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महाशविरात्रि पर हुआ आशुतोष का जलाभिषेक
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हर हर महादेव के जयघोष से गूंजे शिवालय
मुजफ्फरनगर। महाशिवरात्रि का त्योहार जिलेभर में श्रद्धा पूर्वक मनाया गया। श्रद्धालुओं ने भगवान आशुतोष का जलाभिषेक किया। कांवड़ियों शिवालयों ने गंगा जल चढ़ाया। रुड़की रोड पर अव्यवस्थाओं के चले डाक कांवड़िये परेशान रहे। उन्हें शिवालयों तक पहुंचने में जाम से जूझना पड़ा। शिव चौक पर दोपहर करीब ढाई बजे महाशिव की आरती की गई।
नगर में शिव चौक पर रविवार की रात्रि 12 बजे से ही जलाभिषेक शुरू हो गया था। डाक कांवड़ियों के आने का सिलसिला लगातार जारी रहा। सुबह चार बजे से श्रद्धालु जलाभिषेक के लिए उमड़ पड़े। दोपहर करीब डेढ़ बजे तक लंबी लाइन लगी रही। दोपहर करीब ढाई बजे सिटी मजिस्ट्रेट अतुल कुमार, एसपी देहात आलोक शर्मा, सीओ सिटी हरीश भदौरिया, समाजसेवी भीमसेन कंसल ने शिव चौक पर आरती की। इसके बाद प्रसाद का वितरण किया गया। शहर के बड़े वाहनों को शिव चौक की ओर नहीं आने दिया गया था, इसके बावजूद रोड पर जाम जैसी स्थिति रही। डाक कांवड़ लाने वाले श्रद्धालुओं को भीड़ से जूझना पड़ा। नगर में शिव चौक के अलावा गांधी कॉलोनी स्थित अनंतेश्वर मंदिर, बोहरो का प्राचीन मंदिर, एसडी कॉलचेज मार्केट स्थित शिव मंदिर समेत नगर के सभी शिव मंदिरों में जलाभिषेक किया गया।
स्वचिंतन उन्नति की सीढ़ी : सुधा
मुजफ्फरनगर। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय केशवपुरी के तत्वावधान में आशीर्वाद बैंक्वेट हाल में महाशिवरात्रि महोत्सव में स्वचिंतन को उन्नति की सीढ़ी बताया गया। मास्को (रूस) से आईं ब्रह्मकुमारी सुधा ने बताया कि पर-चिंतन पतन की जड़ है। इसके विपरीत स्वचिंतन यानि आत्मचिंतन से मनुष्य स्वयं में सुधार व सद्गुणों को धारण करने के मार्ग पर चल सकता है। उन्होंने कहा कि उन्नति की ओर जाने के लिए आंतरिक शक्तियों की आवश्यकता होती है। हम राजयोग के अभ्यास से मन को शक्तिशाली बनाकर तनाव को आनंद, बीमारी को स्वास्थ्य, दुखों को सुख और समस्या को समाधान में बदला जा सकता है। कार्यक्रम में पूर्व विधायक अशोक कंसल, सतीश गोयल ने ब्रह्माकुमारी द्वारा की जा रही ईश्वरीय सेवाओं की सराहना की। इस अवसर पर जयंती, पूजा, तनु, विधि, उर्मिला, शालिनी, मंजू, अंजू, मोनिका, उषा, मीरा, कला, टीसी रावत, अरविंद, प्रताप, नरेश, डा. एमएल गर्ग, जगदीश, धर्मेंद्र त्यागी आदि मौजूद रहे।
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बालाजी दरबार में भजनों पर झूमे श्रद्धालु
मुजफ्फरनगर। बालाजी दरबार संकीर्तन मंडल के तत्वावधान में अग्रवाल धर्मशाला अबूपुरा में महाशिवरात्रि कीर्तन का आयोजन किया गया। भजनों पर श्रद्धालुओं ने जमकर नृत्य किया। गुरु पंकज जिंदल एवं चंदकिरण ने बताया कि महाशिवरात्रि के पर्व पर भोले बाबा ने संसार के बुराई रूपी विष का पान किया था। विषपान के प्रभाव को समाप्त करने के लिए भक्तों द्वारा शिव का शीतल जल से अभिषेक किया गया था। दूसरी कथा यह भी है कि इस दिन शिव-पार्वती का विवाह हुआ था। इसलिए महाशिवरात्रि का पर्व मनाया जाता है। संकीर्तन में सुंदर भजनों पर श्रद्धालु भावविभोर होकर नाचने लगे। भगवान शंकर और मां पार्वती की सुंदर झांकियां प्रस्तुति दी गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि डा. सुनीता बालियान, एकता गुप्ता, विधायक कपिल देव अग्रवाल, प्रमोद उटवाल, राजीव गर्ग, जगदीश पांचाल, संजय गर्गा, पालिका चेयरपर्सन अंजू अग्रवाल, प्रवीण गर्ग, शलभ गर्ग, पूनम शर्मा, अंकित, आशु, अंकुर, रवि, दीपक ठाकुर, डा. मोहनलाल आदि मौजूद रहे।
