फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Moradabad News ›   अर्बन सीलिंग घोटाले की विजिलेंस जांच लौटाई

अर्बन सीलिंग घोटाले की विजिलेंस जांच लौटाई

Tue, 03 Jul 2018 02:24 AM IST
Updated Tue, 03 Jul 2018 02:24 AM IST
विज्ञापन
अर्बन सीलिंग घोटाले की विजिलेंस जांच लौटाई
मुरादाबाद।
विज्ञापन

अर्बन सीलिंग भूमि घोटाले में फंसे पूर्व डीएम समेत अन्य अफसरों के खिलाफ हुई विजिलेंस जांच को शासन ने लौटा दिया है। मामले में फिर से जांच करने के निर्देश दिए गए हैं। इस घोटाले में अभी तक एक एई को निलंबित किया किया जा चुका है। अर्बन सीलिंग के स्टेनो, बाबू को चार्जशीट दी जा चुकी है। एडीएम के खिलाफ भी शासन ने आरोप पत्र मांगा है। कमिश्नर राजेश कुमार सिंह की सख्ती के बाद इस मामले में कार्रवाई शुरू हुई थी।

अप्रैल 2016 से मार्च 2017 के बीच महानगर में अर्बन सीलिंग की करीब 68 हजार वर्ग मीटर भूमि पूर्व अफसरों ने ‘बेच’ डाली थी। पूर्व मंडलायुक्त एल वेंकटेश्वर लू के आदेश पर हुई जांच में इस घोटाले का खुलासा हुआ था। घोटाले में शामिल पाए गए पूर्व डीएम, एडीएम सिटी व अन्य अधिकारियों के खिलाफ कमिश्नर ने मुकदमा दर्ज कराने के आदेश दिए थे। लेकिन अभी तक एफआईआर नहीं हो सकी है। मंडलायुक्त राजेश कुमार सिंह की तैनाती के बाद से इस मामले की जांच ने गति पकड़ी। पूर्व अफसरों के सभी आदेश रद्द करके भूमि एमडीए को लौटाई गई। शासन ने मामले की विजिलेंस जांच भी कराई थी। एसपी विजिलेंस ने जांच रिपोर्ट शासन को सौंप दी थी। एडीएम प्रशासन लक्ष्मीशंकर सिंह का कहना है कि विजिलेंस रिपोर्ट शासन ने वापस कर दी है। दोबारा से जांच करके शासन को भेजी जाएगी। उधर, कमिश्नर राजेश सिंह के तबादले के बाद इस मामले के ठंडे बस्ते में जाने की आशंका है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed