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जनपद में 100 हेक्टेयर वन क्षेत्र बढ़ा
Updated Tue, 20 Mar 2018 11:45 PM IST
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जनपद में 100 हेक्टेयर वन क्षेत्र बढ़ा
मुजफ्फरनगर। वन विभाग की ओर से किए गए पौधरोपण से इस बार जनपद में 100 हेक्टेयर वन क्षेत्र बढ़ा है। इस वर्ष जिले में वन विभाग की ओर से 5.31 लाख पौधे रौपने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। बुधवार को विभाग विश्व वानिकी दिवस मनाएगा। इसके तहत पर्यावरण को शुद्ध रखने के लिए लोगों से पौधरोपण करने का आह्वान किया गया है। विभाग की ओर से भी अनेक कार्यक्रम रेंज और मुख्यालय पर आयोजित किए जाएंगे।
जनपद में वन विभाग की चार रेंज सदर, बुढ़ाना, जानसठ और मोरना है। सभी रेंज में विभाग की पौधशालाओं में विभिन्न प्रजातियों के पेड़ों की पौध तैयार की जाती है। जानसठ और मोरना रेंज में सर्वाधिक वन क्षेत्र है, जो कि अधिकांश गंगा खादर क्षेत्र में पड़ता है। इसी में ही हस्तिनापुर वन सेंच्युरी क्षेत्र भी है। पेड़ों के अवैध कटान के कारण यहां वन्य जीवों में भी कमी आई है। इसी कारण वर्ष 2016 में रामराज क्षेत्र में तत्कालीन केंद्रीय मंत्री उमा भारती ने यहां पर वन क्षेत्र में पेड़ लगाने के अभियान का शुभारंभ किया था। बीते दो साल में ये पौधे बड़े हो गए हैं। इसके अलावा वन विभाग की ओर से प्रति वर्ष भी पौधे लगाए जाते है। इसके चलते जनपद में वन क्षेत्र 100 हेक्टेयर और बढ़ गया है। डीएफओ सूरज ने बताया कि विभाग की ओर से गत वर्ष जिले में दो लाख 72 हजार 650 पौधे लगाए गए थे। इस बार इस संख्या को बढ़ा कर पांच लाख 31 हजार तीन सौ पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है। जिसका शुभारंभ बुधवार को विश्व वानिकी दिवस पर किया जाएगा।
इलाबास में बनाई स्मृति वाटिका
मुजफ्फरनगर। वन विभाग ने मोरना रेंज के इलाबास नर्सरी को स्मृति वाटिका बनाया है। यहां कोई भी नागरिक अपनों की याद में पौधरोपण कर सकता है। जन्म दिन, शादी की सालगिरह या अपने बुजुर्गों की स्मृति में यहां पौधे लगाए जा सकते है। वाटिका में लगाए गए पौधो की देखरेख वन विभाग करता है।
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मुजफ्फरनगर। वन विभाग की ओर से किए गए पौधरोपण से इस बार जनपद में 100 हेक्टेयर वन क्षेत्र बढ़ा है। इस वर्ष जिले में वन विभाग की ओर से 5.31 लाख पौधे रौपने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। बुधवार को विभाग विश्व वानिकी दिवस मनाएगा। इसके तहत पर्यावरण को शुद्ध रखने के लिए लोगों से पौधरोपण करने का आह्वान किया गया है। विभाग की ओर से भी अनेक कार्यक्रम रेंज और मुख्यालय पर आयोजित किए जाएंगे।
जनपद में वन विभाग की चार रेंज सदर, बुढ़ाना, जानसठ और मोरना है। सभी रेंज में विभाग की पौधशालाओं में विभिन्न प्रजातियों के पेड़ों की पौध तैयार की जाती है। जानसठ और मोरना रेंज में सर्वाधिक वन क्षेत्र है, जो कि अधिकांश गंगा खादर क्षेत्र में पड़ता है। इसी में ही हस्तिनापुर वन सेंच्युरी क्षेत्र भी है। पेड़ों के अवैध कटान के कारण यहां वन्य जीवों में भी कमी आई है। इसी कारण वर्ष 2016 में रामराज क्षेत्र में तत्कालीन केंद्रीय मंत्री उमा भारती ने यहां पर वन क्षेत्र में पेड़ लगाने के अभियान का शुभारंभ किया था। बीते दो साल में ये पौधे बड़े हो गए हैं। इसके अलावा वन विभाग की ओर से प्रति वर्ष भी पौधे लगाए जाते है। इसके चलते जनपद में वन क्षेत्र 100 हेक्टेयर और बढ़ गया है। डीएफओ सूरज ने बताया कि विभाग की ओर से गत वर्ष जिले में दो लाख 72 हजार 650 पौधे लगाए गए थे। इस बार इस संख्या को बढ़ा कर पांच लाख 31 हजार तीन सौ पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है। जिसका शुभारंभ बुधवार को विश्व वानिकी दिवस पर किया जाएगा।
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इलाबास में बनाई स्मृति वाटिका
मुजफ्फरनगर। वन विभाग ने मोरना रेंज के इलाबास नर्सरी को स्मृति वाटिका बनाया है। यहां कोई भी नागरिक अपनों की याद में पौधरोपण कर सकता है। जन्म दिन, शादी की सालगिरह या अपने बुजुर्गों की स्मृति में यहां पौधे लगाए जा सकते है। वाटिका में लगाए गए पौधो की देखरेख वन विभाग करता है।
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