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सेवानिवृत्त आईपीएस गुरबचन लाल से हड़पे 58 लाख रुपये

Moradabad  Bureau मुरादाबाद ब्यूरो
Updated Mon, 21 Feb 2022 12:35 AM IST
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Rs 58 lakh seized from retired IPS Gurbachan Lal
मुरादाबाद। सेवानिवृत्त आईपीएस अधिकारी गुरबचन लाल से निवेश के नाम पर एक कंपनी के निदेशक और अन्य लोगों ने मिलकर 58 लाख रुपये और एक किलो सोना हड़प लिया। इस मामले में अपर पुलिस महानिदेशक (बरेली जोन) के आदेश पर सिविल लाइंस थाने में संबंधित निवेश कंपनी के निदेशक और उनके अन्य लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी सहित अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
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लखनऊ के गोमती नगर विराम खंड निवासी पूर्व आईपीएस अधिकारी गुरबचन लाल ने पुलिस को दी तहरीर में लिखा है कि मुरादाबाद के दीनदयाल नगर स्थित साईं साफ्ट सिक्योरिटी लिमिटेड कंपनी के निदेशक डॉ. मयंक दुबे ने निवेश करने पर अधिक लाभ होने और लाभांश का हिस्सा मिलते रहने की बात कही थी। इस पर कंपनी के डीमैट बैंक खातों में वर्ष 2009 से 2012 तक अलग-अलग तिथियों में अपने खातों व चेक के माध्यम से 58 लाख रुपये का निवेश डॉ. मयंक और उनके प्रबंधकों के माध्यम से किया था। इसके अलावा एक किलो सोना भी निवेश किया था। संबंधित संस्था भारत की एनएसई/यूएसई की पंजीकृत संस्था है और एसईबीआई से भी पंजीकृत है।
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उन्होंने कहा कि निवेश की धनराशि के सभी चेक डॉ. मयंक दुबे ने स्वयं उनसे प्राप्त कर अपनी संस्था में जमा किए हैं। इस धनराशि को आगे हेड फंड में निवेश कर खातों में जून 2013 तक नियमित रूप से जमा भी करता रहा। इस लाभांश राशि पर उनके द्वारा नियमानुसार आयकर का भुगतान भी किया गया है। आरोप है कि जून 2013 के बाद निवेश कंपनी ने अचानक मासिक लाभांश की राशि देना बंद कर दिया। साथ ही उनके द्वारा अर्जित लाभांश को कूटरचित दस्तावेजों के माध्यम से कंपनी के निदेशक अपने व कंपनी के साथियों के खाते में स्थानांतरित करते रहे। मांगने पर पूंजी भी वापस नहीं दी। आरोप है कि जून 2021 तक विभिन्न माध्यमों से डॉ. मयंक दुबे व उनकी कंपनी के साथी लगातार यही बताते रहे कि उनके द्वारा निवेश की गई पूंजी और उस पर अर्जित लाभांश पूर्णतया सुरक्षित है। उसका शीघ्र ही भुगतान कर देंगे।
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सेवानिवृत्त आईपीएस गुरबचन लाल का कहना है कि कंपनी के निदेशक की बातों पर विश्वास किया, लेकिन डॉ. मयंक और उनके साथियों ने उनसे पूरी तरह संपर्क समाप्त कर लिया। इस पर उन्हें अपने साथ हुई धोखाधड़ी का एहसास हुआ। आरोपियों ने उनसे जानबूझकर धोखाधड़ी करके उनकी निवेशित पूंजी और उस पर अर्जित लाभांश को हड़पने और अपनी पहचान छिपाने की नीयत से कहीं बाहर चले गए हैं। गुरबचन लाल ने आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने तथा निवेशित पूंजी व उस पर अब तक का अर्जित लाभांश आरोपियों से वसूल कर उन्हें दिलाने की मांग की है। इंस्पेक्टर सिविल लाइंस ने बताया कि अपर पुलिस महानिदेशक (बरेली जोन) के आदेश पर निवेशित कंपनी साईं साफ्ट सिक्योरिटी के निदेशक डॉ. मयंक व उनकी कंपनी के अन्य अज्ञात अधिकारियों के खिलाफ धोखाधड़ी, कूटरचित समेत समेत कई धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है। जांच में जो तथ्य सामने आएंगे उसके मुताबिक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि गुरबचन लाल सेवानिवृत आईपीएस अधिकारी हैं। मुरादाबाद सहित कई स्थानों पर गुरबचन लाल पुलिस अधिकारी के तौर पर विभिन्न पदों पर तैनात रह चुके हैं।

वर्जन
सिविल लाइंस थाने में पं. दीनदयाल नगर डी-24 निवासी एवं र्साइं साफ्ट सिक्योरिटी लि. के निदेशक डॉ. मयंक दुबे व उनकी कंपनी के अन्य अज्ञात साथियों के खिलाफ निवेश के नाम पर 58 लाख रुपये व एक किलो सोना हड़पने की रिपोर्ट दर्ज की गई है। यह रिपोर्ट लखनऊ पूर्वी के गोमती नगर थाना क्षेत्र के विराम खंड 1/10 निवासी गुरबचन लाल की ओर से दर्ज कराई गई है। साक्ष्य के रूप मेें उन्होंने कुछ प्रपत्र भी पुलिस को उपलब्ध कराए हैं। मामले की जांच की जा रही है। आरोपी से इस संबंध में पूछताछ की जाएगी, जो तथ्य सामने आएंगे उसके मुताबिक कार्रवाई की जाएगी।
सागर जैन, सीओ सिविल लाइंस/एएसपी
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