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विधवा पुत्रवधू की शादी कर किया कन्यादान
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रामपुर। शहर के एक कपड़ा व्यापारी ने सोमवार को अपनी 40 वर्षीय विधवा पुत्रवधू की होटल में धूमधाम से शादी की। कन्यादान कर उसे बेटी की तरह विदा किया तो वहां मौजूद लोगों की आंखें भर आईं। हर वर्ग इस निर्णय की प्रशंसा कर रहा है। इनके एक बेटा और बेटी है।
मोहल्ला पीपलटोला निवासी कपड़ा व्यापारी मोहन कपूर के इकलौते बेटे आशीष कपूर का विवाह इसी मोहल्ले में रहने वाले अनूप कक्कड़ की बेटी नयना के साथ हुआ था। 2016 में आशीष कपूर की कैंसर से मौत हो गई। पुुत्रवधू नयना अपने दो बच्चों 17 वर्षीय पुत्र प्रनव कपूर और 12 वर्षीय बेटी पावनी कपूर के साथ ससुराल में ही रहीं। वह सास-ससुर की सेवा करती रहीं। मोहन कपूर ने भी उन्हें बेटी की तरह प्यार दिया। पुत्रवधू नयना की खुशी के लिए मोहन कपूर ने उनका विवाह करने का निर्णय लिया। योग्य वर की तलाश शुुरूकर दी गई। इसी दौरान इसी मोहल्ले के रहने वाले अशोक गुप्ता के सॉफ्टवेयर इंजीनियर बेटे शोभित गुप्ता से बातचीत के बाद रिश्ता तय कर दिया।
सोमवार को शहर के एक होटल में नयना और शोभित गुप्ता का धूमधाम से विवाह संपन्न हुआ। ससुर मोहन कपूर ने पुत्रवधू का बेटी की तरह कन्यादान किया तो शादी में भाग लेने आए लोगों की आंखें भर आईं। भावुक हुए नयना के पिता अनूप कक्कड़ का कहना है कि समधी मोहन कपूर के इस निर्णय से वह निशब्द हैं। उन्हें ऐसे समधी मिले, जिन्होंने उन बेटी को अपनी बेटी समझा।
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तलाकशुदा शोभित गुप्ता के परिवार में पिताजी का निधन हो चुका है, घर में केवल मां हैं। नयना और शोभित ने 75 वर्षीय मोहन कपूर के पास रहकर ही उनकी सेवा करने का निर्णय लिया है। इस विवाह से नयना के दोनों बच्चों से साथ ही रिश्तेदार भी बहुत खुश हैं।
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मोहल्ला पीपलटोला निवासी कपड़ा व्यापारी मोहन कपूर के इकलौते बेटे आशीष कपूर का विवाह इसी मोहल्ले में रहने वाले अनूप कक्कड़ की बेटी नयना के साथ हुआ था। 2016 में आशीष कपूर की कैंसर से मौत हो गई। पुुत्रवधू नयना अपने दो बच्चों 17 वर्षीय पुत्र प्रनव कपूर और 12 वर्षीय बेटी पावनी कपूर के साथ ससुराल में ही रहीं। वह सास-ससुर की सेवा करती रहीं। मोहन कपूर ने भी उन्हें बेटी की तरह प्यार दिया। पुत्रवधू नयना की खुशी के लिए मोहन कपूर ने उनका विवाह करने का निर्णय लिया। योग्य वर की तलाश शुुरूकर दी गई। इसी दौरान इसी मोहल्ले के रहने वाले अशोक गुप्ता के सॉफ्टवेयर इंजीनियर बेटे शोभित गुप्ता से बातचीत के बाद रिश्ता तय कर दिया।
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सोमवार को शहर के एक होटल में नयना और शोभित गुप्ता का धूमधाम से विवाह संपन्न हुआ। ससुर मोहन कपूर ने पुत्रवधू का बेटी की तरह कन्यादान किया तो शादी में भाग लेने आए लोगों की आंखें भर आईं। भावुक हुए नयना के पिता अनूप कक्कड़ का कहना है कि समधी मोहन कपूर के इस निर्णय से वह निशब्द हैं। उन्हें ऐसे समधी मिले, जिन्होंने उन बेटी को अपनी बेटी समझा।
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तलाकशुदा शोभित गुप्ता के परिवार में पिताजी का निधन हो चुका है, घर में केवल मां हैं। नयना और शोभित ने 75 वर्षीय मोहन कपूर के पास रहकर ही उनकी सेवा करने का निर्णय लिया है। इस विवाह से नयना के दोनों बच्चों से साथ ही रिश्तेदार भी बहुत खुश हैं।