UP: रिश्वतखोर सरकारी कर्मियों में हशमत का 'खौफ', महिला दरोगा को भिजवाया जेल...ट्रैप में फंस सात गंवा चुके जॉब
मुरादाबाद में के डिलारी में रिश्वत लेते महिला दरोगा को गिरफ्तार कर लिया गया। उसके खिलाफ बढ़ेरा गांव निवासी किसान हशमत अली ने शिकायत दर्ज करवाई थी। इसके बाद कार्रवाई हुई। इससे पहले भी हशमत सात लोगों को जेल भिजवा चुके हैं।
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मुरादाबाद जिले के बढेरा गांव के साहसी किसान के चलते 17 वर्षों में डिलारी क्षेत्र के सात अधिकारी और कर्मचारी घूस लेते हुए पकड़े गए। एक दरोगा के पकड़े जाने पर ग्रामीणों का आरोप है कि थाने और पुलिस चौकियों में जमकर भ्रष्टाचार हो रहा है। एसएसपी ने भी पिछले दिनों दो दरोगाओं और सिपाहियों के खिलाफ कार्रवाई की थी।
बढ़ेरा गांव निवासी किसान हशमत अली का कहना है कि उनका किसी राजनीतिक दल से नाता नहीं है। भ्रष्टाचारियों को उनके उचित स्थान पर पहुंचाने के लिए उन्होंने विजलेंस और एंटी करप्शन के अधिकारियों से नजदीकियां बढ़ाई हैं। 2006 में खंड शिक्षा अधिकारी केके राय घूस मांग रहे थे। उस समय ग्राम प्रधान कलवा से शिकायत कराया।
इसके बाद एंटी करप्शन की टीम ने खंड शिक्षा अधिकारी को दस हजार रुपये घूस लेते हुए गिरफ्तार कर लिया। इसी प्रकार आपूर्ति निरीक्षक प्रभाकर देव को एंटीकरप्शन टीम ने 2007 में पांच हजार रुपये घूस लेते हुए पकड़ लिया था। तहसीलदार राजीव उपाध्याय 2010 में घूस मांग रहे थे।
उस समय शिकायत पर विजलेंस की टीम ने तहसीलदार को मुरादाबाद स्थित होटल में पांच हजार रुपये घूस लेते हुए पकड़ लिया था। आपूर्ति निरीक्षक नरेश कुमार को डिलारी दोराहे पर एंटी करप्शन टीम ने 2015 में चार हजार घूस लेते हुए धर दबोचा। सिपाही शकील 20 जनवरी 2011 में पासपोर्ट बनवाने के नाम पर चार हजार रुपये घूस लिया।
उसे एंटी करप्शन टीम ने पकड़ लिया। जांच में आया कि सिपाही दरोगा महेंद्र पाल के कहने पर डिल्ला चौराहे पर पैसा लेते पकड़ा गया था। महिला दरोगा पिंकी शर्मा ने हशमत को दहेज उत्पीड़न के मामले में वांछित किया था। वह धारा हटाने के लिए घूस मांग रही थी, जबकि इस मामले से उनका कोई संबंध नहीं था। महिला दरोगा अनावश्यक ढंग से उसको परेशान कर रही थी।
डिलारी थाने में महिला दरोगा पांच हजार घूस लेते गिरफ्तार
एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने महिला दरोगा पिंकी शर्मा को पांच हजार रुपये रिश्वत लेेते समय गिरफ्तार कर लिया। थाने में महिला हेल्प डेस्क पर तैनात पिंकी ने दहेज उत्पीड़न और तीन तलाक के एक आरोपी का केस से नाम हटाने के एवज में 25 हजार रुपये मांगे थे।
सोमवार को पहली किस्त लेते समय पिंकी को रंगेहाथ पकड़ लिया गया। एंटी करप्शन ब्यूरो के एसपी मो. फाजिल सिद्दीकी ने बताया कि डिलारी थाना क्षेत्र के गांव बढेरा निवासी किसान हशमत अली ने इस मामले की शिकायत की थी। हशमत अली का कहना था कि केस से उनका नाम हटाने के लिए रिश्वत मांगी जा रही थी।
इस पर टीम ने हशमत अली को तय योजना के अनुसार पांच हजार रुपये के साथ थाने भेजा। हशमत अली ने पांच हजार रुपये देते हुए कहा कि 20 हजार रुपये काम होने के बाद देंगे। महिला दरोगा पिंकी के रकम पकड़ते ही टीम में शामिल हेड कांस्टेबल सीमा खान ने गिरफ्तार कर लिया।
ट्रैप प्रभारी जगदीश यादव की तहरीर पर डिलारी थाने में पिंकी पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत केस दर्ज किया गया है। मंगलवार को पिंकी को बरेली स्थित कोर्ट में पेश किया जाएगा। पिंकी मेरठ के परतापुर की मूल निवासी हैं।