{"_id":"6649465ef415312f0607d8f4","slug":"if-sonakpur-plan-fails-mda-prepares-to-cross-sahyadri-moradabad-news-c-15-1-mbd1026-403430-2024-05-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Moradabad News: सोनकपुर योजना हुई फेल तो सहयाद्री के जरिए नैया पार लगाने की तैयारी में एमडीए","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Moradabad News: सोनकपुर योजना हुई फेल तो सहयाद्री के जरिए नैया पार लगाने की तैयारी में एमडीए
विज्ञापन
मुरादाबाद। एमडीए की एक दशक से अधिक पुरानी सोनकपुर योजना को नए नाम व नए सिरे से लांच करने की तैयारी चल रही है। मुरादाबाद विकास प्राधिकरण ने संबंधित कॉलोनी को विकसित करने का काम शुरू कर दिया है। चुनाव से पहले योजना का नाम बदल कर सहयाद्री कर दिया गया है, अब चुनाव बाद इसे रियल स्टेट रगुलेटरी अथॉ़रिटी (रेरा) से स्वीकृति के लिए फाइल भेजी जाएगी।
11 साल पहले 50 हेक्टेयर क्षेत्र में बनी इस योजना में आवासीय, व्यावसायिक, नर्सिंग होम, स्कूल आदि के करीब 1600 भूखंड होंगे। इसके आसपास करीब 800 सीटर ऑडिटोरियम सह कन्वेंशन सेंटर की भी स्थापना की योजना है। जिसके लिए उपयुक्त जगह की तलाश एमडीए के अभियंताओं की टीम कर रही है। इसमें आपसी समझौते से 20 गाटों की करीब 25 हेक्टेयर भूमि किसानों से क्रय की गई है साथ ही शेष 25 हेक्टेयर अर्बन सीलिंग भूमि है।
खंडहर में तब्दील होते जा रहे आवासों के भी बहुरेंगे दिन
ग्राम पंचायत सोनकपुर देहात के पास स्थित इस योजना में विभिन्न श्रेणियों के 434 आवास बने हैं। कई पार्कों का भी निर्माण किया गया है, लेकिन वहां तक पहुंचने के लिए बनाए गए रास्ते को लेकर कुछ किसानों से एमडीए का विवाद हो जाने के बाद मामला न्यायालय में जाने से योजना लटक गई। जिसके कारण बने अधिकांश आवासों की खिड़की व दरवाजे गायब हो चुके हैं। पार्क में झाड़ियां उगी हैं। दिसंबर 2023 में एमडीए बोर्ड की हुई बैठक में इसे नए सिरे व नए नाम के साथ विकसित करने के निर्णय के बाद इसे सहयाद्रि योजना का नाम दिया गया। अब लोकसभा चुनाव की आचार संहिता के बाद नए सिरे से लांच करने की तैयारी है।
विज्ञापन
करीब 11 साल पुरानी एमडीए की यह महत्वाकांक्षी योजना कुछ किसानों से विवाद के कारण अभी तक विकसित नहीं हो सकी थी। अब सभी विवाद लगभग निपट चुके हैं। टीम से सर्वे कराकर इसे विकसित किया जा रहा है। खंडहर में तब्दील हो चुके पुराने भवनों की भी मरम्मत कर नया लुक दिया जाएगा। अगले महीने इसे रेरा में स्वीकृत के लिए भेजा जाएगा। वहां से स्वीकृत मिलने के बाद इसे लांच कर दिया जाएगा। - शैलेष कुमार, वीसी एमडीए
-
विज्ञापन
11 साल पहले 50 हेक्टेयर क्षेत्र में बनी इस योजना में आवासीय, व्यावसायिक, नर्सिंग होम, स्कूल आदि के करीब 1600 भूखंड होंगे। इसके आसपास करीब 800 सीटर ऑडिटोरियम सह कन्वेंशन सेंटर की भी स्थापना की योजना है। जिसके लिए उपयुक्त जगह की तलाश एमडीए के अभियंताओं की टीम कर रही है। इसमें आपसी समझौते से 20 गाटों की करीब 25 हेक्टेयर भूमि किसानों से क्रय की गई है साथ ही शेष 25 हेक्टेयर अर्बन सीलिंग भूमि है।
विज्ञापन
खंडहर में तब्दील होते जा रहे आवासों के भी बहुरेंगे दिन
ग्राम पंचायत सोनकपुर देहात के पास स्थित इस योजना में विभिन्न श्रेणियों के 434 आवास बने हैं। कई पार्कों का भी निर्माण किया गया है, लेकिन वहां तक पहुंचने के लिए बनाए गए रास्ते को लेकर कुछ किसानों से एमडीए का विवाद हो जाने के बाद मामला न्यायालय में जाने से योजना लटक गई। जिसके कारण बने अधिकांश आवासों की खिड़की व दरवाजे गायब हो चुके हैं। पार्क में झाड़ियां उगी हैं। दिसंबर 2023 में एमडीए बोर्ड की हुई बैठक में इसे नए सिरे व नए नाम के साथ विकसित करने के निर्णय के बाद इसे सहयाद्रि योजना का नाम दिया गया। अब लोकसभा चुनाव की आचार संहिता के बाद नए सिरे से लांच करने की तैयारी है।
विज्ञापन
करीब 11 साल पुरानी एमडीए की यह महत्वाकांक्षी योजना कुछ किसानों से विवाद के कारण अभी तक विकसित नहीं हो सकी थी। अब सभी विवाद लगभग निपट चुके हैं। टीम से सर्वे कराकर इसे विकसित किया जा रहा है। खंडहर में तब्दील हो चुके पुराने भवनों की भी मरम्मत कर नया लुक दिया जाएगा। अगले महीने इसे रेरा में स्वीकृत के लिए भेजा जाएगा। वहां से स्वीकृत मिलने के बाद इसे लांच कर दिया जाएगा। - शैलेष कुमार, वीसी एमडीए
-