{"_id":"5b734cb142c7920668418c4f","slug":"181534282929-moradabad-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"व्यवस्\nथाएं दुरुस्त न होने पर भड़के नोडल अफसर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
व्यवस् थाएं दुरुस्त न होने पर भड़के नोडल अफसर
Updated Wed, 15 Aug 2018 03:12 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुरादाबाद।
जिले के दौरे पर पहुंचे नोडल अधिकारी भुवनेश कुमार मंगलवार सुबह करीब पौने दस बजे अचानक जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय पहुंच गए। कार्यालय परिसर में गंदगी का ढेर देख उखडे़ नोडल अफसर ने डीआईओएस की जमकर क्लास लगाई। उन्हाेंने डीआईओएस को कूड़े के ढेर के पास खड़ा कर लिया और फोटो खिंचवाई। नोडल अफसर के तेवरों से अधिकारियों में खलबली गच गई।
नोडल अधिकारी भुवनेश कुमार डीएम राकेश सिंह और सीडीओ मृदुल चौधरी के साथ मंगलवार को अचानक डीआईओएस दफ्तर पहुुंचे अधिकारी सकते में आ गए। विभाग के एक कक्ष में अलमारी के अंदर और बाहर रखीं फाइलों के खराब रखरखाव पर उन्हाेंने नाराजगी जाहिर की। इसके बाद राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा कार्यक्रम की पत्रावलियों का निरीक्षण किया। नोडल अधिकारी ने वित्तीय वर्ष 2013-14 में नवीन राजकीय हाईस्कूल के निर्माण कार्यों की जानकारी मांगी तो मौजूद बाबू सही जवाब नहीं दे पाए। बाबू को फटकार लगाने के बाद नोडल अफसर ने यही सवाल जिला विद्यालय निरीक्षक से पूछा तो वह भी नहीं बोल पाए। खफा नोडल अधिकारी ने डीएम को कार्रवाई कर सूचना भेजने के निर्देश दिए। इसके बाद वह अचानक डीआईओएस कार्यालय के पिछले हिस्से में पहुंच गए। वहां चारों तरफ गंदगी पसरी थी और कूड़े के ढेर लगे थे। इसे देख भड़के नोडल अधिकारी ने जिला विद्यालय निरीक्षक प्रदीप कुमार द्विवेदी को कूड़े के ढेर के पास खड़ा कर लिया और खुद भी वहीं खड़े होकर फोटो खिंचवाई। सुधार नहीं होने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी देकर वह डिलरा रायपुर गांव चले गए। वहां उन्हाेंनेेेेे प्राइमरी स्कूल के बच्चे से हिंदी की किताब पढ़वाई, लेकिन बच्चा किताब नहीं पढ़ पाया। जूनियर हाईस्कूल में आठवीं के छात्र विज्ञान के सवालों में उलझ गए। उन्होंने नाराजगी व्यक्त करते हुए जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को कार्रवाई के लिए निर्देश दिए। मिड डे मील की गुणवत्ता परखने को उन्हाेंने स्कूल में ही खाना भी खाया।
विज्ञापन
जिले के दौरे पर पहुंचे नोडल अधिकारी भुवनेश कुमार मंगलवार सुबह करीब पौने दस बजे अचानक जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय पहुंच गए। कार्यालय परिसर में गंदगी का ढेर देख उखडे़ नोडल अफसर ने डीआईओएस की जमकर क्लास लगाई। उन्हाेंने डीआईओएस को कूड़े के ढेर के पास खड़ा कर लिया और फोटो खिंचवाई। नोडल अफसर के तेवरों से अधिकारियों में खलबली गच गई।
नोडल अधिकारी भुवनेश कुमार डीएम राकेश सिंह और सीडीओ मृदुल चौधरी के साथ मंगलवार को अचानक डीआईओएस दफ्तर पहुुंचे अधिकारी सकते में आ गए। विभाग के एक कक्ष में अलमारी के अंदर और बाहर रखीं फाइलों के खराब रखरखाव पर उन्हाेंने नाराजगी जाहिर की। इसके बाद राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा कार्यक्रम की पत्रावलियों का निरीक्षण किया। नोडल अधिकारी ने वित्तीय वर्ष 2013-14 में नवीन राजकीय हाईस्कूल के निर्माण कार्यों की जानकारी मांगी तो मौजूद बाबू सही जवाब नहीं दे पाए। बाबू को फटकार लगाने के बाद नोडल अफसर ने यही सवाल जिला विद्यालय निरीक्षक से पूछा तो वह भी नहीं बोल पाए। खफा नोडल अधिकारी ने डीएम को कार्रवाई कर सूचना भेजने के निर्देश दिए। इसके बाद वह अचानक डीआईओएस कार्यालय के पिछले हिस्से में पहुंच गए। वहां चारों तरफ गंदगी पसरी थी और कूड़े के ढेर लगे थे। इसे देख भड़के नोडल अधिकारी ने जिला विद्यालय निरीक्षक प्रदीप कुमार द्विवेदी को कूड़े के ढेर के पास खड़ा कर लिया और खुद भी वहीं खड़े होकर फोटो खिंचवाई। सुधार नहीं होने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी देकर वह डिलरा रायपुर गांव चले गए। वहां उन्हाेंनेेेेे प्राइमरी स्कूल के बच्चे से हिंदी की किताब पढ़वाई, लेकिन बच्चा किताब नहीं पढ़ पाया। जूनियर हाईस्कूल में आठवीं के छात्र विज्ञान के सवालों में उलझ गए। उन्होंने नाराजगी व्यक्त करते हुए जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को कार्रवाई के लिए निर्देश दिए। मिड डे मील की गुणवत्ता परखने को उन्हाेंने स्कूल में ही खाना भी खाया।
विज्ञापन