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मजबूत राष्ट्र का निर्माण होना जरूरी
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मजबूत राष्ट्र का निर्माण होना जरूरी
खतौली। पद्मप्रभ जैन मंदिर से आचार्य भारत भूषण महाराज ने गांव सलावा के लिए पद विहार किया। भक्तगणों ने जैन धर्म के जयकारों के साथ मंगल विहार कराया। महाराज ने कहा कि हमें एक कड़ी से दूसरी कड़ी को जोड़कर मजबूत राष्ट्र का निर्माण करना है।
शनिवार की सुबह काफी संख्या में श्रावकगण मंदिर प्रांगण में एकत्र हुए। मुनि भारत भूषण ने जैननगर से गुजरते हुए गंगनहर पटरी के किनारे से विहार किया। महाराज ने नगर में करीब 25 दिन प्रवास किया। महाराज के मंगल सानिध्य में ग्रीष्मकालीन धर्म शिक्षण व नैतिक संस्कार शिविर लगाए गए। विहार के समय महाराज ने सुश्रावकों को बताया कि हमें मानव जन्म आत्म कल्याण के लिए प्राप्त हुआ है। हमें स्वाध्याय के द्वारा विचारों में शुद्धि लानी है। सात्विक विचारों वाले व्यक्ति सदैव मानव कल्याण का चिंतन करते हैं। मन में सदैव परोपकार की भावन रखो। सामाजिक एकजुटता के प्रति सदैव जागृत करो। हमें एक कड़ी से दूसरी कड़ी को जोड़कर मजबूत राष्ट्र का निर्माण करना है। राष्ट्र से प्रेम करने वाले नागरिक बनो। इस अवसर पर रामकुमार, अरुण, अशोक, राकेश अंबर, सतीश, अविरल, अनुपम आढ़ती, जयभगवान, धनकुमार, अजय हैंगर, अंकुश, हर्ष, सौरभ, पारस, भूषण, अनंतवीर, पवन राडधना, चिराग, राहुल, मुकेश अंबर, त्रिभुवन, धनेंद्र सर्राफ, सुनील ठेकेदार, आलोक, अजय प्रवक्ता, नीरज जैन प्रवक्ता आदि मौजूद रहे।
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खतौली। पद्मप्रभ जैन मंदिर से आचार्य भारत भूषण महाराज ने गांव सलावा के लिए पद विहार किया। भक्तगणों ने जैन धर्म के जयकारों के साथ मंगल विहार कराया। महाराज ने कहा कि हमें एक कड़ी से दूसरी कड़ी को जोड़कर मजबूत राष्ट्र का निर्माण करना है।
शनिवार की सुबह काफी संख्या में श्रावकगण मंदिर प्रांगण में एकत्र हुए। मुनि भारत भूषण ने जैननगर से गुजरते हुए गंगनहर पटरी के किनारे से विहार किया। महाराज ने नगर में करीब 25 दिन प्रवास किया। महाराज के मंगल सानिध्य में ग्रीष्मकालीन धर्म शिक्षण व नैतिक संस्कार शिविर लगाए गए। विहार के समय महाराज ने सुश्रावकों को बताया कि हमें मानव जन्म आत्म कल्याण के लिए प्राप्त हुआ है। हमें स्वाध्याय के द्वारा विचारों में शुद्धि लानी है। सात्विक विचारों वाले व्यक्ति सदैव मानव कल्याण का चिंतन करते हैं। मन में सदैव परोपकार की भावन रखो। सामाजिक एकजुटता के प्रति सदैव जागृत करो। हमें एक कड़ी से दूसरी कड़ी को जोड़कर मजबूत राष्ट्र का निर्माण करना है। राष्ट्र से प्रेम करने वाले नागरिक बनो। इस अवसर पर रामकुमार, अरुण, अशोक, राकेश अंबर, सतीश, अविरल, अनुपम आढ़ती, जयभगवान, धनकुमार, अजय हैंगर, अंकुश, हर्ष, सौरभ, पारस, भूषण, अनंतवीर, पवन राडधना, चिराग, राहुल, मुकेश अंबर, त्रिभुवन, धनेंद्र सर्राफ, सुनील ठेकेदार, आलोक, अजय प्रवक्ता, नीरज जैन प्रवक्ता आदि मौजूद रहे।
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