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कई और अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर तिरछी नजर
Updated Tue, 15 Aug 2017 01:27 AM IST
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कई और अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर तिरछी नजर
मुजफ्फरनगर। वासुदेव अस्पताल में भ्रूण लिंग परीक्षण होने की शिकायत पर हरियाणा के पानीपत की टीम ने कार्रवाई की है। टीम पूरी रिपोर्ट बनाकर स्वास्थ्य विभाग को हैंडओवर करु गई, लेकिन विभाग ठोस कार्रवाई के बजाय गर्दन बचाने में लगा है। तीन दिन बीतने के बाद भी स्वास्थ्य महकमा मामले में किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सका है।
जनपद में स्वास्थ्य विभाग के पास 85 अल्ट्रासाउंड केंद्र पंजीकृत है, जिनकी जांच-पड़ताल करने का जिम्मा विभाग की बनी कमेटी पर है। समय-समय पर केंद्रों के खिलाफ शिकायतें सामने आई है। जिले में लिंग परीक्षण और भ्रूण नष्ट करने का खेल पहले भी उजागर हो चुका है। जनवरी माह में पुरकाजी क्षेत्र में कूड़े पर मिले भ्रूण की अभी तक जांच पूरी नहीं हो सकी है। वहीं, वासुदेव अस्पताल पर लिंग परीक्षण किए जाने का मामला पहले भी सामने आ चुुका है। फिर से इसी अस्पताल को हरियाणा के पानीपत की टीम ने निशाना बनाया है। टीम ने अस्पताल की दो मशीनों को सील कर दिया है। हालांकि स्थानीय स्तर से मामले में खेल शुरू हो गया है। कार्रवाई करने के बजाय अधिकारी मामले को दबाने की कोशिश में जुटे हुए हैं। सवाल है कि अस्पताल में लिंग परीक्षण हुआ है तो तत्काल रेडियोलाजिस्ट बुलाकर अल्ट्रासाउंड मशीनों की जांच क्यों नहीं की गई। उधर, शहर में सरकुलर रोड, भोपा रोड समेत जानसठ रोड के अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर परीक्षण किए जाने की शिकायतें सामने आने के बाद भी विभाग कार्रवाई नहीं कर रहा है। सीएमओ डॉ पीएस मिश्रा ने बताया कि कई अन्य अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर भी लिंग परीक्षण करने की शिकायत मिली हैं, जिन पर नजर रखी जा रही है। यहां पर जल्द मिथ्या ग्राहक बनाकर छापा मारा जाएगा।
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-दिलशाद सैफी--
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मुजफ्फरनगर। वासुदेव अस्पताल में भ्रूण लिंग परीक्षण होने की शिकायत पर हरियाणा के पानीपत की टीम ने कार्रवाई की है। टीम पूरी रिपोर्ट बनाकर स्वास्थ्य विभाग को हैंडओवर करु गई, लेकिन विभाग ठोस कार्रवाई के बजाय गर्दन बचाने में लगा है। तीन दिन बीतने के बाद भी स्वास्थ्य महकमा मामले में किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सका है।
जनपद में स्वास्थ्य विभाग के पास 85 अल्ट्रासाउंड केंद्र पंजीकृत है, जिनकी जांच-पड़ताल करने का जिम्मा विभाग की बनी कमेटी पर है। समय-समय पर केंद्रों के खिलाफ शिकायतें सामने आई है। जिले में लिंग परीक्षण और भ्रूण नष्ट करने का खेल पहले भी उजागर हो चुका है। जनवरी माह में पुरकाजी क्षेत्र में कूड़े पर मिले भ्रूण की अभी तक जांच पूरी नहीं हो सकी है। वहीं, वासुदेव अस्पताल पर लिंग परीक्षण किए जाने का मामला पहले भी सामने आ चुुका है। फिर से इसी अस्पताल को हरियाणा के पानीपत की टीम ने निशाना बनाया है। टीम ने अस्पताल की दो मशीनों को सील कर दिया है। हालांकि स्थानीय स्तर से मामले में खेल शुरू हो गया है। कार्रवाई करने के बजाय अधिकारी मामले को दबाने की कोशिश में जुटे हुए हैं। सवाल है कि अस्पताल में लिंग परीक्षण हुआ है तो तत्काल रेडियोलाजिस्ट बुलाकर अल्ट्रासाउंड मशीनों की जांच क्यों नहीं की गई। उधर, शहर में सरकुलर रोड, भोपा रोड समेत जानसठ रोड के अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर परीक्षण किए जाने की शिकायतें सामने आने के बाद भी विभाग कार्रवाई नहीं कर रहा है। सीएमओ डॉ पीएस मिश्रा ने बताया कि कई अन्य अल्ट्रासाउंड केंद्रों पर भी लिंग परीक्षण करने की शिकायत मिली हैं, जिन पर नजर रखी जा रही है। यहां पर जल्द मिथ्या ग्राहक बनाकर छापा मारा जाएगा।
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-दिलशाद सैफी--