{"_id":"62ab7e69d45d9525756c35a8","slug":"the-school-was-buzzing-with-children-playing-laughing-mirzapur-news-vns6592776126","type":"story","status":"publish","title_hn":"हंसते खेलते बच्चों से स्कूल हुए गुलजार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हंसते खेलते बच्चों से स्कूल हुए गुलजार
विज्ञापन
बृहस्पतिवार से जिले के परिषदीय विद्यालय खुल गए। हालांकि पहले दिन स्कूलों में उपस्थिति कम रही। फिर भी जो बच्चे आए थे, वे कक्षाओं में बैठे। अध्यापकों ने उनका स्वागत किया और उसके बाद पढ़ाई का दौर शुरू हुआ। हालांकि पहले दिन अध्यापक भी बच्चों को नसीहतें देते ही दिखाई दिए। जो पुरानी पुस्तकें विद्यालय में रखी हुई थीं, उसी से पठन-पाठन हुआ। नगर के कई विद्यालयों में बच्चों की उपस्थिति अच्छी रही। दोपहर 12:30 बजे बच्चों की छुट्टी हुई, लेकिन अध्यापकों व अन्य स्टाफ की ड्यूटी 1:30 बजे तक बताई गई है।
परिषदीय विद्यालयों में एक अप्रैल से सत्रारंभ के बाद 20 मई तक पठन-पाठन हुआ था। उसके बाद ग्रीष्मावकाश हो गया। बच्चे भी अपने ननिहाल व अन्य जगहों पर छुट्टियां मनाने चले गए। उसके बाद बृहस्पतिवार को विद्यालय पुन: पढ़ाई के लिए खोल दिए गए। विद्यालय खुलने पर इंद्रदेव ने भी बच्चों को अपना आशीर्वाद दिया। कई दिनों से भीषण गर्मी पड़ रही थी, लेकिन बृहस्पतिवार को सुबह से ही आकाश में बादल छाए रहे। इसलिए बच्चों को विद्यालय जाने में कोई परेशानी नहीं हुई। सुबह 10 बजे के करीब बारिश भी होने लगी। पहला दिन बच्चों का विद्यालय में हंसते खेलते बीता। उधर, पहले दिन अधिकांश विद्यालयों में बच्चों की उपस्थिति काफी कम रही। हालांकि शिक्षकों की उपस्थिति सामान्य रही। बीएसए, सभी खंड शिक्षाधिकारी व टास्क फोर्स के लोगों ने विद्यालयों का निरीक्षण किया। बीएसए गौतम प्रसाद ने कहा कि इस बार नए बच्चों का नामांकन लक्ष्य के अनुरूप हुआ है। बच्चों की उपस्थिति सामान्य रही। विद्यालयों में पठन- पाठन सामान्य रूप से हुआ।
विज्ञापन
परिषदीय विद्यालयों में एक अप्रैल से सत्रारंभ के बाद 20 मई तक पठन-पाठन हुआ था। उसके बाद ग्रीष्मावकाश हो गया। बच्चे भी अपने ननिहाल व अन्य जगहों पर छुट्टियां मनाने चले गए। उसके बाद बृहस्पतिवार को विद्यालय पुन: पढ़ाई के लिए खोल दिए गए। विद्यालय खुलने पर इंद्रदेव ने भी बच्चों को अपना आशीर्वाद दिया। कई दिनों से भीषण गर्मी पड़ रही थी, लेकिन बृहस्पतिवार को सुबह से ही आकाश में बादल छाए रहे। इसलिए बच्चों को विद्यालय जाने में कोई परेशानी नहीं हुई। सुबह 10 बजे के करीब बारिश भी होने लगी। पहला दिन बच्चों का विद्यालय में हंसते खेलते बीता। उधर, पहले दिन अधिकांश विद्यालयों में बच्चों की उपस्थिति काफी कम रही। हालांकि शिक्षकों की उपस्थिति सामान्य रही। बीएसए, सभी खंड शिक्षाधिकारी व टास्क फोर्स के लोगों ने विद्यालयों का निरीक्षण किया। बीएसए गौतम प्रसाद ने कहा कि इस बार नए बच्चों का नामांकन लक्ष्य के अनुरूप हुआ है। बच्चों की उपस्थिति सामान्य रही। विद्यालयों में पठन- पाठन सामान्य रूप से हुआ।
विज्ञापन