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जैतपुर पट्टी में महिलाओं ने खेत में चलाया हल
Updated Sat, 21 Jul 2018 01:40 AM IST
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कुंदरकी। मानसूनी बारिश न होने से जन जीवन अस्त व्यस्त है वहीं खेतों में खड़ी फसलें भी सूखने के कगार पर पहुंच चुकी है। अगर ऐसा ही रहा तो हालात ज्यादा खराब हो सकते है। भगवान इंद्रदेव को प्रसन्न करने के लिए जैतपुर पट्टी की महिलाओं ने खेत में हल चलाया और भजन गाए। जल्दी की बारिश की कामना की है।
गौरतलब है कि बरसाती मौसम के दो माह बीतने को है लेकिन मानसूनी बारिश न होने से किसान सबसे ज्यादा चिंतित है क्योंकि भीषण गर्मी पड़ने की वजह से खेतों में खड़ी फसल को इस समय सिंचाई की अधिक जरूरत है। अगर सिंचाई पूरी तरह से नहीं होती है तो फसल सूख भी सकती है। नदी, झील, पोखर, तालाब आदि सभी सूख गए है जिसके चलते जानवरों को भी पीने के लिए पानी का संकट गहरा रहा है। दिन व दिन हालात खराब होते जा रहे है वहीं अब तो सूखे जैसे हालात बन रहे है। बारिश न होने से परेशान कुंदरकी ब्लाक क्षेत्र की ग्राम जैतपुर पट्टी की महिलाएं ने रात के अंधेरे में जंगल में पहुंच गई और भगवान इंद्रदेव की प्रसन्न करने के लिए उन्होंने खेत में हल चलाया। साथ ही भजन-गीत गाए। महिलाओं ने भगवान इंद्रदेव से बारिश की कामना की है।
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गौरतलब है कि बरसाती मौसम के दो माह बीतने को है लेकिन मानसूनी बारिश न होने से किसान सबसे ज्यादा चिंतित है क्योंकि भीषण गर्मी पड़ने की वजह से खेतों में खड़ी फसल को इस समय सिंचाई की अधिक जरूरत है। अगर सिंचाई पूरी तरह से नहीं होती है तो फसल सूख भी सकती है। नदी, झील, पोखर, तालाब आदि सभी सूख गए है जिसके चलते जानवरों को भी पीने के लिए पानी का संकट गहरा रहा है। दिन व दिन हालात खराब होते जा रहे है वहीं अब तो सूखे जैसे हालात बन रहे है। बारिश न होने से परेशान कुंदरकी ब्लाक क्षेत्र की ग्राम जैतपुर पट्टी की महिलाएं ने रात के अंधेरे में जंगल में पहुंच गई और भगवान इंद्रदेव की प्रसन्न करने के लिए उन्होंने खेत में हल चलाया। साथ ही भजन-गीत गाए। महिलाओं ने भगवान इंद्रदेव से बारिश की कामना की है।
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