{"_id":"621d18d78df7930300349edc","slug":"mohamad-kurban-alam-reached-morodabad-from-ucrane-moradabad-news-mbd4202470190","type":"story","status":"publish","title_hn":"12 किमी पैदल चला, यूक्रेन के लोगों की सहीं गालियां, तब मिल सकी मंजिल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
12 किमी पैदल चला, यूक्रेन के लोगों की सहीं गालियां, तब मिल सकी मंजिल
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुरादाबाद। यूक्रे न में फंसे जिले के लोगों के आने का सिलसिला शुरू हो गया है। ग्राम गोधी निवासी मोहम्मद कुर्बान आलम भी सोमवार शाम अपने घर पहुंच गया। इस बीच उसने कई उतार चढ़ाव भी देखे। यूक्रेन से रोमानिया एयरपोर्ट तक पहुंचने में उसे न सिर्फ दो दिन लगे, बल्कि 12 किमी पैदल भी चलना पड़ा। यूक्रेन के पलायन करने वाले लोगों की भद्दी-भद्दी गालियां भी सुननी और सहनी पड़ी। लेकिन वह विचलित नहीं हुआ। रोमानिया से वह भारत सरकार की ओर से भेजे गए एयर इंडिया की फ्लाइट से सोमवार सुबह दिल्ली आ गया। शाम करीब पांच बजे वह अपने घर पहुंच गया।
यूक्रेन में पिछले पांच साल से एमबीबीएस की पढ़ाई कर रहे मोहम्मद कुर्बान आलम भी वहां बिगड़े हालात के कारण फंस गया था। उसने भारत आने का प्लान बनाया तो कदम-कदम पर विपरीत परिस्थितियां उसके सामने आईं। कुर्बान ने बताया कि करीब दस दिन पहले से यूक्रेन पर हमले की आशंका जताई जा रही थी। ऐसे में विद्यार्थियों ने कालेज कैंपस में प्रदर्शन कर ऑफलाइन मोड की क्लास को ऑनलाइन करने की मांग की थी। इसके बाद 21 फरवरी से तीन सप्ताह के लिए क्लास ऑनलाइन कर दी गई। इसी बीच रूस ने यूक्रेन के कीव शहर पर हमला कर दिया। कुर्बान ने बताया कि तमाम लोग पोलैंड में जाकर शरण ले रहे थे। लिहाजा उसने व उसके रूम पार्टनर विहार निवासी शुभम कुमार ने भी पोलैंड बार्डर से देश वापसी की योजना बनाई। लेकिन शुभम ने कहा कि वह पहले जाकर वहां के हालात देख ले। फिर वह बताएगा।
विज्ञापन
यूक्रेन में पिछले पांच साल से एमबीबीएस की पढ़ाई कर रहे मोहम्मद कुर्बान आलम भी वहां बिगड़े हालात के कारण फंस गया था। उसने भारत आने का प्लान बनाया तो कदम-कदम पर विपरीत परिस्थितियां उसके सामने आईं। कुर्बान ने बताया कि करीब दस दिन पहले से यूक्रेन पर हमले की आशंका जताई जा रही थी। ऐसे में विद्यार्थियों ने कालेज कैंपस में प्रदर्शन कर ऑफलाइन मोड की क्लास को ऑनलाइन करने की मांग की थी। इसके बाद 21 फरवरी से तीन सप्ताह के लिए क्लास ऑनलाइन कर दी गई। इसी बीच रूस ने यूक्रेन के कीव शहर पर हमला कर दिया। कुर्बान ने बताया कि तमाम लोग पोलैंड में जाकर शरण ले रहे थे। लिहाजा उसने व उसके रूम पार्टनर विहार निवासी शुभम कुमार ने भी पोलैंड बार्डर से देश वापसी की योजना बनाई। लेकिन शुभम ने कहा कि वह पहले जाकर वहां के हालात देख ले। फिर वह बताएगा।
विज्ञापन