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मुजफ्फरनगर। महाशिवरात्रि का त्योहार जिलेभर में श्रद्धा पूर्वक मनाया गया। श्रद्धालुओं ने भगवान आशुतोष का जलाभिषेक किया। कांवड़ियों शिवालयों ने गंगा जल चढ़ाया। रुड़की रोड पर अव्यवस्थाओं के चले डाक कांवड़िये परेशान रहे। उन्हें शिवालयों तक पहुंचने में जाम से जूझना पड़ा। शिव चौक पर दोपहर करीब ढाई बजे महाशिव की आरती की गई।
नगर में शिव चौक पर रविवार की रात्रि 12 बजे से ही जलाभिषेक शुरू हो गया था। डाक कांवड़ियों के आने का सिलसिला लगातार जारी रहा। सुबह चार बजे से श्रद्धालु जलाभिषेक के लिए उमड़ पड़े। दोपहर करीब डेढ़ बजे तक लंबी लाइन लगी रही। दोपहर करीब ढाई बजे सिटी मजिस्ट्रेट अतुल कुमार, एसपी देहात आलोक शर्मा, सीओ सिटी हरीश भदौरिया, समाजसेवी भीमसेन कंसल ने शिव चौक पर आरती की। इसके बाद प्रसाद का वितरण किया गया। शहर के बड़े वाहनों को शिव चौक की ओर नहीं आने दिया गया था, इसके बावजूद रोड पर जाम जैसी स्थिति रही। डाक कांवड़ लाने वाले श्रद्धालुओं को भीड़ से जूझना पड़ा। नगर में शिव चौक के अलावा गांधी कॉलोनी स्थित अनंतेश्वर मंदिर, बोहरो का प्राचीन मंदिर, एसडी कॉलचेज मार्केट स्थित शिव मंदिर समेत नगर के सभी शिव मंदिरों में जलाभिषेक किया गया।
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स्वचिंतन उन्नति की सीढ़ी : सुधा
मुजफ्फरनगर। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय केशवपुरी के तत्वावधान में आशीर्वाद बैंक्वेट हाल में महाशिवरात्रि महोत्सव में स्वचिंतन को उन्नति की सीढ़ी बताया गया। मास्को (रूस) से आईं ब्रह्मकुमारी सुधा ने बताया कि पर-चिंतन पतन की जड़ है। इसके विपरीत स्वचिंतन यानि आत्मचिंतन से मनुष्य स्वयं में सुधार व सद्गुणों को धारण करने के मार्ग पर चल सकता है। उन्होंने कहा कि उन्नति की ओर जाने के लिए आंतरिक शक्तियों की आवश्यकता होती है। हम राजयोग के अभ्यास से मन को शक्तिशाली बनाकर तनाव को आनंद, बीमारी को स्वास्थ्य, दुखों को सुख और समस्या को समाधान में बदला जा सकता है। कार्यक्रम में पूर्व विधायक अशोक कंसल, सतीश गोयल ने ब्रह्माकुमारी द्वारा की जा रही ईश्वरीय सेवाओं की सराहना की। इस अवसर पर जयंती, पूजा, तनु, विधि, उर्मिला, शालिनी, मंजू, अंजू, मोनिका, उषा, मीरा, कला, टीसी रावत, अरविंद, प्रताप, नरेश, डा. एमएल गर्ग, जगदीश, धर्मेंद्र त्यागी आदि मौजूद रहे।
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बालाजी दरबार में भजनों पर झूमे श्रद्धालु
मुजफ्फरनगर। बालाजी दरबार संकीर्तन मंडल के तत्वावधान में अग्रवाल धर्मशाला अबूपुरा में महाशिवरात्रि कीर्तन का आयोजन किया गया। भजनों पर श्रद्धालुओं ने जमकर नृत्य किया। गुरु पंकज जिंदल एवं चंदकिरण ने बताया कि महाशिवरात्रि के पर्व पर भोले बाबा ने संसार के बुराई रूपी विष का पान किया था। विषपान के प्रभाव को समाप्त करने के लिए भक्तों द्वारा शिव का शीतल जल से अभिषेक किया गया था। दूसरी कथा यह भी है कि इस दिन शिव-पार्वती का विवाह हुआ था। इसलिए महाशिवरात्रि का पर्व मनाया जाता है। संकीर्तन में सुंदर भजनों पर श्रद्धालु भावविभोर होकर नाचने लगे। भगवान शंकर और मां पार्वती की सुंदर झांकियां प्रस्तुति दी गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि डा. सुनीता बालियान, एकता गुप्ता, विधायक कपिल देव अग्रवाल, प्रमोद उटवाल, राजीव गर्ग, जगदीश पांचाल, संजय गर्गा, पालिका चेयरपर्सन अंजू अग्रवाल, प्रवीण गर्ग, शलभ गर्ग, पूनम शर्मा, अंकित, आशु, अंकुर, रवि, दीपक ठाकुर, डा. मोहनलाल आदि मौजूद रहे।