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अब ग्राउंड में खेलेंगी छात्राएं
ब्यूरो/अमर उजाला/मुरादाबाद
Updated Mon, 23 Jan 2017 03:21 AM IST
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कस्तूरबा गांघी आवासीय बालिका विद्यालय में शिक्षकों से बातचीत करते एसएसपी ।
- फोटो : अमर उजाला
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मुगलपुरा स्थित कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय की सुरक्षा मजबूत की जाएगी। बाउंड्री वॉल बनाने के साथ ही सीसीटीवी कैमरों से नशेड़ी व अपराधियों पर नजर रखी जाएगी। रविवार शाम एसएसपी मनोज तिवारी विद्यालय पहुंचे और उन्होंने कर्मचारी, टीचर और छात्राओं से बातचीत की।
उन्होंने अधीनस्थों को आदेश दिए कि विद्यालय की सुरक्षा में लापरवाही सामने नहीं आनी चाहिए। जबकि विद्यालय के पास चौबीस घंटे पिकेट लगाने के आदेश दिए हैं। मुगलपुरा स्थित कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय में सौ छात्राएं पढ़ रही है।
तमाम सुविधाओं के बावजूद भी छात्राएं खौफ के साए में रहने को मजबूर हैं। विद्यालय के पास ही कुछ ही दूरी पर एक बड़ा मैदान है। इस मैदान में सुबह से लेकर रात तक नशेडी व अपराधी प्रवृत्ति के लोग मौजूद रहते हैं। यहां दिन में भी छात्राएं विद्यालय से बाहर निकलने से डरती हैं।
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ऐसे में दिन ढलते ही मजबूरन छात्राओं को अपने-अपने कमरों में जाना पड़ता है। ‘अमर उजाला’ ने छात्राओं के इस दर्द को प्रमुखता से छपा था। एसएसपी मनोज तिवारी ने खबर पर संज्ञान लिया और रविवार शाम वह अधीनस्थों को लेकर विद्यालय में पहुंच गए। उन्होंने स्टाफ से बात की।
एसएसपी ने खुद महसूस किया कि विद्यालय असुरक्षित है। उन्होंने आदेश दिए हैं कि विद्यालय की बाउंड्री वॉल मजबूत की जाएगी। जबकि सीसीटीवी कैमरों से नशेड़ी व अपराधियों पर नजर रखी जाएगी।
जबकि चौबीस घंटे विद्यालय के पास पिकेट लगाने के आदेश दिए हैं। उन्होंने मुगलपुरा पुलिस को आदेश दिए हैं कि वह रिपोर्ट तैयार करें और उसे प्रशासन को भेजकर बाउंड्री वॉल कराई जाएगी। फिलहाल विद्यालय के चारों तरफ बल्ब लगाकर रोशनी की जाएगी।
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उन्होंने अधीनस्थों को आदेश दिए कि विद्यालय की सुरक्षा में लापरवाही सामने नहीं आनी चाहिए। जबकि विद्यालय के पास चौबीस घंटे पिकेट लगाने के आदेश दिए हैं। मुगलपुरा स्थित कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय में सौ छात्राएं पढ़ रही है।
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तमाम सुविधाओं के बावजूद भी छात्राएं खौफ के साए में रहने को मजबूर हैं। विद्यालय के पास ही कुछ ही दूरी पर एक बड़ा मैदान है। इस मैदान में सुबह से लेकर रात तक नशेडी व अपराधी प्रवृत्ति के लोग मौजूद रहते हैं। यहां दिन में भी छात्राएं विद्यालय से बाहर निकलने से डरती हैं।
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ऐसे में दिन ढलते ही मजबूरन छात्राओं को अपने-अपने कमरों में जाना पड़ता है। ‘अमर उजाला’ ने छात्राओं के इस दर्द को प्रमुखता से छपा था। एसएसपी मनोज तिवारी ने खबर पर संज्ञान लिया और रविवार शाम वह अधीनस्थों को लेकर विद्यालय में पहुंच गए। उन्होंने स्टाफ से बात की।
एसएसपी ने खुद महसूस किया कि विद्यालय असुरक्षित है। उन्होंने आदेश दिए हैं कि विद्यालय की बाउंड्री वॉल मजबूत की जाएगी। जबकि सीसीटीवी कैमरों से नशेड़ी व अपराधियों पर नजर रखी जाएगी।
जबकि चौबीस घंटे विद्यालय के पास पिकेट लगाने के आदेश दिए हैं। उन्होंने मुगलपुरा पुलिस को आदेश दिए हैं कि वह रिपोर्ट तैयार करें और उसे प्रशासन को भेजकर बाउंड्री वॉल कराई जाएगी। फिलहाल विद्यालय के चारों तरफ बल्ब लगाकर रोशनी की जाएगी।