{"_id":"59becb774f1c1b26688b52be","slug":"11505676151-muzaffarnagar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"लोक अदालत में साढ़े सात हजार मुकदमें निस्तारित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लोक अदालत में साढ़े सात हजार मुकदमें निस्तारित
Updated Mon, 18 Sep 2017 12:52 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
लोक अदालत में साढ़े सात हजार मुकदमे निस्तारित
मुजफ्फरनगर (मुजफ्फरनगर)। राष्ट्रीय लोक अदालत में रविवार को बड़ी संख्या में वादों का निस्तारण किया गया। जिला न्यायालय में सात हजार से अधिक मुकदमों को निस्तारित कर 14 लाख रुपये का अर्थदंड वसूला गया। इसके अलावा सड़क दुर्घटनाओं के 35 मुकदमों में समझौता कराया गया। जिनमें पक्षकारों को एक करोड़ 71 लाख रुपये से अधिक प्रतिकर दिलाया गया।
जिला न्यायिक विभाग परिसर में जिला जज डॉ गोकुलेश ने दीप प्रज्ज्वलित कर राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारंभ किया। इस दौरान कचहरी में वादकारियों की भीड़ लंबित वादों के सुलह-समझौते के आधार पर निस्तारण के लिए उमड़ी रही। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव अंकुर शर्मा सिविल जज सीनियर डिविजन ने बताया कि दिवानी न्यायालय परिसर में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। इसमें दस हजार मुकदमों के निस्तारण का लक्ष्य रखा गया। जिसमें आपराधिक, 138 एनआई एक्ट, बैंक रिकवरी, मोटर दुर्घटना प्रतिकर याचिका, बिजली एवं पानी के बिल, वैवाहिक विवाद, भूमि अधिग्रहण, राजस्व वाद तथा सिविल वादों का निस्तारण कराया गया। जिला न्यायालय में 7685 मुकदमे निस्तारित कर 14 लाख चार हजार से अधिक का अर्थदंड वसूला गया।
मोटर दुर्घटना के 35 मामलों में सुलह कराने के साथ पक्षकारों को एक करोड़ 71 लाख रुपये प्रतिकर के रुप में दिलाए गए। उधर, जिलाधिकारी, अपर जिलाधिकारी, एसडीएम ने विभिन्न तहसीलों में 6017 मुकदमों का निस्तारण किया गया। विभिन्न बैंकों के 101 बैंक ऋण मामलों में सुलह समझौता कराकर 81 लाख 70 हजार रुपये प्राप्त किए गए।
विज्ञापन
विज्ञापन
मुजफ्फरनगर (मुजफ्फरनगर)। राष्ट्रीय लोक अदालत में रविवार को बड़ी संख्या में वादों का निस्तारण किया गया। जिला न्यायालय में सात हजार से अधिक मुकदमों को निस्तारित कर 14 लाख रुपये का अर्थदंड वसूला गया। इसके अलावा सड़क दुर्घटनाओं के 35 मुकदमों में समझौता कराया गया। जिनमें पक्षकारों को एक करोड़ 71 लाख रुपये से अधिक प्रतिकर दिलाया गया।
जिला न्यायिक विभाग परिसर में जिला जज डॉ गोकुलेश ने दीप प्रज्ज्वलित कर राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारंभ किया। इस दौरान कचहरी में वादकारियों की भीड़ लंबित वादों के सुलह-समझौते के आधार पर निस्तारण के लिए उमड़ी रही। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव अंकुर शर्मा सिविल जज सीनियर डिविजन ने बताया कि दिवानी न्यायालय परिसर में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। इसमें दस हजार मुकदमों के निस्तारण का लक्ष्य रखा गया। जिसमें आपराधिक, 138 एनआई एक्ट, बैंक रिकवरी, मोटर दुर्घटना प्रतिकर याचिका, बिजली एवं पानी के बिल, वैवाहिक विवाद, भूमि अधिग्रहण, राजस्व वाद तथा सिविल वादों का निस्तारण कराया गया। जिला न्यायालय में 7685 मुकदमे निस्तारित कर 14 लाख चार हजार से अधिक का अर्थदंड वसूला गया।
विज्ञापन
मोटर दुर्घटना के 35 मामलों में सुलह कराने के साथ पक्षकारों को एक करोड़ 71 लाख रुपये प्रतिकर के रुप में दिलाए गए। उधर, जिलाधिकारी, अपर जिलाधिकारी, एसडीएम ने विभिन्न तहसीलों में 6017 मुकदमों का निस्तारण किया गया। विभिन्न बैंकों के 101 बैंक ऋण मामलों में सुलह समझौता कराकर 81 लाख 70 हजार रुपये प्राप्त किए गए।
विज्ञापन