानें इसके चलते बर्खास्त भी हो चुकी हैं।
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