मंत्री स्वतंत्र देव सिंह बोले: सोच बदलने से खत्म हो रहीं वंशवाद-जातिवाद वाली पार्टियां, अब होती है राष्ट्रवाद की बात
जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने कहा कि अब वंशवाद और जातिवाद की पार्टियां धीरे-धीरे समाप्त हो रही हैं। अब राष्ट्रवाद की चर्चा होती है। पहले साधु-संतों को टीवी पर चोरी करते हुए दिखाया जाता था। उनका टीवी पर का अपमान होता था।
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योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के विकास के लिए 100 दिन का लक्ष्य निर्धारित किया है। इसी के तहत जमीनी स्तर पर योजनाओं की हकीकत को जानने और कार्यकर्ताओं से संवाद बढ़ाने के लिए बुधवार को मंडल के प्रभारी मंत्री व जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह सर्किट हाउस पहुंचे। उनके साथ बेसिक शिक्षा मंत्री स्वतंत्र प्रभार संदीप सिंह एवं समाज कल्याण राज्य मंत्री संजीव कुमार गौड़ मौजूद रहे।
सर्किट हाउस में भाजपा के पदाधिकारियों के साथ उन्होंने समीक्षा बैठक की। कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि हिंदुस्तान के बारे में विश्व की सोच बदली है। विश्व में देश की हिंदू देश के बारे में नहीं विकासशील देश के बारे में चर्चा होती है। अब अंतिम छोर तक के व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ कैसे देना है, यह हमारा प्रयास होना चाहिए। जातिवाद, क्षेत्रवाद, धर्मवाद की बात न करते हुए सभी जगह विकास कार्य कैसे करवाए जाएं यह हमारा प्रयास है और कार्यकर्ता यही परिवर्तन कर रहे हैं।
सत्ता में मोदी-योगी के आने के बाद समाज में परिवर्तन हो रहा है। अब वंशवाद और जातिवाद की पार्टियां धीरे-धीरे समाप्त हो रही हैं। जो विकास और राष्ट्रवाद की बात करेगा वही आगे बढ़ेगा। अब राजनीति में मुस्लिम तुष्टीकरण की चर्चा नहीं होती है, बल्कि राष्ट्रवाद की चर्चा होती है। पहले साधु-संतों को टीवी पर चोरी करते हुए दिखाया जाता था। उनका टीवी पर का अपमान होता था। बदली हुई सोच की वजह से अब टीवी पर उनका अपमान नहीं होता है। पहले किसान, हिंदुस्तान और साधु संतों के बारे में मनगढ़ंत कहानियां बनती थीं, लेकिन अब उनका सम्मान हो रहा है और यह सोच की वजह से बदलाव है।
सर्किट हाउस में बैठक के बाद कैबिनेट मंत्री स्वतंत्र देव सिंह ने बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह और समाज कल्याण मंत्री संजीव कुमार गौड़ के साथ जिला अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाओं की हकीकत परखी। उन्होंने इमरजेंसी वार्ड और कोविड वार्ड का निरीक्षण किया। मरीजों से उपचार, चिकित्सकों के व्यवहार के बारे में जानकारी ली। इसके साथ ही नर्सों से भी सुविधाओं और उच्च अधिकारियों के बर्ताव संबंधित पूछताछ की। बाद में कोविड वार्ड का निरीक्षण कर वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया।