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जर्जर मकान वालों को जारी किए जा रहे नोटिस
Updated Sun, 29 Jul 2018 02:40 AM IST
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मुरादाबाद। बरसात में जर्जर मकानों के गिरने का सिलसिला शुरू हो गया है। कई जिलों में मकान गिरने से धन-जन हानि हो चुकी है। इसके चलते प्रशासन ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। जर्जर मकानों की सूची तैयार कराई जा रही है। निगम अफसरों ने जर्जर मकानों के मालिकों को नोटिस जारी करना शुरू कर दिया है।
बारिश के चलते सूबे के कई जिलों में मकान गिरने की बड़ी घटनाएं हुई हैं। इसके चलते शासन ने जर्जर मकानों की सूची तैयार कर सुरक्षा के उपाय कराने के आदेश दिए हैं। जिले में इसकी कमान एडीएम ने संभाली है। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी और नगर निगम में निर्माण विभाग के अधिकारी इसकी कमान संभाले हैं। प्रशासन ने जर्जर मकानों की सूची तैयार कर उनको नोटिस जारी करने शुरू कर दिए हैं। जर्जर मकानों में रहने वाले परिवारों को सुरक्षित आवासों में पहुंचने के लिए कहा जाएगा। यदि किसी के पास सुरक्षित आवास नहीं है तो उनको शेल्टर होम में आश्रय दिया जाएगा।
नगर निगम के चीफ इंजीनियर सुनील कुमार केसरी ने बताया कि महानगर में 70 लोगों को नोटिस जारी किए जा चुके हैं। इनको सुरक्षित आवास का चयन कर शिफ्ट होने को कहा गया है। इनकी सामाजिक प्रतिष्ठा के चलते शुरूआत में नाम-पता गुप्त रखा जा रहा है। यदि नोटिस के बाद यह स्वत: सुरक्षित स्थान पर नहीं गए तो इनकी पहचान सार्वजनिक करने के साथ ही निगम जर्जर मकानों को गिरवा देगा।
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बारिश के चलते सूबे के कई जिलों में मकान गिरने की बड़ी घटनाएं हुई हैं। इसके चलते शासन ने जर्जर मकानों की सूची तैयार कर सुरक्षा के उपाय कराने के आदेश दिए हैं। जिले में इसकी कमान एडीएम ने संभाली है। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी और नगर निगम में निर्माण विभाग के अधिकारी इसकी कमान संभाले हैं। प्रशासन ने जर्जर मकानों की सूची तैयार कर उनको नोटिस जारी करने शुरू कर दिए हैं। जर्जर मकानों में रहने वाले परिवारों को सुरक्षित आवासों में पहुंचने के लिए कहा जाएगा। यदि किसी के पास सुरक्षित आवास नहीं है तो उनको शेल्टर होम में आश्रय दिया जाएगा।
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नगर निगम के चीफ इंजीनियर सुनील कुमार केसरी ने बताया कि महानगर में 70 लोगों को नोटिस जारी किए जा चुके हैं। इनको सुरक्षित आवास का चयन कर शिफ्ट होने को कहा गया है। इनकी सामाजिक प्रतिष्ठा के चलते शुरूआत में नाम-पता गुप्त रखा जा रहा है। यदि नोटिस के बाद यह स्वत: सुरक्षित स्थान पर नहीं गए तो इनकी पहचान सार्वजनिक करने के साथ ही निगम जर्जर मकानों को गिरवा देगा।
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