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फर्जी अकाउंट बनाकर एक्सोर्टर की पमेंट हड़पी
ब्यूरो/अमर उजाला/मुरादाबाद
Updated Mon, 18 Jul 2016 12:39 PM IST
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अपराध
- फोटो : demo
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साइबर क्राइम ने एक बार फिर से मुरादाबाद की निर्यात इंडस्ट्री को अपने साए में ले लिया है। हैकर्स ने निर्यातक को अपना शिकार बनाया है। हैकर्स ने उनकी ईमेल आईडी हैक कर बायर्स से पैसा अपने खाते में ट्रांसफर करा लिया। मामला पकड़ में आने के बाद निर्यातक ने एफआईआर दर्ज कराई है।
संभल रोड की फर्म जेड संस का ईमेल अकाउंट हैक कर महत्वपूर्ण जानकारियां जुटा ली। इसके बाद उनकी ईमेल आईडी से मिलती जुलती ईमेल का डोमेन तैयार किया। इसी आईडी से बायर को मेल भेजा गया और बातचीत जारी रही। बायर ने भी डोमेन आईडी पर ध्यान नहीं दिया और हैकर के जाल में फंसकर बातचीत शुरू कर दी। चूंकि हैकर पहले ही जेडसंस की आईडी हैक कर चुके थे। जिसके चलते उनके पास सारी जानकारी थी।
बातचीत के दौरान जब कंटेनर भेज दिया गया और पेमेंट की बारी आई तो हैकर ने उन्हें बहाना बनाकर पेमेंट यूके की बैंक में ट्रांसफर करने के लिए कहा। बायर ने उसके बताए बैंक के खाते में पेमेंट ट्रांसफर कर दी। जब निर्यातक नवेद उर रहमान को इसकी जानकारी हुई तो उन्होंने थाना कटघर में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
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तहरीर में उन्होंने लिखा है कि हैकर ने उनकी कंपनी की मिलती जुलती आईडी बनाकर बायर से बात की। उसने लीड्स इंग्लैंड की हालफैक्स बैंक के खाते में पेमेंट कराया है। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
वहीं इस संबंध में निर्यातक नवेद उर रहमान ने कुछ भी कहने से इनकार कर दिया। कहा कि पुलिस इस मामले की जांच कर रही है। तहरीर में उन्होंने एक ईमेल आईडी का पता दिया है। जिस पर शक जताया है कि जिस व्यक्ति यह ईमेल आईडी है वह इस केस में शामिल है।
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संभल रोड की फर्म जेड संस का ईमेल अकाउंट हैक कर महत्वपूर्ण जानकारियां जुटा ली। इसके बाद उनकी ईमेल आईडी से मिलती जुलती ईमेल का डोमेन तैयार किया। इसी आईडी से बायर को मेल भेजा गया और बातचीत जारी रही। बायर ने भी डोमेन आईडी पर ध्यान नहीं दिया और हैकर के जाल में फंसकर बातचीत शुरू कर दी। चूंकि हैकर पहले ही जेडसंस की आईडी हैक कर चुके थे। जिसके चलते उनके पास सारी जानकारी थी।
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बातचीत के दौरान जब कंटेनर भेज दिया गया और पेमेंट की बारी आई तो हैकर ने उन्हें बहाना बनाकर पेमेंट यूके की बैंक में ट्रांसफर करने के लिए कहा। बायर ने उसके बताए बैंक के खाते में पेमेंट ट्रांसफर कर दी। जब निर्यातक नवेद उर रहमान को इसकी जानकारी हुई तो उन्होंने थाना कटघर में रिपोर्ट दर्ज कराई है।
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तहरीर में उन्होंने लिखा है कि हैकर ने उनकी कंपनी की मिलती जुलती आईडी बनाकर बायर से बात की। उसने लीड्स इंग्लैंड की हालफैक्स बैंक के खाते में पेमेंट कराया है। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
वहीं इस संबंध में निर्यातक नवेद उर रहमान ने कुछ भी कहने से इनकार कर दिया। कहा कि पुलिस इस मामले की जांच कर रही है। तहरीर में उन्होंने एक ईमेल आईडी का पता दिया है। जिस पर शक जताया है कि जिस व्यक्ति यह ईमेल आईडी है वह इस केस में शामिल है।